जोहड़ जी मेले से लौटी पंजाब की संगत…..आज से पहाड़ी संगत का मेला शुरू
पट्टा मेहलोग, 6 अप्रैल (तारा) : बद्दी उपमंडल क्षेत्र के जोहड़ जी साहिब में पिछले एक सप्ताह से चल रहे धार्मिक मेले में पंजाब व अन्य मैदानी इलाकों से आए श्रद्धालु अपने अपने गंतव्य की ओर वापिस लौटने लगे हैं। जानकारी के मुताबिक मेले के पहले सप्ताह में हजारों श्रधालुओं ने गुरुद्वारा स्थल पर पूरी आस्था के साथ शीश नवाया व झंडा चढ़ाने की रस्म के साथ पावन जोहड़ जी की परिक्रमा की। वहीं रात्रि में पंजाब से आए अनेक धार्मिक कलाकारों ने शब्द कीर्तन कर माहौल को भक्तिमय बनाया और देर रात तक श्रद्धालुओं ने अपनी हाजरी लगाई।
विदित हो कि जोहड़ जी में सैंकड़ों वर्ष पूर्व गुरुनानक देव जी की फतह की याद में हर तीसरे साल लगने वाला यह धार्मिक मेला दो अप्रैल से शुरू हो चुका है। दो सप्ताह तक चलने वाले इस विशाल मेले में प्रथम सप्ताह के दौरान देशी संगत का व दूसरे सप्ताह में पहाड़ी संगत शिरकत करती है। यहां का मुख्य आकर्षण पावन जोहड़ जी की परिक्रमा कर झंडा चढ़ाना व दैनिक आरती है। मान्यता है कि श्रद्धालु अपनी मन्नत पूरी होने पर बैंड बाजे के साथ गुरुद्वारे के निकट जोहड़ जी की परिक्रमा करते हैं। इसके बाद एक पीपल के वृक्ष के पास बनी चौकी पर झंडा चढ़ाते है। वहीं सुबह व शाम को विभिन्न घंटियों की गूंज के साथ लंबे समय तक आरती की जाती है जिसमे पूरी संगत भाग लेती है।यहां पर अटूट लंगर की व्यवस्था है जो वर्षों से चली आ रही है। शाम को यहां लंगर के रूप में खीचड़ परोसा जाता है इसके साथ ही अब नए नए व्यंजन व फल भी परोसे जाते है। जोहड़ जी में आने वाले भक्तों को कमेटी की ओर से पीले रंग के सिरोपे भेंट किए जाते है,जिससे श्रद्धालु अपना सिर ढंकते है।मेला स्थल पर कानून व्यवस्था के लिए थाना प्रभारी कसौली गोपाल ठाकुर व कुठाड़ चौकी से सहायक निरीक्षक संजीव कुमार व अन्य पुलिस व होमगार्ड बल तथा स्वास्थ्य विभाग की टीम निरंतर अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। जोहड़जी के सेवादार जिया लाल, राम लाल ठाकुर व समाजसेवी रमेश रघुवंशी ने बताया कि पिछले कई वर्षोँ के बाद इस वर्ष मेले में अधिक संख्या में श्रद्धालु पहुंचे है। दूसरे राज्यों से आई संगत रविवार रात से ही वापिस लोटनी शुरू हो गई है। संगत के लिए जोहड़जी,चंडी
पट्टा मेहलोग, हरीपुर व खरूनी में लंगर की विशेष व्यवस्था श्रद्धालु दानी सज्जनों द्वारा की गई है। सोमवार से वैशाखी तक नालागढ़, दून व पहाड़ी इलाकों की संगत बाबा जोहड़जी में दर्शनार्थ व शीश नवाने आएगी।
फोटो केप्शन :
1. जोहड़जी का विहंगम दृश्य
2. खरूनी में वापसी पर भंडारा ग्रहण करती पंजाब की संगत
