धारा 118 के सरलीकरण के बहाने प्रदेश हितों को बेचना चाहती है सरकार : जयराम ठाकुर

by

सुक्खू सरकार को हिमाचल के हितों को दांव पर नहीं लगाने देगी भाजपा

माफिया और मित्र मंडली के हितों को ध्यान में रखकर 118 से छेड़छाड़ करना चाहते हैं मुख्यमंत्री

बड़सर में लोगों से बिना मिले छुपकर गए मुख्यमंत्री

तीन साल में अस्पताल की एक ईंट भी नहीं रखवा पाए

एएम नाथ। शिमला
शिमला से जारी बयान में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि धारा 118 में सरलीकरण के नाम पर किसी प्रकार की छेड़छाड़ भाजपा बर्दाश्त नहीं करेगी। सुक्खू सरकार धारा 118 के नियमों में ढील देकर अपने खास लोगोंको फायदा पहुंचाना चाहती है। यह किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। व्यवस्था परिवर्तन वाली सुख की सरकार सत्ता संभालने के पहले दिन से ही प्रदेश की संपत्तियों और हितों को अपने व्यापारी मित्रों को देने के लिए तत्पर दिख रही है। मुख्यमंत्री अब भ्रष्ट अधिकारियों और माफियाओं के हाथ की कठपुतली बन चुके हैं। पहले माफिया के दबाव में आकर सट्टा और जुआ को कानूनी बनाया और अब प्रदेश के हितों का सट्टा लगा रहे हैं। सत्ता में आने के साथ ही मुख्यमंत्री ने प्रदेश की विरासत और सांस्कृतिक धरोहर को नीलाम करने का बीड़ा उठाया हुआ है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि भाजपा के तमाम विरोधों के बावजूद सरकार ने सबसे पहले धार्मिक संगठनों को हिमाचल प्रदेश काश्तकारी एवं भूमि सुधार अधिनियम 1972 की धारा 118 में छूट दे दी कि वह जमीन बेच सकते हैं। हमने विधानसभा में भी इसका विरोध किया साथ ही सरकार को आगाह किया कि जिस रास्ते पर वह चल रही है वह कहीं से भी प्रदेश के लिए हितकारी नहीं है और यदि हमने एक बार रास्ता खोल दिया तो फिर कोई ना कोई रास्ता यह सरकार प्रदेश के हितों को नीलाम करने के लिए निकालती रहेगी। अब फिर मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि हम धारा 118 के नियमों का सरलीकरण करेंगे। लेकिन अपने मित्र मंडली और व्यापारी मित्रों के हितों के लिए मुख्यमंत्री ने हमेशा प्रदेश के हितों की अनदेखी की है। धारा 118 की बंदिशों में सरलीकरण को लेकर उनका रुख हमेशा प्रदेश के हितों की खिलाफ रहा है। प्रदेश की संपत्तियां बेचना उनका सबसे प्रिय शगल बन गयाहै।
जयराम ठाकुर ने कहा कि इसके पहले वह पालमपुर कृषि विश्वविद्यालय 40 हेक्टेयर से ज्यादा भूमि अपने व्यापारी मित्रों को बेच चुके हैं। सरकार के इस कृत्य का भी हमने विरोध किया था। न्यायालय के दखल के बाद सरकार की इस डील पर फिलहाल विराम लगा है। प्रदेश के 20 से ज्यादा होटल इसी तरह से सरकार ने अपने मित्रों को बेचने की फुल प्रूफ प्लानिंग की है। प्रदेश में चल रहे उद्योगों से वसूली का ठेका इस सरकार ने अपने माफिया मित्रों को पहले ही दे रखा है। धुंआधार अवैध खनन के ज़रि प्रदेश के संसाधनों पर डकैती करने का अधिकार सरकार ने पहले ही अपने खास लोगों को दे रखा है। प्रदेश के संसाधनों का विदोहन हिमाचल प्रदेश को लोगों के हितों के लिए पर्यावरण की सुरक्षा करते हुए होना चाहिए, मित्रों के भले के लिए नहीं। हम सरकार और मुख्यमंत्री को यह बताना चाहते हैं कि भारतीय जनता पार्टी हिमाचल और हिमाचलियत की की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि हम धारा 118 में लेस मात्र की छेड़छाड़ भी बर्दाश्त नहीं करेंगे। मुख्यमंत्री धारा 118 को छूने की कोशिश भी न करें। नहीं तो हम सड़कों पर उतरने से चूकेंगे नहीं।
जयराम ठाकुर ने कहा कि बड़सर पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में मुख्यमंत्री ने जाने का कार्यक्रम पहले से रखा था। उनके नेताओं ने स्थानीय लोगों को सीएम से मिलवाने के लिए सैकड़ों लोगों को बुला रखा था। लेकिन लोगों की भारी संख्या देखकर मुख्यमंत्री उनसे मिलने के बजाय सीधे शिमला निकल गए? सैकड़ों की संख्या में वहां बुजुर्ग लोग भी आए थे। वहाँ उनका इंतज़ार दिव्यांग भी कर रहे थे लेकिन सीएम साहब को उनकी न तो फ़रियाद सुननी थी और न ही उनके किसी सवाल का जवाब देना था। वहाँ जो भी बुज़ुर्ग और दिव्यांग आए थे उनका सरकार से यही सवाल था कि उनकी क्यों पेंशन बंद है, क्यों नहीं आ रही है। उनकी सहारा पेंशन क्यों नहीं आ रही है? मुख्यमंत्री भले ही उनसे मिले बिना चले गए लेकिन उनके सवाल सरकार का पीछा नहीं छोड़ेंगे। मुख्यमंत्री बताएं कि लोगों को वृद्धा पेंशन क्यों नहीं मिल रही समय से? लोगों की सहारा पेंशन छीनकर उन्हें बेसहारा क्यों बनाया गया है?
जयराम ठाकुर ने कहा कि सीएम साहब तीन साल में तीन बार बड़सर सिविल अस्पताल को 100 बेड का अस्पताल बनाने की घोषणा कर चुके हैं। सड़क से लेकर सदन और भाषण से लेकर बजट में भी ऐलान किया है लेकिन तीन साल में उस अस्पताल में एक नई ईंट भी नहीं रखवा पाए हैं? तीन साल में उन्होंने बड़सर में संस्थाओं को बंद करने का शतक लगाया है। आज जो संस्थाएं उन्होंने लोकार्पित की हैं सब के सब भाजपा सरकार के समय में शुरू हुई और परवान चढ़ी। अगर इस सरकार का उसके कोई योगदान है तो उसमें अड़ंगे लगाने और उसे पूरा करने में देरी करने है।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
समाचार , हिमाचल प्रदेश

कांग्रेस सरकार का दो साल का जश्न : मुख्यमंत्री ने 6 नई योजनाओं का किया शुभारंभ

विभिन्न योजनाओं के तहत लाभार्थियों को वित्तीय लाभ वितरित किए रोहित जसवाल। बिलासपुर :  मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज जिला बिलासपुर के लुहणू मैदान में प्रदेश सरकार के दो वर्ष का कार्यकाल...
article-image
हिमाचल प्रदेश

आजादी के बाद पहली बार गांव पहुंचेगी सड़क : 300 लोगों का सपना होगा पूरा, खत्म होगी 6 किमी की पैदल चढ़ाई

पांगी घाटी के दुर्गम गांव कुलाल के लोगों की बरसों पुरानी मुराद होने जा रही पूरी एएम नाथ। पांगी (चम्बा) : हिमाचल प्रदेश के जनजातीय क्षेत्र पांगी की ग्राम पंचायत मिंधल के कुलाल गांव...
article-image
हिमाचल प्रदेश

मेडिकल कॉलेजों और सुपर स्पेशियलिटी संस्थानों के आधुनिकीकरण के लिए 1617 करोड़ रुपये किए स्वीकृत

एएम नाथ। शिमला : प्रदेशभर में सुलभ एवं उच्च गुणवत्तापूर्ण वाली स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने 3,000 करोड़ रुपये की व्यापक स्वास्थ्य आधुनिकीकरण पहल के प्रथम चरण में 1,617...
article-image
हिमाचल प्रदेश

बल्देयां और मशोबरा के मतदान केन्द्रों का जिला निर्वाचन अधिकारी आदित्य नेगी ने किया निरीक्षण

शिमला, 04 नवम्बर – जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आज 62-कसुम्पटी विधानसभा चुनाव क्षेत्र के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बल्देयां एवं राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मशोबरा के मतदान केन्द्रों...
Translate »
error: Content is protected !!