राज्य में नीली क्रान्ति का हो रहा आगाज : 2022-23 में 17,000 मीट्रिक टन मछली उत्पादन दर्ज

by
एएम नाथ। शिमला :  देश में ‘फल राज्य’ के रूप में अपनी पहचान कायम करने वाले हिमाचल प्रदेश में अब ‘नीली क्रान्ति’ से किसानों के जीवन में समृद्धि आ रही है। वर्तमान राज्य सरकार ने ‘व्यवस्था परिवर्तन’ के ध्येय के साथ अनेक क्षेत्रों में नवाचार प्रयास किए और मत्स्य क्षेत्र में इन प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। मछली पालकों के लिए प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री कार्प मत्स्य पालन योजना वरदान साबित हो रही है।
युवाओं को गांव में ही स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से वर्ष 2024-25 में शुरू की गई इस योजना ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान की है।
राज्य में वर्ष 2022-23 में 17,000 मीट्रिक टन मछली उत्पादन दर्ज किया गया था। वर्ष 2024-25 में यह बढ़कर लगभग 19,000 मीट्रिक टन हो गया है। गोविंद सागर, पोंग डैम और कोल डैम जैसे जलाशयों में बढ़ते मछली उत्पादन ने यह साबित किया है कि आधुनिक प्रबंधन और लोगों की भागीदारी से गांवों में ही स्वरोजगार के अवसर सृजित किए जा सकते हैं। वर्तमान में यह योजना बिलासपुर, मंडी, ऊना, हमीरपुर, कांगड़ा, सिरमौर और चंबा में लागू की जा रही है। योजना के तहत एक विस्तृत भौगोलिक क्षेत्र को लाया गया है जिससे मत्स्य क्षेत्र में संतुलित क्षेत्रीय विकास सुनिश्चित हो रहा है।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू का कहना है कि युवाओं को आत्मनिर्भर बनाकर प्रदेश की विकास यात्रा में उन्हें साझेदार बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री कार्प मत्स्य पालन योजना के तहत युवाओं को कार्प मछली पालन के लिए 12.40 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर इकाई लागत तय की गई है, जिसके लिए सरकार द्वारा 80 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है। इससे छोटे और सीमांत मछली पालकों का आर्थिक बोझ कम हो रहा है।
योजना के तहत छोटे मछली पालकों के 500 वर्ग मीटर की इकाई के लिए भी सरकार द्वारा वित्तीय सहायता दी जाती है। मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश सरकार आधुनिक बू्रड बैंक भी स्थापित कर रही है। जिला सोलन के नालागढ़ में कार्प मछली ब्रूड बैंक और पतलीकूहल में ट्राउट मछली बू्रड बैंक स्थापित किए जा रहे हैं। प्रत्येक ब्रूड बैंक को लगभग पांच करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से स्थापित किया जा रहा है। इससे किसानों को अच्छी गुणवत्ता के बीज मिलेंगे। वित्त वर्ष 2025-26 में भी इस योजना के तहत 5 हेक्टेयर क्षेत्र में नए मछली तालाब बनाए जा रहे हैं, जिसके लिए 50 लाख रुपये का बजट रखा गया है।
मुख्यमंत्री का कहना है कि प्रदेश सरकार गांव-देहात में ही लोगों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध करवा कर उनके जीवन में खुशहाली ला रही है। सरकार की मुख्यमंत्री कार्प मत्स्य पालन योजना से राज्य में मत्स्य क्रान्ति आ रही है जिससे मछली पालन से जुड़े 20,000 से अधिक परिवारों का भविष्य उज्ज्वल हो रहा है।
Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
समाचार , हिमाचल प्रदेश

लाहौल पहुंचे नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, आपदा प्रभावितों से मिलकर बांटा दु:ख-दर्द…लाहौल घाटी के लोग मुश्किल में, आपदा से सरकार बेखबर : जयराम ठाकुर

सड़कें बंद होने से सड़ गईं सब्जियां, महामारी के संभावित खतरे से जूझ रहे घाटी के लोग आज सरकार मदद नहीं कर रही तो कागज संभाल कर रहे, भाजपा सरकार मदद का रास्ता निकालेगी...
article-image
हिमाचल प्रदेश

देहरा में मुख्यमंत्री सुक्खू ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया तथा राज्य पुलिस, गृह रक्षक, एनसीसी, एनएसएस की टुकड़ियों की सलामी ली :75 वर्ष और इससे अधिक आयु के पेंशनरों को इसी वित्तीय वर्ष में एरियर का भुगतान करने की घोषणा की

मुख्यमंत्री ने देहरा में 78वें राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह की अध्यक्षता की देहरा को अधीक्षण अभियंता कार्यालय और खण्ड चिकित्सा कार्यालय की सौगात राकेश शर्मा : देहरा/तलवाड़ा प्रदेश में 78वां स्वतंत्रता दिवस पूर्ण...
article-image
दिल्ली , पंजाब , राष्ट्रीय , समाचार , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मोहाली के मुल्लांपुर में होमी भाभा कैंसर हॉस्पिटल एवं रिसर्च सेंटर का उद्घाटन

चंडीगढ़। 24 अगस्त : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मोहाली के मुल्लांपुर में होमी भाभा कैंसर हॉस्पिटल एवं रिसर्च सेंटर का उद्घाटन किया। उनके साथ पंजाब के सीएम भगवंत मान भी मौजूद रहे। इसके बाद...
article-image
हिमाचल प्रदेश

गुरुकुल विद्यापीठ पब्लिक स्कूल बद्दी में उत्साह और धूमधाम से मनाया विश्व पर्यावरण दिवस

बीबीएन, 5 जून (तारा) : गुरुकुल विद्यापीठ पब्लिक स्कूल, जुड़ीकला (बद्दी) में विश्व पर्यावरण दिवस बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय के विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और पर्यावरण...
Translate »
error: Content is protected !!