डिप्टी कमिश्नर ने मासिक बैठक में अलग-अलग विभागों के कार्यो की समीक्षा की
स्वास्थ्य, शिक्षा, रोड सेफ्टी कमेटी के कार्यों का लिया जायजा
समग्रा शिक्षा अभियान, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, स्मार्ट राशन कार्ड, स्मार्ट विलेज कैंपेन, जल जीवन मिशन व स्वच्छ भारत अभियान की प्रगति की जानकारी की हासिल
होशियारपुर, 25 फरवरी : डिप्टी कमिश्नर आशिका जैन ने आज जिले में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी पात्र व्यक्तियों तक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने और कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया। जिला प्रशासकीय कांप्लेक्स में विभिन्न विभागों की बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने विभाग प्रमुखों से उनके कामकाज की जानकारी भी हासिल की। इस दौरान एनकार्ड की बैठक को संबोधित करते हुए डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि जिला पुलिस की ओर से जनवरी 2026 में एन.डी.पी.एस के अंतर्गत 117 मामले दर्ज किए गए और 146 आरोपी गिरफ्तार किए गए। इसी तरह पुलिस की ओर से जिले में नशा जागरुकता संबंधी 134 बैठकें की गई। डिप्टी कमिश्नर ने इस दौरान एनकार्ड की बैठक को संबोधित करते हुए जिले में नशे के खात्मे के लिए सभी विभाग एकजुटता से कार्य करें ताकि समाज में फैले इस जहर को जड़ से खत्म किया जा सके। उन्होंने स्कूल शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य, ड्रग कंट्रोलर, आबकारी व कराधान, पुलिस विभाग के अलावा अन्य सभी विभागों को निर्देश दिए कि वे अपने स्तर पर नशे को रोकने संबंधी हर जरुरी कार्रवाई अमल में लाएं।
इस दौरान जिला रोड सेफ्टी की बैठक के दौरान आर.टी.ओ अमनदीप कौर घुम्मण ने डिप्टी कमिश्नर को जानकारी देते हुए बताया कि ट्रैफिक एजुकेशन सेल की ओर से जनवरी माह में 81 ट्रैफिक जागरुकता कैंप लगाए। उन्होंने बताया कि सेफ स्कूल वाहन स्कीम के अंतर्गत जनवरी 2026 के दौरान करीब 140 स्कूल बसों की चैकिंग की गई और नियमों का उल्लंघन करने वाली 19 बसों का चालान किया गया। उन्होंने बताया कि पुलिस विभाग की ओऱ से इनफोर्समेंट करते हुए अलग-अलग धाराओं के तहत जनवरी माह में 6344 चालान किए, जिनमें से मौके पर ही 631 चालान भुगतान करते हुए 390500 रुपए जुर्माना वसूला गया।
डिप्टी कमिश्नर ने स्वास्थ्य विभाग के अलग-अलग प्रोग्राम अधिकारियों से स्वास्थ्य प्रोग्रामों का जायजा लिया व उनके लक्ष्यों को पूरा करने की हिदायत की गई। उनकी ओर से वैक्टर बोर्न व वाटर बोर्न बीमारियों की रोकथाम के लिए की जा रही गतिविधियों की भी समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाई जा रही अलग-अलग योजनाओं का जायजा लेते हुए हिदायत की कि जिला वासियों को सुचारु ढंग से स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाई जाएं। उन्होंने कहा कि संबंधित योजनाओं के बारे में जनता को जागरु क करना भी बहुत जरुरी है, क्योंकि जागरुकता से ही इन योजनाओं का लाभ ले सकते हैं। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं की डिलिवरी अधिक से अधिक सरकारी अस्पतालों में करवाने के लिए गतिविधियां और तेज की जाएं। उन्होंने कहा कि डिलिवरी के दौरान बी.पी.एल परिवारों से संबंधित महिलाओं को दी जाने वाली वित्तिय सहायता भी सुचारु ढंग से दी जाए। उन्होंने ड्रग एंड कास्मैटिक एक्ट के अंतर्गत मैडिकल स्टोरों की जांच यकीनी बनाने के निर्देश देते हुए कहा कि अनियमितता सामने आने पर सख्त एक्शन लिया जाए। उन्होंने कहा कि टी.बी. की बीमारी संबंधी भी अधिक से अधिक जागरुकता फैलाई जाए व ऐसे मरीज सामने आने पर उनका फौरी इलाज किया जाए।
डिप्टी कमिश्नर आशिका जैन ने स्कूल शिक्षा विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि जिले के विद्यार्थियों को गुणात्मक व उम्दा स्तर की शिक्षा देने के लिए चुने गए स्कूल ऑफ एमीनेंस की कार्यशैली के बारे में जानकारी हासिल की। इस दौरान उन्होंने मिड-डे-मील के अंतर्गत दिए जा रहे खाने की गुणवत्ता बरकरार रखने की हिदायत भी की। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग स्कूलों में बाथरुमों व कमरों की साफ-सफाई के अलावा अन्य सुविधाएं भी यकीनी बनाएं, ताकि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए अच्छा माहौल दिया जा सके। इस दौरान उन्होंने समग्रा शिक्षा अभियान व स्कूल शिक्षा विभाग के अन्य प्रोग्राम के बारे में भी जानकारी हासिल की। इसके अलावा उन्होंने कंडी के गांवों में इंटरनेट टावर, एक्ससर्विस मैनों की समस्याओं, जिला वातावरण कमेटी, यू.ई.आई.पी, पी.एम.ए.वाई, स्वच्छ भारत मिशन, बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, स्मार्ट राशन कार्ड, स्मार्ट विलेज कैंपेन, जल जीवन मिशन आदि प्रोग्रामों की भी समीक्षा की।
इस मौके पर अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (विकास) निकास कुमार, एस.डी.एम मुकेरियां ओएशी मंडल, एस.डी.एम दसूहा कंवलजीत सिंह, सहायक कमिश्नर गुरप्रीत कौर के अलावा अन्य विभागों के अधिकारी भी मौजूद थे।
