होशियारपुर/ दलजीत अजनोहा : पूर्व कैबिनेट मंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता तीक्ष्ण सूद द्वारा जारी प्रेस नोट में मुख्यमंत्री भगवंत मान द्वारा वेरका दुग्ध पदार्थों की कीमते घटाए जाने की घोषणा को गुमराहपूर्ण बताते हुए कहा कि जब से आम आदमी पार्टी की सरकार पंजाब में बनी हैं उस ने पंजाब तथा पंजाबवासियों के लिए कुछ भी नहीं किया। पिछले दिनों पंजाब में आई भीषन बाढ़ के मामले में भी मान सरकार द्वारा स्वयं कोई राहत देने की बजाए केंद्र सरकार को बेबजह कटघरे में खड़े करने की कोशिश की गई , परन्तु मान सरकार को भारी निमोशी का सामना करना पड़ा , जब यह तथ्य सामने आये कि केंद्र द्वारा भेजा गया आपदा निवारण फण्ड का 12 हजार करोड़ रुपए पहले ही पंजाब सर्कार के पास हैं तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वयं बाढ़ से निपटने के लिए 1600 करोड़ रुपए की और राशि भी भेज दी । जीएसटी (2) कॉल में खाने-पीने की बहुत सी वस्तुओं को केंद्र सरकार ने जीएसटी की दरों में भारी कमी करके उन्हें शून्य या 5 % कर दिया हैं , जिससे सुभाविक तौर पर दुग्ध पदार्थों की कीमतों में कमी हो जाएगी। नए जीएसटी दरों के अनुसार पनीर, दही, छाछ आदि पर 18 % से घटा कर 5 % कर दी गई तथा घी, मख्खन, चीज़ पर 12% से 5% जीएसटी हो चुकी हैं। दूध पर जीएसटी शून्य कर दी गई हैं। इस कमी के अनुसार ही अमूल व अन्य दूध विक्रेताओं ने भी कमी की हैं , परन्तु मुख्यमंत्री भगवंत मान पंजाब की जनता को अपनी घोषणाओं के जरिए यह दिखाना चाहते हैं कि यह कमी उन के द्वारा लोगों को राहत देने के लिए की जा रही हैं। ऐसी बातों से सरकार की छवि में सुधार होने की बजाए छवि और खराब हो रही हैं। श्री सूद के साथ उपस्थित भाजपा नेताओं जिला महामंत्री व पूर्व पार्षद सुरेश भाटिया बिट्टू, यशपाल शर्मा, अश्वनी गैंद, करन कपूर, वीर प्रताप राणा ने कहा है कि मान सरकार पहले भी कई बार ऐसा कर चुकी हैं, जिसका एक उदाहरण टोल बैरियरों को खत्म करने का है , जिन टोल बैरियरों की अवधी इकरार के अनुसार पूरी हो चुकी थी। उन्हें भी मुख्यमंत्री भगवंत मान ने स्वयं जा कर बंद करवाने का नाटक किया था , तथा इस नाटक के कारण भी सरकार की छवि को काफी धक्का लगा था।
