अमृतसर : पंजाब के अमृतसर पुलिस कमिश्नरेट ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए छेहर्टा क्षेत्र में चल रहे अवैध नशा मुक्ति केंद्र का भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई पुलिस स्टेशन छेहर्टा की टीम द्वारा की गई। पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसकी पहचान राणा प्रताप सिंह के रूप में हुई है।
पुलिस को सूचना मिली थी कि छेहर्टा के एक किराये के मकान में बिना किसी सरकारी अनुमति के नशा मुक्ति केंद्र चलाया जा रहा है। सूचना के आधार पर जब पुलिस टीम ने छापा मारा तो मौके पर कोई अधिकृत डॉक्टर या मेडिकल सुविधा मौजूद नहीं थी। जांच में सामने आया कि यहां युवकों को रखकर उनके परिजनों से मोटी रकम वसूली जा रही थी।
कार्रवाई के दौरान 15 युवकों को वहां से बाहर निकाला गया। पुलिस ने तुरंत सिविल सर्जन से संपर्क किया। डॉक्टरों की टीम और एंबुलेंस की सहायता से सभी युवकों को सुरक्षित सरकारी नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती करवाया गया। प्राथमिक जांच में यह भी सामने आया है कि केंद्र संचालक के पास न तो कोई लाइसेंस था और न ही किसी प्रकार की कानूनी अनुमति।
इलाज के नाम पर परिवारों का आर्थिक शोषण : इस मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर बिना अनुमति के ऐसा केंद्र लंबे समय से चल रहा था तो इसकी जानकारी संबंधित विभागों को क्यों नहीं हुई। कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि युवकों के इलाज के नाम पर उनके परिवारों का आर्थिक शोषण किया जा रहा था।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस अवैध गतिविधि में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। थाना छेहर्टा में मामला दर्ज कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शहर में किसी भी अवैध नशा मुक्ति केंद्र को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
