मोहाली : आम आदमी पार्टी की सरकार के अधीन पंजाब अब देश का पहला राज्य बन गया है जिसने महिलाओं के लिए मुफ्त स्वास्थ्य सुविधा, मुफ्त शिक्षा, मुफ्त बिजली और मुफ्त बस यात्रा की गारंटी दी है।
यह बात आप सुप्रीमों अरविंद केजरीवाल ने मोहाली में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना विविधवत रूप से शुरू करते हुए लाभार्थियों को चिकित्सा कार्ड वितरण समारोह के दौरान कही।
इस दौरान केजरीवाल ने कहा कि सत्ता की भूखी विपक्षी पार्टियां आपसी लड़ाइयों में डूबी रहती हैं और सिर्फ ‘आप’ ही पंजाब का भविष्य सुरक्षित कर सकती है। इस मौके पर ‘आप’ कन्वीनर अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कुछ योग्य लाभार्थियों को मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना कार्ड भी सौंपे।
पूरे देश के लिए एक एतिहासिक पहल
मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना की शुरूआत के दौरान ‘आप’ के राष्ट्रीय कन्वीनर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आज सिर्फ पंजाब के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए बड़ा और ऐतिहासिक दिन है। अरविंद केजरीवाल ने कहा, “आज पंजाब में जो काम होने जा रहा है, वह शायद 1950 में किया जाना चाहिए था। आजादी की लड़ाई लड़ने वाले देश भक्तों ने इस लिए संघर्ष नहीं किया कि एक दिन अंग्रेज चले जाएं और हमारी अपनी सरकारें ऐसी बनें जो लोगों के लिए कुछ नहीं करेंगी।”
पिछली सरकारों ने जनता की परवाह नहीं की
‘आप’ सुप्रीमो ने कहा कि पिछले 75 सालों में बहुत सारी सरकारें आईं और गईं, लेकिन उनमें से किसी ने भी लोगों की परवाह नहीं की। बड़े-बड़े वादे किए गए, लेकिन लोगों को नजरअंदाज किया गया। उन्होंने कहा कि एक समय था जब पंजाब आतंकवाद से ग्रस्त था और फिर एक ऐसा दौर आया जब नशे की दलदल में फंस गया था। उन्होंने कहा, “हर चीज का अपना समय होता है। पिछले चार सालों से पंजाब जिस दौर से गुजर रहा है, वह पंजाब और देश के इतिहास में सुनहरे अक्षरों में लिखा जाएगा।”
चन्नी करते रहे खजाना खाली होने की बात
चुनावों के दौरान किए गए वादों का जिक्र करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जब वे और मुख्यमंत्री भगवंत मान चुनाव प्रचार करने जाते थे तो वे गारंटियां देते थे। उस समय वे “केजरीवाल की गारंटियां” की बात करते थे, जिनमें से एक स्वास्थ्य गारंटी थी कि पंजाब के हर व्यक्ति और हर नागरिक के लिए मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधा प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा, “लोग उस समय इस पर विश्वास नहीं करते थे।” ‘आप’ सुप्रीमो ने आगे कहा, “उन दिनों में कांग्रेस सरकार सत्ता में थी। पहले कैप्टन अमरिंदर सिंह मुख्यमंत्री थे, और फिर चरणजीत सिंह चन्नी। वे कहते थे कि खजाना खाली था, सरकार घाटे में चल रही थी, और कोई पैसा नहीं था।”
