विधानसभा का बजट सत्र 14 मार्च से 6 अप्रैल तक, बजट सत्र में होंगी 18 बैठकें : सुख-आश्रय योजना के दिशा-निर्देशों को स्वीकृति

by

शिमला : महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के दिशा-निर्देशों को स्वीकृति मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में वीरवार को आयोजित प्रदेश मंत्रिमंडल की दूसरी बैठक मेंप्रदान की गई। 13 जनवरी को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में एनपीएस कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाल करने का निर्णय लिया गया था। मंत्रिमंडल ने राज्यपाल से हिमाचल प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 14 मार्च से 6 अप्रैल तक आयोजित करने की सिफारिश भी की। बजट सत्र में 18 बैठकें होंगी।
मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के अंतर्गत अनाथ और विशेष रूप से सक्षम बच्चों, निराश्रित महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों को लाया गया है, जिसमें उन्हें हर संभव सहायता का प्रावधान किया गया है। योजना में प्रदेश सरकार ने अनाथ बच्चों को अपने बच्चों के रूप में अपनाया है। मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत मौजूदा अधोसंरचना के उन्नयन के साथ-साथ मौजूदा संस्थानों का युक्तिकरण कर उन्हें सुदृढ़ किया जाएगा ताकि आवासियों को बेहतर सुविधाएं प्राप्त हो सकें। उनके लिए अटैच शौचालय वाले कमरे, मनोरंजन व गतिविधि कक्ष, कॉमन रूम, म्यूजिक रूम, स्मार्ट क्लास रूम, कोचिंग रूम, इनडोर व आउटडोर खेल सुविधाओं सहित अन्य आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इस योजना के तहत उपेक्षित वरिष्ठ नागरिकों, अनाथ बच्चों, विशेष रूप से सक्षम बच्चों और निराश्रित महिलाओं की बेहतर देखभाल के लिए नए एकीकृत घरों का निर्माण चरणबद्ध तरीके से एक परिसर में अलग-अलग खंडों में किया जाएगा। इनमें सभी आधुनिक सुविधाओं का समावेश होगा। यह आधुनिक एकीकृत घर जिला कांगड़ा के ज्वालामुखी तथा जिला मंडी के सुंदरनगर में स्थापित होंगे।
योजना के अंतर्गत संस्थान में रहने वाले बच्चों की गुणात्मक शिक्षा का प्रावधान किया गया है ताकि उन्हें बेहतर कोचिंग, संदर्भ पुस्तकें अथवा कोचिंग सामग्री मिल सके। समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों के माध्यम से ऐसे बच्चों को मेंटरशिप भी प्रदान की जाएगी। दसवीं से बाहरवीं तक के बच्चों को सूचीबद्ध एजेंसियों के माध्यम से कॅरिअर काउंसलिंग भी प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त उच्च शिक्षा के लिए भी इन बच्चों को सरकार सहायता प्रदान करेगी। इसके अलावा इन बच्चों के समग्र व्यक्तित्व विकास के लिए मासिक पिकनिक आयोजित करने का भी प्रावधान किया गया है।
मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत 18 वर्ष से अधिक आयु के पात्र आवासियों को कोचिंग, छात्रावास शुल्क, शिक्षण शुल्क आदि के लिए प्रति व्यक्ति एक लाख रुपए प्रति वर्ष प्रदान करने के अलावा कोचिंग की अवधि के दौरान चार हजार रुपए प्रति आवासी प्रति माह छात्रवृत्ति प्रदान करने का प्रावधान किया गया है।
मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना में इन संस्थानों के आवासियों को विवाह के लिए दो लाख रुपये अथवा वास्तविक खर्च, जो भी कम हो, प्रदान किया जाएगा। इसके अतिरिक्त इन संस्थानों में रहने वाले प्रत्येक बच्चे, निराश्रित महिलाओं का आवर्ती जमा खाता खोला जाएगा, जिसमें सरकार द्वारा 0-14 वर्ष की आयु के बच्चों को एक हजार रुपये प्रति बच्चा प्रति माह, 15-18 वर्ष आयु के बच्चों व एकल महिलाओं को दो हजार पांच सौ रुपये प्रति माह की सहायता राशि देगी।
इन संस्थानों के आवासियों को भारत के विभिन्न दर्शनीय अथवा ऐतिहासिक स्थलों का 15 दिन का शैक्षिक भ्रमण प्रति वर्ष आयोजित करने का भी प्रावधान है, जिसमें आवासियों के लिए यात्रा की व्यवस्था शताब्दी ट्रेन, एसी वॉल्वो अथवा हवाई सुविधा के साथ-साथ थ्री स्टार होटलों में ठहरने की व्यवस्था होगी। योजना में इसी तर्ज पर वृद्धाश्रमों एवं नारी सेवा सदनों के आवासियों को भी प्रति वर्ष 10 दिन की यात्रा व ठहरने का प्रावधान किया गया है। योजना के तहत बाल देखरेख संस्थानों को छोड़ने वाले सभी बच्चों के लिए 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने के बाद भी 21 वर्ष की आयु तक और अनाथ बच्चों के लिए 27 वर्ष की आयु तक वास्तविक दरों पर छात्रावास शुल्क और शिक्षण शुल्क प्रदान करने की व्यवस्था करने के साथ-साथ अध्ययन अवधि के दौरान छात्रवृत्ति के रूप में चार हजार रुपए प्रति माह प्रति बच्चे को उनके व्यक्तिगत खर्चों को पूरा करने के लिए सहायता राशि दी जाएगी। इस योजना के अंतर्गत पात्र आवासी, जो 18 वर्ष के आयु पूर्ण करने के बाद अपना स्टार्ट-अप आरंभ करना चाहते हैं, उन्हें दो लाख रुपए प्रति व्यक्ति एकमुश्त वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।
मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत अनाथ बच्चों को 18 वर्ष की आयु के बाद 27 वर्ष तक पश्चावर्ती देखभाल संस्थानों में आवासीय सुविधाओं के साथ-साथ भोजन, आश्रय और वस्त्र भी उपलब्ध करवाए जाएंगे। इस योजना के तहत जिन अनाथ बच्चों के नाम पर कोई भूमि नहीं है, उन्हें 27 वर्ष की आयु के बाद घर के निर्माण के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में तीन बिस्वा भूमि देने के साथ-साथ आवास निर्माण के लिए तीन लाख रुपए की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
योजना के तहत इन संस्थानों में रहने वाले सभी आवासियों को वस्त्र अनुदान के रूप में दस हजार रुपए की राशि प्रति वर्ष उनके बैंक खाते में जमा करवाई जाएगी ताकि वह अपने पसंद के वस्त्र व जूते खरीद सकें। इसके अतिरिक्त संस्थान में रहने वाले व्यक्तियों की देखभाल के लिए अतिरिक्त गृह माता अथवा पालक की नियुक्ति का भी योजना में प्रावधान किया गया है, ताकि उन्हें रहन-सहन में किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े। मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत आवासीय को वर्ष भर आने वाले त्यौहार को मनाने के लिए प्रति त्यौहार 500 रुपए की अनुदान राशि भी दी जाएगी। योजना के तहत ऐसे वर्ग की सहायता के लिए मुख्यमंत्री सुख-आश्रय सहायता कोष का गठन 101 करोड़ के प्रारंभिक योगदान के साथ किया गया है।

1500 रुपए के लिए करना होगा इंतजार : लोग उम्मीद कर रहे थे कि आज की कैबिनेट में कुछ गारंटी पर चर्चा के बाद मुहर लगेगी। NPS कर्मचारी भी OPS की SPO (मानक संचालन प्रक्रिया) को मंजूरी का इंतजार कर रहे थे, लेकिन आज की कैबिनेट में केवल दो ही एजेंडे पर चर्चा की गई। इससे महिलाओं को 1500 रुपए, युवाओं को एक लाख नौकरी और NPS कर्मियों को OPS की SOP के लिए अभी इंतजार करना होगा। SOP के बगैर OPS की बहाली भी संभव नहीं है। संभव है कि अब इन गारंटियों की ऐलान मुख्यमंत्री आगामी वित्त वर्ष के बजट भाषण में करें। इसी तरह प्रदेश का युवा स्टाफ सिलेक्शन (SSC) कमीशन के बहाल होने और नौकरियों का बेसब्री से इंतजार कर रहा था,लेकिन न SSC बहाल हुआ और न ही पदों को भरने की कैबिनेट से मंजूरी मिल पाई।
13 जनवरी की पहली कैबिनेट मीटिंग में CM सुक्खू ने 1500 रुपए के लिए हैल्थ मिनिस्टर धनी राम शांडिल और एक लाख नौकरी के लिए इंडस्ट्री मिनिस्टर हर्षवर्धन चौहान की अध्यक्षता में कैबिनेट सब कमेटी गठित कर रखी है। इन दोनों कमेटी को एक महीने के भीतर सिफारिशें देने को कहा था, मगर दोनों ही कमेटी अभी पूरी सिफारिशें सरकार को नहीं दे पाई है। इसलिए आज की मीटिंग में इन्हें लेकर चर्चा नहीं हो पाई।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
दिल्ली , पंजाब , राष्ट्रीय , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

मतदान समय के बाद भी 7.83 प्रतिशत वोट कैसे बढ़ गये? कांग्रेस के आरोप पर चुनाव आयोग की सफाई

महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव  में देखा गया कि महागठबंधन की सुनामी आ गई. महागठबंधन के तीनों घटक दलों ने बड़ी जीत हासिल की है। इस चुनाव में महाविकास अघाड़ी  को बड़ा झटका लगा है और सबसे...
article-image
पंजाब , हिमाचल प्रदेश

कई अपराधियों को गिरफ्तार किया -पिछले दो माह में नशा माफिया के खिलाफ की गई है कड़ी कार्रवाई : मुख्यमंत्री

एएम नाथ। धर्मशाला, 15  दिसंबर । मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शनिवार को कांगड़ा जिला के इंदौरा में ‘नशा मुक्त इंदौरा’ जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।  उन्होंने कहा कि प्रदेश...
article-image
हिमाचल प्रदेश

जिला चंबा में 20 नम्वबर को मनाया जाएगा अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ का 60वां राज्य स्तरीय स्थापना दिवस समारोह : अध्यक्ष प्रवीण कुमार मेहता

500 से अधिक पदाधिकारी और सदस्य लेंगे भाग एएम नाथ। चम्बा :  जिला चंबा अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष प्रवीण कुमार मेहता ने जानकारी देते हुए बताया कि हिमाचल प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ का...
article-image
हिमाचल प्रदेश

रेड क्रॉस लक्की ड्रॉ के विजेताओं को उपायुक्त ने वितरित किए चैक व ईनाम : रेड क्रॉस के माध्यम से चलाए जा रहे विभिन्न प्रकल्पों के माध्यम से जरूरतमंदो की सहायता की जा रही – DC जतिन लाल

ऊना, 15 मार्च – जिला रेड क्रॉस सोसाईटी द्वारा 26 जनवरी को निकाले गए लक्की ड्रॉ के विजेताओं को मिनी सचिवालय में उपायुक्त जतिन लाल ने ईनाम वितरित किए। लक्की ड्रॉ में प्रथम विजेता...
Translate »
error: Content is protected !!