होशियारपुर, 05 जुलाई : स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) द्वारा भाजपा के वरिष्ठ नेता पूर्व केन्द्री मंत्री विजय सांपला ने कहा कि दोबारा नोटिस जारी किया गया है। जिस पर प्रतिक्रिया प्रकट करते हुए विजय सांपला ने SIT की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि वे पहले भी जांच में पूरी तरह सहयोग देते हुए लिखित रूप में स्पष्ट कर चुके हैं कि आगे भी हर स्तर पर सहयोग देने के लिए तैयार हैं।
उन्होंने कहा कि बार-बार आग्रह करने के बावजूद आज तक उन्हें मुझे वह दस्तावेज़ उपलब्ध नहीं कराए गए, जिनके संबंध में मेरे से स्पष्टीकरण मांगा जा रहा है।
उन्हीनों ने कहा कि बिना संबंधित दस्तावेज़ उपलब्ध कराए किसी नागरिक को बार-बार तलब करना प्राकृतिक न्याय और कानून की स्थापित प्रक्रिया के विपरीत है। उन्होंने SIT को सूचित कर दिया है कि पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के कारण वे 06 जुलाई को उपस्थित नहीं हो सकेंगे, किंतु 07 जुलाई को स्वयं उपस्थित होकर पूरा सहयोग देंगे।
विजय सांपला ने आरोप लगाया कि पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब द्वारा मुख्यमंत्री के संबंध में दिए गए निर्णय तथा श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी से संबंधित प्रस्तावित कानून को लेकर सरकार की हुई व्यापक आलोचना के बाद सरकार बुरी तरह घबराई हुई है और जनता का ध्यान भटकाने के लिए विपक्ष, विशेषकर भारतीय जनता पार्टी के नेताओं को निशाना बना रही है।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार भाजपा नेताओं के विरुद्ध कार्रवाई कर अपनी राजनीतिक विफलताओं को छिपाने का असफल प्रयास कर रही है। पंजाब नशे, बेरोज़गारी, बिगड़ती कानून-व्यवस्था, किसानों की समस्याओं और विकास जैसे गंभीर संकटों से जूझ रहा है, लेकिन राज्य सरकार जनहित के मुद्दों से ध्यान हटाकर राजनीतिक एजेंडा चला रही है।
उन्होंने कहा कि मुझे संविधान, न्यायपालिका और कानून के शासन पर पूरा विश्वास है। वह निष्पक्ष जांच का स्वागत करते हैं, लेकिन जांच कानून के।मुताबिक पारदर्शिता और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप होनी चाहिए। उन्हीनों कहा कि सच को राजनीतिक बदलाखोरी से नहीं, तथ्यों और निष्पक्ष जांच से ही स्थापित किया जा सकता है।
