अमित शाह का ऐलान : 31 दिसंबर 2029 तक पंजाब को ‘चिट्टा मुक्त’ करेंगे

by

नशा मुक्त पंजाब यात्रा के समापन पर AAP सरकार पर हमला, बोले—भाजपा विधानसभा चुनाव नशा मुक्त पंजाब के मुद्दे पर लड़ेगी

जालंधर, 30 सितंबर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब में मादक पदार्थों की समस्या को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि राज्य में प्रतिबंधित नशीले पदार्थों का कारोबार खुलेआम चल रहा है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) पंजाब को 31 दिसंबर 2029 तक ‘चिट्टा मुक्त’ करने का लक्ष्य लेकर चल रही है।

शाह बुधवार को जालंधर के परागपुर में भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ के समापन अवसर पर आयोजित रैली को संबोधित कर रहे थे। भाजपा ने यह यात्रा 18 सितंबर को शुरू की थी, जो राज्य के सभी 117 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरते हुए करीब 4,000 किलोमीटर की दूरी तय कर जालंधर पहुंची।

‘नशा मुक्त पंजाब’ के मुद्दे पर चुनाव लड़ने की बात

अमित शाह ने कहा कि भाजपा आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव में ‘नशा मुक्त पंजाब’ के मुद्दे को प्रमुखता से उठाएगी। उन्होंने सवाल किया कि क्या आम आदमी पार्टी पंजाब को नशा मुक्त कर सकती है और कहा कि भाजपा का दावा है कि वह राज्य से नशे का खतरा समाप्त करने के लिए कठोर कार्रवाई करेगी।

शाह ने कहा कि वह पंजाब की माताओं और युवाओं से वादा करते हैं कि दिसंबर 2029 से पहले पंजाब को चिट्टे से मुक्त करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने नशा तस्करों को कानून के तहत जेल भेजने की बात भी कही।

AAP सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार पर हमला करते हुए शाह ने आरोप लगाया कि पंजाब में चिट्टे का कारोबार खुले तौर पर चलने दिया गया है। उन्होंने कहा कि नशा तस्कर अपने आर्थिक लाभ के लिए पंजाब के युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेल रहे हैं और इससे आने वाली पीढ़ियां प्रभावित हो रही हैं।

उन्होंने कहा कि जब तक पंजाब के युवाओं को नशे से मुक्त नहीं किया जाता, तब तक राज्य का समग्र विकास संभव नहीं है। शाह ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की ओर से आतंकवाद, उग्रवाद और नक्सलवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने इन चुनौतियों से निपटने में सफलता हासिल की है और पंजाब में भी नशे के खिलाफ इसी तरह कठोर व्यवस्था बनाने की बात कही।

नशे से प्रभावित परिवारों से मिले शाह

रैली से पहले अमित शाह ने जालंधर स्थित श्री देवी तालाब मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद उन्होंने नशे की समस्या से प्रभावित कुछ परिवारों से मुलाकात की।

शाह ने बताया कि उन्होंने ऐसे परिवारों से बातचीत की जिन्होंने नशे की लत के कारण अपने प्रियजनों को खोया है। उन्होंने एक मां का उल्लेख करते हुए कहा कि वह अपने दो बेटों की तस्वीरें लेकर उनसे मिली और उसने नशे के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की मांग की।

शाह ने कहा कि ऐसी स्थिति किसी अन्य मां के सामने न आए, इसके लिए नशे के खिलाफ प्रभावी कदम उठाना जरूरी है।

‘दो साल में नशे के खतरे को खत्म करने’ का दावा

रैली में शाह ने कहा कि भाजपा को मौका मिलने पर वह पंजाब में नशे के खिलाफ कड़ी व्यवस्था लागू करेगी। उन्होंने कहा कि दो वर्षों के भीतर नशे के खतरे को खत्म करने की दिशा में काम किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि नशे का कारोबार करने वालों को जेल भेजा जाएगा और युवाओं तक नशीले पदार्थों की पहुंच रोकने के लिए सख्त कार्रवाई की जाएगी।

‘चिट्टा मुक्त पंजाब’ का नारा

अमित शाह ने कहा कि भाजपा की नशा विरोधी यात्रा का उद्देश्य केवल राजनीतिक कार्यक्रम करना नहीं, बल्कि गांव-गांव तक नशे के खिलाफ जागरूकता पहुंचाना भी है। उन्होंने दावा किया कि यात्रा पंजाब के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र तक पहुंची और युवाओं को नशे के खिलाफ अभियान से जोड़ने का प्रयास किया गया।

भाजपा ने इस यात्रा की शुरुआत ‘भाजपा दा नारा, नशा मुकाउना सारा’ के नारे के साथ की थी। पार्टी के अनुसार, यात्रा के दौरान पंजाब के 117 विधानसभा क्षेत्रों को कवर किया गया।

पंजाब की आर्थिक स्थिति पर भी चिंता

अमित शाह ने पंजाब की आर्थिक स्थिति को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि राज्य की आर्थिक स्थिति खराब है और पंजाब के विकास के लिए नशे की समस्या से निपटने के साथ-साथ आर्थिक स्थिति में सुधार भी जरूरी है।

उन्होंने कहा कि पंजाब के युवाओं को नशे से बचाना राज्य के भविष्य से जुड़ा मुद्दा है और आने वाली पीढ़ियों को इस समस्या से दूर रखना जरूरी है।

भाजपा नेताओं ने की शिरकत

रैली में पंजाब भाजपा के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों, तरुण चुग, सुनील जाखड़, अश्विनी शर्मा, विक्रमजीत सिंह साहनी, मनप्रीत बादल, इकबाल सिंह लालपुरा, प्रनीत कौर, विजय सांपला, संदीप पाठक, सोम प्रकाश, मनोरंजन कालिया, मनजिंदर सिंह सिरसा, रवनीत सिंह बिट्टू, राघव चड्ढा, हरभजन सिंह और अशोक मित्तल सहित कई भाजपा नेता मौजूद रहे।

भाजपा ने 18 सितंबर को पठानकोट के एकता स्थल से अपनी राज्यव्यापी नशा विरोधी यात्रा की शुरुआत की थी। पार्टी अध्यक्ष नितिन नवीन ने पहली यात्रा को हरी झंडी दिखाई थी। इसके बाद केंद्रीय मंत्रियों, भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने विभिन्न चरणों में यात्रा में भाग लिया।

अमित शाह के इस ऐलान के साथ पंजाब में नशे का मुद्दा आगामी विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के प्रमुख राजनीतिक मुद्दों में शामिल होता दिखाई दे रहा है।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
पंजाब , हिमाचल प्रदेश

20 गाय व 6 भैंस पालकर प्रतिदिन बेच रहे एक से डेढ क्विंटल दूध, हो रही है अच्छी आमदन : डेयरी फॉर्म चलाकर आर्थिकी को सुदृढ़ बना रहे हैं देहलां के हरभजन सिंह

ऊना, 08 जुलाईः ऊना जिला के देहलां गांव के प्रगतिशील किसान 50 वर्षीय हरभजन सिंह डेयरी फॉर्म चलाकर परिवार की आर्थिकी को सुदृढ़ बना रहे हैं। निजी क्षेत्र में काम करने वाले हरभजन सिंह...
article-image
पंजाब

डीसी व एसएसपी के समक्ष : सरकार द्वारा मानी गई मांगों को जल्द से जल्द लागू करने की उठाई मांग

होशियारपुर :  लोक बचाओ, ग्राम बचाओ संघर्ष  कमेटी (एरिया बीत) का एक प्रतिनिधिमंडल  होशियारपुर में  डिप्टी कमिश्नर  कोमल मित्तल और एसएसपी सरताज चाहल  को  बीत इलाके के साथ लगते हिमाचल में  पड़ती फैक्ट्रियों के...
article-image
पंजाब

विजिलेंस ने ‘भ्रष्टाचार के विरुद्ध सतर्कता: हमारी साझा ज़िम्मेदारी’ विषय पर एक सेमिनार का किया आयोजन

गढ़शंकर , 29 अक्टूबर :  ‘भ्रष्टाचार के विरुद्ध सतर्कता: हमारी साझा ज़िम्मेदारी’ विषय पर विजिलेंस ब्यूरो यूनिट होशियारपुर द्वारा मनाए जा रहे सतर्कता जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत आज बब्बर अकाली मेमोरियल खालसा कॉलेज गढ़शंकर...
Translate »
error: Content is protected !!