मम्मी, पापा, मेरे नंबर कम आए – आपकी गलती नहीं.. मैं मोबाइल ज्यादा देखता था : सुसाइड नोट लिख कर 17 साल के स्टूडेंट ने 15वीं मंजिल से लगा दी छलांग , मौत

by

गुरुग्राम    :गुरुग्राम में 17 साल के स्टूडेंट ने बिल्डिंग की 15वीं मंजिल से छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। जांच मे सामने आया है कि मंगलवार को स्टूडेंट का CBSE बोर्ड का 12वीं का रिजल्ट आया था। परीक्षा में नंबर कम आने की वजह से छात्र काफी परेशान था। हादसे से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। मौके पर मौजूद लोगों ने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। पुलिस फिलहाल मामले में आगे की कार्रवाई में जुटी है।

परीक्षा के बाद शौर्य खुश था- नाबालिग मृतक छात्र गुरुग्राम के सेक्टर 72 की एक सोसाइटी में रहता था। पुलिस जांच में सामने आया है कि वह एक प्राइवेट स्कूल में 12वीं क्लास का स्टूडेंट था। मृतक के पिता ने पुलिस को बताया कि परीक्षा के बाद वह काफी खुश था। दरअसल उसने अपने पिता से कहा था कि उसके एग्जाम बहुत अच्छे हुए हैं और नंबर अच्छे आएंगे।

मिले थे 77% नंबर : मंगलवार को CBSE परीक्षा का परिणाम घोषित हुआ था। एग्जाम में उसको 77% अंक मिले थे, जबकि परिजनों के अनुसार उसको उम्मीद थी कि 90 प्रतिशत से ज्यादा नंबर आएंगे। कम नंबर आने की वजह से वह डिप्रेशन में चला गया था। पुलिस जांच में पता लगा है कि उसने परिजन के सामने डिमांड रखी थी कि अगर उसके अच्छे नंबर आएंगे, तो वह जो मांगेगा उसे दिया जाएगा।

सुसाइड नोट में शौर्य ने क्या लिखा ?

पुलिस के मुताबिक मृतक छात्र बुधवार को घर पर था। पिता के ऑफिस चले जाने के बाद वह अपनी सोसाइटी के टॉवर-2 की 15वीं मंजिल की बालकनी में गया और वहां से छलांग लगा दी और उसकी मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि उसने आत्महत्या करने से पहले सुसाइड नोट भी लिखा है। नोट में शौर्य ने लिखा, ‘मम्मी, पापा, मेरे नंबर कम आए हैं, इसमें आपकी गलती नहीं है। आपने तो मुझे बहुत अच्छे से पाला। मैं ही मोबाइल ज्यादा देखता था। शायद यही वजह रही मेरे नंबर कम आने की’। इस सुसाइड नोट के अंत में मृतक ने अपने साइन भी किए हैं।

हमने शौर्य पर पढ़ाई का दबाव नहीं डाला- एसीपी सुरेंद्र फौगाट का कहना है कि पुलिस सभी एंगल को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। स्टूडेंट एग्जाम में कम अंक आने की वजह से डिप्रेशन में था। पुलिस का कहना है कि आज पोस्टमार्टम के बाद शव परिजन को सौंप दिया जाएगा।

दूसरी तरफ माता-पिता का कहना है कि उन्होंने कभी भी अपने बेटे पर पढ़ाई को लेकर दबाव नहीं डाला। उन्होंने कहा कि रिजल्ट आने के बाद भी कम अंकों के बारे में उससे कोई चर्चा नहीं हुई। अपने इकलौते बेटे को खोने के गम में परिजन का रो-रोकर बुरा हाल है।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

फ्लैगशिप परियोजनाओं से जुड़े एफसीए और एफआरए मामलों के निपटारों में तेजी लाई जाएः मुख्यमंत्री

ज्यूलॉजिकल पार्क के प्रारम्भिक कार्यों को शीघ्र शुरू करना सुनिश्चित किया जाए शिमला : मुख्यमंत्री  सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सोमवार देर सायं शिमला में वन विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने अधिकारियों...
दिल्ली

168,606 मकानों के निर्माण को प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के तहत केंद्रीय मंजूरी और निगरानी समिति की 52 वीं बैठक में मंजूरी दी गई

दिल्ली:  प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के तहत केंद्रीय मंजूरी और निगरानी समिति की 52 वीं बैठक में 168,606 मकानों के निर्माण को मंजूरी दी गई। इस बैठक में 14 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों...
article-image
हिमाचल प्रदेश

शिक्षा मंत्री ने किया 1.16 करोड़ से निर्मित रावमापा धुसाडा के साईंस लैब का लोकार्पण : विद्यार्थियों को गुणात्मक शिक्षा प्रदान करना प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता – रोहित ठाकुर

आपदा के कारण राज्य में हुए भारी नुक्सान के बावजूद प्रदेश में विकास की रफ्तार नहीं रूकेगी – शिक्षा मंत्री 13.33 करोड़ रूपये से बनने वाले राजकीय महाविद्यालय चौकीमन्यार का किया भूमिपूजन कर रखी...
article-image
हिमाचल प्रदेश

बेटी गोद लेने वाले 49 परिवारों को गरिमा योजना के तहत दी गई 10.29 लाख की सहायताः डीसी राघव शर्मा

कन्या भ्रूण हत्या पर जानकारी देने पर मिलेगा एक लाख रुपए का इनामः डीसी ऊना – ऊना जिला में कन्या भ्रूण हत्या के संबंध में जिला प्रशासन को पुख्ता जानकारी देने वाले को जिला...
Translate »
error: Content is protected !!