गढ़शंकर शहर में दस्त व उल्टियों को प्रकोप लगातार बढ़ रहा, वाईस वर्षीय युवक की मौत तो दर्जनो दस्त उलिटयों से पीडि़त

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गढ़शंकर: गढ़शंकर शहर में भारी संख्यां में दस्तों व उल्टियों से लोग पीडि़त है और एक 22 वर्षीय युवक की मौत भी गत दिनों हो चुकी है। लेकिन नगर कौंसिल, सेहत विभाग व प्रशासन की नींद अभी तक नहीं खुली। लिहाजा गढ़शंकर शहर के बार्ड नंबर एक व दो दस्तों व उल्टियां से पीडि़त लोगो का हालचाल पूछने कोई नहीं पहुंच रहा और ना ही इसकी रोकथाम के लिए कदम उठाए जा रहे है। दस्त व उल्टियां की बिमारी फैलने के पीछे पीने के पानी का साफ ना होना और मुहल्लों में गंदगी के ढेर तथा नालियों में जमा हुया गंदा पानी होने की संभावना है। सरकारी अस्पताल में अैमरजेंसी में आधे मरीज दस्त व उल्टियों के पहुंच रहे है।
गढ़शंकर शहर में दस्त व उलिटयां से पीडि़त मरीजों की गिणती बढ़ती जा रही है। बार्ड नंबर एक में 22 वर्षीय युवक विक्की की दस्तों व उल्टियों से मौत हो गई। इसके ईलावा बार्ड नंबर दो में उपकार अग्रिहोत्री, चिराग अग्रिहोत्री, कोमल, शवी, अमृत कौर सहित दर्जनों बच्चे ब बड़े दस्तों व उल्टियों से पीडि़त है। इसी तरह बीएसएनएल के निकटवर्ती घरों में भी काफी लोग दस्तों व उल्टियों से पीडि़त है। जिसके चलते लोगो में भय का माहौल बना हुया है। लोग सरकारी अस्पताल से ज्यादा निजी अस्पतालों व कलीनकों में ईलाज करवा रहे है। राहुल अग्रिहोत्री का कहना है कि शहर में कोई सुनने वाला नहीं है सरकारी अस्पताल में डाकटरों की भारी कमी है। वहां पर कोई भी दस्त उलिटयों से पीडि़त जाता है तो प्राथमिक ईलाज कर रैफर कर दिया जाता है। बार्ड नंबर एक व दो में पीने का पानी जो आ रहा है वह साफ नहीं आता। नालियों में गंदगी जमा अकसर रहती है। लिहाजा शहर में दस्त उल्टियां का प्रकोप बढ़ रहा है। लेकिन नगर कौंसिल इस और ध्यान नहीं दे रही।
मृतक विक्की के पिता राकेश कुमार : विक्की की दस्त व उल्टियां लगने से हालत खराब होने पर हम उसे सरकारी अस्पताल गढ़शंकर में ले गए। वहां पर किसी ने विक्की की और किसी से इंजेक्शन ही नही लगा और पीजीआई रैफर कर दिया। लेकिन कहां जाते हुए सिवल अस्पताल नवांशहर दिखा जाना। नवांशहर अस्पताल पहुंचे तो डाकटरों ने तुरंत पीजीआई ले जाने को कहा तो हम विक्की को पीजीआई ले गए। वहां पर विक्की की कुछ समय बाद मौत हो गई। पीजीआई में एक घंंटे लगातार दवाईयां या और समान लाने के लिए भेजा जाता रहा। सरिंज तक भी पीजीआई में उन्होंने अपने पास से नहीं उपयोग की। सभी कुछ बाहर से मंगवाया जाता रहा।
एसएसओ डा. रमन कुमार : अैमरजेंसी में आधे मरीज दस्तों व उल्टियों से पीडित मरीज आ रहे है। नगर कौसिंल के ईओ व एसडीएम गढ़शंकर को पत्र लिखकर शहर में पीने के लिए सप्लाई किए जा रहे पानी कलोरीनेशन करने व पानी के सैंपल लेकर टैस्ट करवाने का आग्राह किया है। दस्त व उल्टियां पीने के पानी या गंदगी के ढेरों में मखियां के मुख्य कारण हो सकता है। इस मौसम में मलेरिया, डेंगू व पीलिया फैलने की अशंका ज्यादा होती है। इसलिए शहर में स्वच्छ पीने के पानी की सप्लाई और सफाई व्वस्था को दरूस्त तुरंत करना जरूरी है।
नगर कौंसिल गढ़शंकर के अध्यक्ष त्रिभंक दत्त ऐरी : कल शहर के सभी बार्डो की स्थिति का जायजा लिया जाएगा और यहां भी कोई भी समस्या हुई उसे ठीक करवाया जाएगा। पीने के स्वच्छ पानी की सप्लाई यकीनी बनाई जाएगी और शहर में कहीं भी गंदगी या नालियों में गंदगी हुई उसे भी तुरंत साफ करवा दिया जाएगा।
फोटो: मृतक विक्की के पिता राकेश कुमार व अन्य जानकारी देते हूए।

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