लुधियाना। शिवसेना पंजाब के राष्ट्रीय प्रमुख राजीव टंडन पर हुए हमले के मामले में पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किए जाने के बाद मंगलवार को शहर में माहौल तनावपूर्ण हो गया। राजीव टंडन समेत शिवसेना नेताओं ने चौड़ा बाजार से पुलिस कमिश्नर कार्यालय तक रोष मार्च निकाला और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।
जानकारी के अनुसार, पहले पुलिस ने शिवसेना नेताओं को सीपी कार्यालय के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी, लेकिन बाद में उनकी मुलाकात डीसीपी हरपाल सिंह से करवाई गई। अधिकारियों के साथ बैठक के दौरान नेताओं ने हमले के आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।
बैठक के बाद जब शिवसेना नेता सीपी कार्यालय से बाहर निकले तो वहां कुछ निहंग मौजूद थे। दोनों पक्षों का आमना-सामना होते ही माहौल गरमा गया और दोनों ओर से नारेबाजी व तीखी बयानबाजी शुरू हो गई। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि दोनों पक्ष एक-दूसरे के खिलाफ आक्रोश जताने लगे।
हालात बिगड़ते देख पुलिस ने तुरंत हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों को अलग-अलग कर दिया। पुलिस अधिकारियों ने किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोकते हुए शिवसेना नेताओं को वहां से वापस भेज दिया।
राजीव टंडन ने आरोप लगाया कि शिवसेना नेताओं पर दोबारा हमला करने की तैयारी की जा रही थी। उन्होंने कहा कि पुलिस को मामले में पूरी गंभीरता से कार्रवाई करनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं और पूरे मामले पर नजर रखी जा रही है।
