हर गांव तक सड़क पहुंचाने का संकल्प, विकास योजनाओं को मिली गति
नरेंद्र भारती। मंडी : लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने मंडी के सेरी मंच पर आयोजित जिला स्तरीय हिमाचल दिवस समारोह की अध्यक्षता की। इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्र ध्वज फहराया और विभिन्न टुकड़ियों द्वारा प्रस्तुत भव्य मार्चपास्ट की सलामी ली। समारोह के दौरान उन्होंने इंदिरा मार्केट स्थित शहीद स्मारक तथा सेरी में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
समारोह में पुलिस, गृह रक्षक वाहिनी, एनसीसी, एनएसएस और स्काउट एंड गाइड्स की टुकड़ियों ने आकर्षक परेड प्रस्तुत की। वहीं, विभिन्न शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से दर्शकों का मन मोह लिया। मंत्री ने प्रदेशवासियों को हिमाचल दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि 15 अप्रैल 1948 को 30 पहाड़ी रियासतों के विलय से हिमाचल का गठन हुआ था, जो प्रदेश के इतिहास का गौरवशाली दिन है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी क्षेत्र सड़क सुविधा से वंचित न रहे। कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद हर गांव तक सड़क पहुंचाने के प्रयास तेजी से जारी हैं। शिल्हबुधाणी-भुभुजोत-कुल्लू सड़क को राष्ट्रीय राजमार्ग बनाने की दिशा में कार्य प्रगति पर है। इस परियोजना को सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानते हुए एनएचएआई ने इसे दो लेन सड़क के रूप में विकसित करने के लिए डीपीआर तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। भुभुजोत टनल के निर्माण से कांगड़ा और कुल्लू के बीच दूरी लगभग 55 किलोमीटर कम हो जाएगी।
ग्रामीण विकास की योजनाओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 1538 किलोमीटर सड़कों के लिए 294 परियोजनाएं स्वीकृत हुई हैं, जिन पर लगभग 2244 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त 800 किलोमीटर सड़कों के लिए 1200 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। उन्होंने मंडी, गागल, चैलचौक और जंजैहली को जोड़ने वाली सड़क का कार्य शीघ्र शुरू होने की जानकारी भी दी।
मंत्री ने कहा कि सरकार पुरानी सड़कों के रखरखाव पर भी विशेष ध्यान दे रही है और इसके लिए लगभग एक हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। आगामी वर्ष में 500 किलोमीटर नई सड़कों का निर्माण, 950 किलोमीटर टारिंग और 47 नए पुलों का निर्माण किया जाएगा।
उन्होंने राज्य की आर्थिक चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि कठिनाइयों के बावजूद प्रदेश की जनता की इच्छाशक्ति मजबूत है और सामूहिक प्रयासों से हिमाचल की अर्थव्यवस्था को पुनः सशक्त बनाया जाएगा। सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से महिलाओं, युवाओं और किसानों को सशक्त करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
समारोह के अंत में मंत्री ने स्वच्छता जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया और उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रतिभागियों एवं कर्मियों को सम्मानित किया। इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
