होशियारपुर, 7 जून : शहर के विकास, धार्मिक आस्था और आधुनिक आधारभूत सुविधाओं को एक साथ जोड़ने वाली महत्वपूर्ण परियोजना “आदि गुरु शंकराचार्य सेतु” के निर्माण कार्य का रविवार को विधिवत शुभारंभ करवाया गया। आदि गुरु शंकराचार्य चौक में आयोजित समारोह के दौरान विधायक ब्रम शंकर ज़िम्पा की ओर से गोवर्धन मठ पुरी पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती महाराज के करकमलों से भूमि पूजन करवा कर परियोजना का शुभारंभ किया गया। विधायक ब्रम शंकर जिंपा ने कहा कि यह पुल न केवल क्षेत्र की यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करेगा, बल्कि शहर की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान को भी नई मजबूती प्रदान करेगा।
विधायक जिंपा ने बताया कि उनकी ओर से शहर की धार्मिक विरासत को सम्मान देने के उद्देश्य से पहले महावीर सेतु से धोबी घाट चौक तक के मार्ग का नाम “श्री राम पथ” तथा धोबी घाट चौक का नाम “आदि गुरु शंकराचार्य चौक” रखा गया था। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए अब आदि गुरु शंकराचार्य चौक से आदमवाल मार्ग को जोड़ने वाले प्रस्तावित पुल का नाम “आदि गुरु शंकराचार्य सेतु” रखा गया है।
उन्होंने कहा कि श्री सनातन धर्म सभा होशियारपुर सहित विभिन्न धार्मिक, सामाजिक एवं सनातन संगठनों द्वारा लंबे समय से इस पुल का नाम आदि गुरु शंकराचार्य जी के नाम पर रखने की मांग की जा रही थी। पंजाब सरकार ने जनभावनाओं का सम्मान करते हुए इस महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति प्रदान की है।
जिंपा ने बताया कि भंगी चोअ पर धोबी घाट-आदमवाल मार्ग पर 141 मीटर लंबे हाई लेवल पुल का निर्माण लगभग 8 करोड़ 11 लाख रुपए की लागत से किया जाएगा। इस परियोजना को प्रशासनिक मंजूरी मिलने के बाद लोक निर्माण विभाग द्वारा डिजाइन तैयार कर टेंडर प्रक्रिया पूरी की गई और अब निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि पुल का निर्माण कार्य 15 माह के भीतर पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
विधायक ने कहा कि वर्तमान में इस स्थान पर केवल एक कंक्रीट कॉजवे मौजूद है, जहां बरसात के मौसम में भंगी चोअ में जलस्तर बढ़ने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई बार आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो जाता है, जिससे स्थानीय निवासियों, विद्यार्थियों और श्रद्धालुओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। नए हाई लेवल पुल के निर्माण से इस समस्या का स्थायी समाधान होगा।
उन्होंने बताया कि इस पुल के निर्माण से आदमवाल, अज्जोवाल, चौहाल, महिंगरोवाल, बरोटी और कपाहट सहित आसपास के गांवों की हजारों की आबादी को सीधा लाभ मिलेगा। इसके अलावा यह मार्ग राष्ट्रीय राजमार्ग-3 से जुड़ता है, जिसके माध्यम से माता चिंतपूर्णी, माता ज्वाला जी, माता चामुंडा देवी, माता कांगड़ा देवी, माता बगलामुखी धाम, बाबा बड़भाग सिंह तथा धर्मशाला जाने वाले लाखों श्रद्धालु आवागमन करते हैं। पुल बनने से श्रद्धालुओं की यात्रा अधिक सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक होगी।
विधायक ब्रम शंकर जिंपा ने कहा कि पंजाब सरकार मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में होशियारपुर विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ा रही है। आदि गुरु शंकराचार्य सेतु इस दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित होगा। उन्होंने कहा कि यह पुल केवल एक निर्माण परियोजना नहीं, बल्कि शहर की सांस्कृतिक विरासत, धार्मिक आस्था और आधुनिक विकास का प्रतीक बनकर आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा।
इस अवसर पर मेयर सुरिंदर कुमार, एसडीएम परमप्रीत सिंह, सीनियर डिप्टी मेयर प्रवीण सैनी, एक्सीयन गुरमीत सिंह, श्री शिवरात्रि एवं उत्सव कमेटी से हरीश खोसला, श्री राम लीला कमेटी व व्यापार मंडल होशियारपुर के अध्यक्ष गोपी चंद कपूर, उदयगिरि जी महाराज बसी गुलाम हुसैन, ब्राह्मण सभा के प्रधान मधुसूदन कालिया, संत बाबा रणजीत सिंह के अलावा विभिन्न धार्मिक व सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद थे।
