नई दिल्ली : दिल्ली विधानसभा की सुरक्षा को लेकर सोमवार को हुई घटना ने बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। विधानसभा का गेट तोड़कर अंदर घुसने वाले आरोपी सरबजीत को दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को अदालत में पेश किया, जहां से उसे 8 दिनों की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस का कहना है कि यह सिर्फ सुरक्षा में सेंध का मामला नहीं हो सकता, इसलिए पूरे घटनाक्रम की गहराई से जांच की जा रही है।
तीस हजारी कोर्ट में पेश किया गया आरोपी
आरोपी सरबजीत को मंगलवार को तीस हज़ारी न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस ने अदालत से 10 दिनों की रिमांड की मांग की थी, लेकिन कोर्ट ने उसे 8 दिनों की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया। सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस ने अदालत को बताया कि इस मामले के पीछे किसी बड़ी साजिश की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह भी देख रही है कि कहीं इसमें कोई आतंकी पहलू तो नहीं है।
आरोपी का फोन बरामद करने की कोशिश
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने गिरफ्तारी के बाद अपना मोबाइल फोन फेंक दिया था। जांच एजेंसियां अब उस फोन को बरामद करने की कोशिश कर रही हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना से पहले वह किसके संपर्क में था। इसके अलावा पुलिस यह भी जानना चाहती है कि वह विधानसभा परिसर में क्यों घुसा और इस तरीके से अंदर जाने की योजना कैसे बनाई गई।
पंजाब और यूपी में भी जांच की तैयारी
दिल्ली पुलिस ने अदालत को बताया कि इस मामले की जांच के लिए उन्हें पंजाब और उत्तर प्रदेश भी जाना पड़ सकता है। पुलिस उस वाहन की भी तलाश कर रही है, जिससे आरोपी विधानसभा तक पहुंचा था। पुलिस का कहना है कि इस घटना में आरोपी के साथ अन्य लोगों की भी भूमिका हो सकती है, इसलिए उनसे भी पूछताछ की जाएगी।
मानसिक स्थिति को लेकर बहस
सुनवाई के दौरान पुलिस ने अदालत को बताया कि आरोपी सरबजीत सिंह मानसिक रूप से अस्थिर बताया जा रहा है। वहीं आरोपी के वकील ने भी यही दलील दी कि सरबजीत का इलाज चल रहा है।
वकील ने कहा कि वह कुछ दिन पहले अचानक चंडीगढ़ चला गया था और वहां एक गुरुद्वारे में दर्शन करने गया था। उन्हें लगा कि जिस जगह वह गया, वह गुरुद्वारा है। हालांकि अदालत ने इस दलील पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर वह मानसिक रूप से अस्थिर है, तो फिर वह पीलीभीत से चंडीगढ़ और वहां से दिल्ली तक कार चलाकर कैसे पहुंच गया।
गेट नंबर 2 तोड़कर अंदर घुसा था आरोपी
जानकारी के मुताबिक सोमवार दोपहर करीब 2:10 बजे आरोपी अपनी कार से दिल्ली विधानसभा के गेट नंबर 2 को तोड़कर अंदर घुस गया था। इसके बाद वह सीधे विधानसभा अध्यक्षविजेंद्र गुप्ता की कार के पास पहुंचा। बताया जा रहा है कि उसने कार में बैठकर वहां गुलदस्ता और फूलों की माला रख दी और फिर मौके से फरार हो गया। घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए करीब शाम 4:15 बजे सरबजीत और उसके दो कथित मददगारों को गिरफ्तार कर लिया।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना के बाद दिल्ली विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी इतनी आसानी से गेट तोड़कर अंदर कैसे पहुंच गया। जांच एजेंसियों का कहना है कि आने वाले दिनों में पूछताछ के दौरान इस पूरे मामले से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आ सकते हैं।
