एएम नाथ। चंबा : उपायुक्त मुकेश रेपस्वाल ने कहा कि जिले में संचालित निजी कोचिंग केंद्रों का पंजीकरण अनिवार्य रहेगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को पंजीकरण प्रक्रिया सुनिश्चित बनाने तथा निर्धारित नियमों की अनुपालना को लेकर आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।
उपायुक्त आज हिमाचल प्रदेश निजी कोचिंग सेंटर पंजीकरण एवं विनियमन नियम, 2026 के अंतर्गत जिला स्तरीय समिति की उनके कार्यालय कक्ष में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे।
मुकेश रेपस्वाल ने कहा कि निजी कोचिंग केंद्रों के संचालन को व्यवस्थित बनाने तथा निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित करने के लिए नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दिया जाए।
उपायुक्त ने सभी उपमंडल दंडाधिकारियों (एसडीएम) तथा पुलिस उपाधीक्षकों (डीएसपी) को इस संदर्भ में आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
उपायुक्त ने कहा कि विद्यार्थियों को सुरक्षित, व्यवस्थित और गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध करवाना प्राथमिकता है। इस दिशा में सभी संबंधित अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन करना सुनिश्चित बनाएं।
उन्होंने यह भी बताया कि 50 से अधिक विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं, शैक्षणिक सहायता अथवा स्कूली, महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालय स्तर की पढ़ाई के लिए कोचिंग देने वाले निजी केंद्रों का पंजीकरण अनिवार्य है। इसमें परामर्श, खेलकूद, नृत्य, रंगमंच एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों वाले निजी संस्थान शामिल नहीं हैं।
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार सकलानी, उपनिदेशक उच्च स्कूल शिक्षा विकास महाजन, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जे एस भारद्वाज, प्राचार्य राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय चंबा राकेश राठौर, प्रधानाचार्य राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान चंबा विपिन शर्मा तथा कनिष्ठ अभियंता नगर परिषद नीतिका ठाकुर भी बैठक में उपस्थित रहीं।
