नगर एवं ग्राम योजना विभाग ने बहडाला पंचायत घर में लगाया जागरूकता शिविर

by
नियोजित विकास व अवैध निर्माण रोकने पर दिया बल
रोहित जसवाल।  ऊना, 31 जनवरी। पंचायतों में सुनियोजित एवं संतुलित विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उप-मण्डलीय नगर एवं ग्राम योजना कार्यालय, ऊना ने आज(शनिवार) को पंचायत घर बहडाला के सभागार में एक जागरूकता शिविर का आयोजन किया। यह शिविर सहायक नगर योजनाकार ऊना निर्मल सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुआ, जिसमें विशेष क्षेत्र में शामिल पंचायतों के प्रधानों, उप-प्रधानों, पंचायत सचिवों तथा वार्ड सदस्यों ने भाग लिया।
शिविर के दौरान निर्मल सिंह ने उपस्थित जनप्रतिनिधियों को हिमाचल प्रदेश नगर एवं ग्राम योजना अधिनियम, 1977 तथा ऊना योजना/विशेष क्षेत्र में लागू नियमों एवं विनियमों की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने पंचायत वार्डों में आम जनता को इन प्रावधानों के प्रति जागरूक करें, ताकि क्षेत्र का सुनियोजित विकास सुनिश्चित हो सके और वर्तमान के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों का भविष्य भी सुरक्षित एवं पर्यावरण संतुलित रह सके।
उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में विकासात्मक गतिविधियों हेतु अधिनियम के अंतर्गत प्रदान की गई छूट की जानकारी भी साझा की। साथ ही यह स्पष्ट किया गया कि ऊना योजना क्षेत्र में शामिल पंचायतों में यदि कोई व्यक्ति भूमि खरीदकर निर्माण करना चाहता है तो उसे नगर एवं ग्राम योजना विभाग से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य है। नगर एवं ग्राम योजना अधिनियम, 1977 की धारा 16(सी) के प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए बताया गया कि भूमि की बिक्री से पूर्व विभाग से प्लॉट स्वीकृत करवाना आवश्यक है तथा खरीददारों को भी केवल विभाग द्वारा स्वीकृत उप-विभाजित प्लॉट ही खरीदने चाहिए, जिससे उन्हें सुव्यवस्थित, वर्गाकार या आयताकार प्लॉट, उचित रास्ते एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
शिविर में भू-संपदा (विनियमन एवं विकास) अधिनियम (रेरा) के प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि अधिसूचित योजना क्षेत्र में 500 वर्ग मीटर भूमि पर प्लॉट अथवा 8 से अधिक अपार्टमेंट का निर्माण कर विक्रय करने के लिए रेरा के अंतर्गत पंजीकरण अनिवार्य है। इसके अतिरिक्त, जिला में कहीं भी 1000 वर्ग मीटर से अधिक भूमि पर प्लॉट या अपार्टमेंट के निर्माण एवं विक्रय की स्थिति में उस क्षेत्र को डीम्ड योजना क्षेत्र माना जाएगा, जहां विभागीय स्वीकृति तथा रेरा पंजीकरण आवश्यक होगा।
निर्मल सिंह ने अवैध निर्माण से उत्पन्न होने वाली भविष्य की समस्याओं के प्रति भी जनप्रतिनिधियों को सचेत किया और बिना विभागीय स्वीकृति किसी भी प्रकार का निर्माण न करने की अपील की।
जागरूकता शिविर में योजना अधिकारी रमेश चन्द, वरिष्ठ प्रारूपकार रवि किशोर, कनिष्ठ अभियंता राधा देवी तथा कनिष्ठ प्रारूपकार रमेश चन्द सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
दिल्ली , पंजाब , राष्ट्रीय , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

500 करोड़ रुपए के लेन-देन की बात : केंद्रीय कृषि मंत्री तोमर के बेटे के तीन कथित वीडियो आए साहमने : मनजिंदर सिंह सिरसा का नाम आया, जिससे सिख राजनीति गरमा गई

चंडीगढ़। केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के बेटे देवेंद्र प्रताप सिंह तोमर के तीन कथित वीडियो जिसमें 500 करोड़ रुपए के लेन-देन की बात चल रही है के बीच तीसरे वीडियो में जिस...
article-image
दिल्ली , पंजाब , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

चिता पर काटा केक … पिता ने दिल पर पत्थर रखकर, बेटी के बर्थडे पर ही सजी अर्थी …देखकर सभी रोए

कवर्धा। कभी सोचा नहीं था कि जिस दिन बेटी केक काटेगी, उसी दिन उसे मुखाग्नि दूंगा—यह शब्द थे उस पिता के, जिसकी 14 वर्षीय बेटी आदित्री भट्टाचार्य का जन्मदिन मंगलवार को था। लेकिन नियति...
article-image
हिमाचल प्रदेश

राज्य सरकार सुशासन के लिए प्रतिबद्ध है और एचएएस अधिकारी इस दिशा में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा सकते : सीएम सुख्खू

एएम नाथ । शिमला :  हिमाचल प्रशासनिक सेवाएं (एचएएस) अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू से शिष्टाचार भेंट की। इस प्रतिनिधिमंडल में वर्ष 2024 बैच के छह एचएएस परिवीक्षाधीन अधिकारी तथा...
article-image
हिमाचल प्रदेश

22 व 23 सितम्बर को चम्बा में आयोजित होगा “पर्पल फेस्ट”

एएम नाथ। चम्बा : दिव्यांगजनों को समर्पित “पर्पल फेस्ट” उत्सव का आयोजन 22 और 23 सितम्बर 2025 को चम्बा मुख्यालय के पुलिस ग्राउंड बार्गा में किया जाएगा। डॉ. राकेश कुमार अवस्थी, संयुक्त क्षेत्रीय केंद्र,...
Translate »
error: Content is protected !!