पारदर्शिता और जवाबदेही आरटीआई का मूल उद्देश्य : गुलेरिया

by
जन-सूचना अधिकारी अधिनियम के तहत आवेदनों का करें निपटारा, तृतीय पक्ष की सूचनाओं को लेकर सभी पहलुओं का रखें ध्यान
धर्मशाला, 04 अगस्त। राज्य सूचना आयुक्त डा एसएस गुलेरिया ने कहा कि सूचना का अधिकार अधिनियम का मूल उद्देश्य नागरिकों को सशक्त बनाना तथा सरकार की कार्यशैली में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाना है। वीरवार को धर्मशाला डीसी परिसर के एनआईसी सभागार में सूचना के अधिकार अधिनियम के कार्यान्वयन की जिला अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए डा एसएस गुलेरिया ने कहा कि यह अधिनियम नागरिकों को सरकार तथा विभिन्न विभागों की गतिविधियों के बारे में जागरूक करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
आरटीआई के तहत कोई भी नागरिक किसी भी सरकारी विभाग से कोई भी जानकारी ले सकता है बस शर्त यह है कि आरटीआई के तहत पूछी जाने वाली जानकारी तथ्यों पर आधारित होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक सरकारी विभाग में जन सूचना अधिकारी होता है जिसके पास आवेदन पत्र जमा करवा सकते है। आवेदन पत्र का फॉर्मेट इन्टरनेट से डाउनलोड कर सकते है या फिर एक सफेद कागज पर अपना आवेदन लिख सकते है, आवेदन किसी भी भारतीय भाषा जैसे हिंदी, इंग्लिश या किसी भी स्थानीय भाषा में दे सकते हैं, आवेदन के तीस दिन के अन्दर आवेदक को लिखित तौरपर उत्तर देना जरूरी है।
उन्होंने सभी जन सूचना अधिकारियों को आरटीआई के तहत थर्ड पार्टी को लेकर मांगी गई जानकारी को लेकर आरटीआई अधिनियमों के तहत निपटारा सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जन सूचना अधिकारी तृतीय पक्ष के संबंध में जानकारी को लेकर सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए उचित निर्णय के लिए प्राधिकृत हैं। इस संबंध में जन सूचना अधिकारियों को आवश्यक तौर पर अधिनियम की विस्तृत जानकारी लेकर कार्यशाला भी आयोजित करवाई जाएगी। इससे पहले उपायुक्त डा निपुण जिंदल ने मुख्यातिथि का स्वागत करते हुए उनके कार्यालय में आरटीआई मामलों के समयबद्व निपटारे के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर एसपी शालिनी अग्निहोत्री, एडीसी सौरभ जस्सल, एसी टू डीसी सुभाष गौतम, जिला योजना अधिकारी अलोक धवन उपस्थित थे।
Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

मुख्यमंत्री ने घुमारवीं विस में समर्पित कीं 69 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाएं

एएम नाथ। बिलासपुर : मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज ज़िला बिलासपुर के घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के अपने एक दिवसीय प्रवास के दौरान जनता को लगभग 69 करोड़ रुपये के विकासात्मक कार्यों की...
article-image
दिल्ली , पंजाब , राष्ट्रीय , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

राखी बांधने का सही समय क्या है? रक्षाबंधन पर 7 घंटे 39 मिनट तक भद्रा का साया

इस साल रक्षाबंधन का त्योहार कई शुभ संयोगों में पड़ा है. रक्षाबंधन के दिन सावन सोमवार है और श्रावण पूर्णिमा भी है. रक्षाबंधन पर ये दो महत्वपूर्ण व्रत हैं. इस बार रक्षाबंधन 19 अगस्त...
article-image
हिमाचल प्रदेश

हिमाचल प्रदेश में शिशु मृत्यु दर प्रति एक हजार जीवित जन्मे शिशुओं पर 21 रह गई , जो हमारे स्वास्थ्य तंत्र की सफलता को दर्शाता : मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू

मुख्यमंत्री ने हिमाचल प्रदेश मानव विकास प्रतिवेदन-2025 का किया विमोचन एएम नाथ। शिमला : मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज यहां ‘हिमाचल प्रदेश मानव विकास प्रतिवेदन-2025’ (हि.प्र. ह्यूमन डेवलेपमेंट रिपोर्ट) का विमोचन करते...
article-image
हिमाचल प्रदेश

अनाथ बच्चों को मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के तहत किया जाएगा कवर : योजना के तहत 0 से 18 तथा 18 से 27 वर्ष के अनाथ बच्चें होंगे लाभान्वित

ऊना, 22 जुलाई – मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना को लेकर शनिवार को जिला स्तर पर कार्यशाला का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता जिला कार्यक्रम अधिकारी सतनाम सिंह ने की। सुख आश्रय योजना के बारे...
Translate »
error: Content is protected !!