किशाऊ परियोजना से हिमाचल को सालाना 1200 करोड़ आय की उम्मीद : पठानिया
वित्तीय अधिकारों और संसाधनों की मजबूती के लिए सरकार प्रतिबद्ध : पठानिया
एएम नाथ। चंबा : उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने मंगलवार को आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश सरकार की उपलब्धियों और हिमाचल से जुड़े विभिन्न वित्तीय एवं विकासात्मक मुद्दों पर जानकारी दी। उन्होंने किशाऊ बांध परियोजना को हिमाचल के लिए निर्णायक और ऐतिहासिक समझौता बताया। उनके अनुसार परियोजना से हिमाचल को 211 मेगावाट बिजली मिलेगी और बिजली उत्पादन पर होने वाला खर्च संबंधित पानी उपयोग करने वाले राज्यों द्वारा वहन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वर्तमान आकलन के अनुसार परियोजना पूरी होने पर प्रदेश को करीब 1,200 करोड़ रुपये सालाना आय होने की संभावना है।
वाइल्ड फ्लावर हॉल के संबंध में पठानिया ने कहा कि 23 वर्ष से एक रुपये की लीज पर चल रहे होटल की लीज रद्द होने के बाद प्रदेश को इसके मालिकाना हक मिले हैं। उनके अनुसार इससे प्रदेश को करीब 450 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं तथा हर वर्ष करीब 20 करोड़ रुपये की आय होने की संभावना है।
उन्होंने कहा कि बीबीएमबी से हिमाचल की लंबित करीब 7,200 करोड़ रुपये की राशि की वसूली के लिए मुख्यमंत्री लगातार प्रयास कर रहे हैं। शानन और बैरास्यूल परियोजनाओं की 40 वर्ष की निर्धारित अवधि पूरी होने का उल्लेख करते हुए उन्होंने इन पर प्रदेश के अधिकारों की पैरवी की।
पठानिया ने चंबा की जलविद्युत परियोजनाओं से होने वाले पर्यावरणीय नुकसान का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि चमेरा परियोजनाओं से प्रभावित चंबा को इनके लाभों में उचित हिस्सेदारी मिलनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में एक हजार इलेक्ट्रिक बसों का प्रावधान किया गया है। उनके अनुसार इससे एचआरटीसी की आय बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश के वित्तीय संसाधनों और अधिकारों को मजबूत करने के लिए प्रयासरत है।
