बठिंडा। युवा कांग्रेसी नेता खुशबाज सिंह जटाणा की सड़क दुर्घटना में हुई मौत ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस घटना को लेकर अब राजनीतिक माहौल गरमा गया है और निष्पक्ष जांच की मांग जोर पकड़ती जा रही है।
जटाणा के अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे, जिससे उनके जनसंपर्क और लोकप्रियता का अंदाजा लगाया जा सकता है। अंतिम संस्कार में पंजाब कांग्रेस के प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। इस दौरान नेताओं ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
राजा वड़िंग ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि परिवार और समर्थकों द्वारा उठाए जा रहे सवालों का जवाब हरियाणा पुलिस को देना होगा। उन्होंने कहा कि इस मामले को हल्के में नहीं लिया जा सकता और पूरी पारदर्शिता के साथ जांच होना बेहद जरूरी है। उन्होंने हादसे की परिस्थितियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर कैसे एक ट्रक पीछे से आकर जटाणा की गाड़ी को टक्कर मारता है और उन्हें काफी दूर तक घसीटता ले जाता है। इसके बाद चालक का मौके से फरार हो जाना भी कई शंकाएं पैदा करता है।
राजा वड़िंग ने कहा कि यदि यह सामान्य सड़क हादसा था तो चालक का इस तरह मौके से भाग जाना समझ से परे है। इससे लोगों के मन में संदेह पैदा हो रहा है, इसलिए मामले की गहराई से जांच कर सच्चाई सामने लाना जरूरी है। उन्होंने जानकारी दी कि हरियाणा पुलिस ने संबंधित ट्रक का पता लगा लिया है और चालक को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
राजा वड़िंग ने खुशबाज सिंह जटाणा को एक सुलझे हुए और प्रभावशाली नेता के रूप में याद किया। उन्होंने कहा कि उनकी असमय मृत्यु से न केवल उनके परिवार और समाज को बल्कि कांग्रेस पार्टी को भी अपूरणीय क्षति हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि अंतिम संस्कार में उमड़ी भारी भीड़ इस बात का प्रमाण है कि जटाणा का लोगों से गहरा जुड़ाव था। उन्होंने आश्वासन दिया कि पूरी कांग्रेस पार्टी जटाणा के परिवार के साथ खड़ी है और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करेगी। इस घटना के बाद क्षेत्र में लोगों के बीच चर्चा तेज हो गई है और सभी की नजरें अब जांच की दिशा और उसके निष्कर्ष पर टिकी हुई हैं।
