मोगा : मोगा की एडिशनल सेशन जज की अदालत ने एक युवती से दुष्कर्म के मामले में धार्मिक स्थल से जुड़े सेवादार (बाबा) को दोषी करार दिया है। अदालत ने आरोपी को 10 साल की सश्रम कैद और 55 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
पूरा मामला जानिए :- लुधियाना के रहने वाली एक 25 साल के युवती ने जगराओं में स्थित डेरा चरण घाट के मुख़्य सेवादार पर आरोप लगाते हुए पुलिस को शिकायत की थी । डेरा चरण घाट के मुख्य सेवादार बलविंदर सिंह ने 6 मई को एक 25 साल की युवती को मोगा के एक निजी होटल में लाकर दुष्कर्म किया । युवती के परिवार डेरे में जाते थे जिस करके लड़की ने अपने नशेड़ी भाई को सुधारने के लिए फरियाद लेकर गई डेरा में गई थी । सेवादार ने लड़की को स्पेशल अरदास करवाने की बात कह कर साढ़े चार महीने पहले मोगा के होटल में मुख सेवादार बलविंदर सिंह ने रेप के बाद मारपीट की और उसकी वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने लगा और डेरे में बुलाक सप्ताह में दो बार जबरदस्ती दुष्कर्म करते थे। इसी सेवादार पर 2 सितंबर 2024 को एक अन्य लड़की ने भी लुधियाना में पुलिस के पास शिकायत दर्ज की थी। दूसरे लड़की ने मोगा पुलिस को शिकायत करने के बाद मोगा मेहिना पुलिस ने 18 सितंबर 2024 को आरोपी बलजिंदर सिंह के खिलाफ दुष्कर्म धमकाने के आरोप में केस दर्ज कर गिरफ्तार की थी।
मोगा अदालत द्वारा 5 जनवरी (सोमवार ) को केस की सुनवाई के दौरान धार्मिक स्थल की मुख्य सेवादार बलजिंदर सिंह को दोषी करार देते हुए 10 साल कैद व 55 हजार रुपए जुर्माने का फैसला सुनाया है।
