शादीशुदा प्रेमिका ने की थी हत्या, अब पूरा परिवार गिरफ्तार : 33 दिन बाद अब मर्डर मिस्ट्री का खुल गया राज – पंकज ने बनाया था निशु के नाम का टैटू, 9 साल का था रिलेशन

by

एएम नाथ।पालमपुर :   पंकज के मर्डर के 33 दिन बाद अब मर्डर मिस्ट्री का राज खुल गया है। इस क्राइम थ्रीलर कहानी की तरह जब परत-दर-परत खुलती है तो हर कोई हैरान है। मामला हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के पालमपुर का है। 27 साल के युवक पंकज के मर्डर केस में उसकी शादीशुदा प्रेमिका निशु, उसके पति, पिता, जीजा, बहन और बहन के बेटे को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।  कांगड़ा की एसपी शालिनी अग्निहोत्री ने शुक्रवार को इस मामले पर प्रेस कॉन्फ्रेस की और ब्लाइंड मर्डर की पूरी कहानी मीडिया के सामने रखी। गौरतलब है कि कांगड़ा पुलिस की एसआईटी टीम ने पंचरुखी हत्या की जांच की और 4 पुरुष और 2 महिलाओं को गिरफ्तार किया।

जानकारी के अनुसार, यह कहानी 13 जनवरी की रात से शुरु होती है।  आधी रात को पंकज अपनी पड़ोसी शादीशुदा प्रेमिका निशु से मिलने के लिए उसके घर गया था। दोनों बीते नौ साल से एक दूसरे के साथ रिलेशनशिप में थे। मुलाकात के दौरान कमरे में दोनों के बीच बहसबाजी हुई और फिर निशु ने उसे कुदाल से मार दिया। निशु ने पंकज के सिर पर कुदाल से वार किए और इससे उसकी मौत हो गई।  घटना के दौरान फिर निशु घबरा गई और तो फिर वहां से सीधे अपने मायके सलियाणा पहुंची और पिता और परिवार को वारदात के बारे में जानकारी दी।

           मर्डर तो निशु ने कर दिया था लेकिन अब परिवार इस हत्याकांड में बचना चाहता था और मुख्य आरोपी प्रेमिका निशु और पिता उत्तम चंद, बहन रजनी और पति शशि कुमार ने वारदात को लेकर बड़ा षड़यंत्र रचा. ये लोग सीधे घटनास्थल नहीं पहुंचे, बल्कि एक शादी समारोह में गए, जहां उन्होंने बहन के पति अजय को भी वारदात की जानकारी दी। एसपी शालिनी ने धर्मशाला में मीडिया को बताया कि शादी से लौटने के बाद सभी ने नागनी-खुंडियां सड़क पर शव को ठिकाने लगाने के लिए जगह की खोजबीन की और फिर शव को कंबल में लपेटकर रस्सी से बांधा और ज्वालामुखी के सुरानी जंगल में ढांक से नीचे फेंक कर घर लौट गए। इस दौरान सुबूत मिटाने के लिए पंकज की जैकेट, चप्पल और रस्सी जला दी गई. साथ ही मोबाइल को तोड़कर दूसरी जगह फेंका गया।  हालांकि, अब तक हत्या में इस्तेमाल कुदाल बरामद नहीं हुआ है, जिसकी तलाश की जा रही है. इस मामले की पड़ताल डीएसपी पालमपुर लोकेंद्र सिंह नेगी, एसएचओ भूपेंद्र सिंह ठाकुर और पुलिस जवान प्रवीन ने की है और मिस्ट्री को सॉल्व किया।

18 जनवरी को पंकज को बुलाया था घर :  एसपी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि यह ब्लाइंड मर्डर काफी  चुनौतीपूर्ण था।  क्योंकि काफी दिन तक कोई सुबूत पुलिस को नहीं मिला था। गहन जांच और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मृतक के पड़ोस में रहने वाली निशु कुमारी, उसके पति सुशील कुमार और निशु के पिता उत्तम चंद को संदेह के आधार पर गिरफ्तार किया।  निशु बाला ने पंकज को 18 जनवरी 2025 को अपने घर बुलाया और लोहे के औजार से उसके सिर पर प्रहार कर उसकी हत्या कर दी। उस दौरान निशु का पति मौजूद नहीं था।  आरोपियों ने लाश के कुछ हिस्सा जलाया भी था।

एसपी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि सभी आरोपियों ने साक्ष्यों को नष्ट करने की कोशिश की ताकि उन पर शक न हो. फॉरेंसिक टीम ने अलग-अलग स्थानों से साक्ष्य एकत्र किए। एसपी ने खुलासा किया कि मर्डर केस में तीन आरोपी अजय, रजनी और अभिषेक पर पहले से नशा तस्करी का मामला दर्ज है और वे जेल में बंद हैं।  कांगड़ा के एसएसपी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि पुलिस थाना ज्वालामुखी के क्षेत्र में एक अज्ञात व्यक्ति की अधजली लाश मिली थी और जांच के दौरान शव की पहचान पंकज कुमार, निवासी वटाहण, पंचरुखी के रूप में हुई, जिसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट 19 जनवरी 2025 को पुलिस थाना पंचरुखी में दर्ज करवाई गई थी।

निशु ने पंकज पर दर्ज करवाए थे मामले : एसपी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया ने बताया कि निशु और पंकज एक दूसरे के साथ 8-9 साल से रिलेशनशिप में थे. हालांकि, निशु ने पकंज पर छेड़छाड़ और मारपीट के दो मामले भी दर्ज करवाए थे। लेकिन दोनों का मेलमिलाप जारी थी। पकंज ने अपने बदन निशु के नाम का टैटू भी बनवाया था। गौरतलब है कि पंकज के शव की पहचान इसी टैटू और उसके पैरों से हुई थी. क्योंकि उसके पैर आम लोगों के पैरों से थोड़ा अलग थे. बता दें कि यह शव ढांक से नीचे फेंका गया था और करीब 26 दिन बाद उस वक्त बरामद हुआ था, जब कुछ लोगों को यहां पर बदबू आई थी. घटना के बाद शव जब पालमपुर लाया गया था तो काफी हंगामा भी हुआ था और परिजनों ने हाईवे भी जाम कर दिया था।  हालांकि, अब पुलिस ने इस मर्डर मिस्ट्री को सुलझा लिया है।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
दिल्ली , पंजाब , राष्ट्रीय , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

भारतीय हॉकी का गौरव: 100 वर्षों में 13 ओलंपिक पदक और ऐतिहासिक जीतें

नई दिल्ली :  1925 में शुरू हुआ भारतीय हॉकी का सफर आज भी जारी है. इंडियन हॉकी फेडरेशन (IHF) की स्थापना 1925 में ग्वालियर में हुई थी. अगले ही साल भारतीय टीम ने न्यूजीलैंड...
article-image
पंजाब

9010 सेवाओं के लिए हुआ आवेदन, 7573 का हुआ मौके पर निपटारा- 1801 शिकायतों में से 1757 मौके पर की गई हल

कैंपों में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव के लिए वोटर फार्म भी किए जा रहे हैं प्राप्त होशियारपुर, 12 फरवरी: डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने होशियारपुर में ‘आप दी सरकार आप दे दुआर’...
article-image
पंजाब , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

सेक्टर-46 सी के प्रतिनिधिमंडल ने डीएसपी गुरजीत कौर व एसएचओ शादीलाल से की मुलाकात, सुरक्षा व जनहित के मुद्दों पर हुई चर्चा

पुनीत महाजन l  चंडीगढ़, 7 जून : सेक्टर-46 सी के निवासियों की समस्याओं और क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर रेजिडेंट वेलफेयर कमेटी (आरडब्ल्यूसी) सेक्टर-46 सी के अध्यक्ष नरेंद्र भाटिया और मुख्य संरक्षक जतिंदर...
article-image
हिमाचल प्रदेश

सावधान! ऊना में बेसमेंट खरीदने से पहले जांचें नक्शा, वरना हो सकती है बड़ी परेशानी : महेंद्र पाल गुर्जर

रोहित जसवाल।  ऊना, 18 जुलाई. यदि आप ऊना नगर निगम क्षेत्र में किसी भवन की बेसमेंट खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो थोड़ा ठहरिए…और पहले सावधानी से पूरी जांच-पड़ताल कर लीजिए। कहीं ऐसा...
Translate »
error: Content is protected !!