कौमी इंसाफ मोर्चे के संरक्षक ने बताया छवि खराब करने की साजिश; मोहाली साइबर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ शुरू की जांच
मोहाली, 30 अक्टूबर। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के दोषी जगतार सिंह हवारा के पिता और कौमी इंसाफ मोर्चे के संरक्षक गुरचरण सिंह की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से कथित तौर पर अश्लील फर्जी वीडियो तैयार कर सोशल मीडिया पर प्रसारित करने का मामला सामने आया है। गुरचरण सिंह ने इसे अपनी सामाजिक छवि और चरित्र को नुकसान पहुंचाने की साजिश बताते हुए मोहाली साइबर पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वीडियो को बताया पूरी तरह फर्जी
गुरचरण सिंह के अनुसार, AI तकनीक की मदद से उनकी अश्लील वीडियो तैयार की गई और बाद में इसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि वीडियो वास्तविक नहीं है और इसका उद्देश्य उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाना तथा चरित्र हनन करना है।
2022 से रंजिश रखने वाले व्यक्ति पर जताया संदेह
शिकायत में गुरचरण सिंह ने फतेहगढ़ साहिब जिले के एक व्यक्ति पर संदेह जताया है। उनका आरोप है कि उक्त व्यक्ति वर्ष 2022 से उनसे रंजिश रखता है और सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ कथित तौर पर भ्रामक पोस्ट डालता रहा है। उन्हें आशंका है कि फर्जी वीडियो तैयार करने और प्रसारित करने के पीछे भी उसी व्यक्ति का हाथ हो सकता है। हालांकि, इस आरोप की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से वीडियो हटाने की मांग
गुरचरण सिंह ने पुलिस से मांग की है कि वीडियो को सोशल मीडिया के सभी प्लेटफॉर्म से हटवाया जाए। विशेष रूप से यूट्यूब पर अपलोड की गई सामग्री को हटाने और वीडियो बनाने तथा प्रसारित करने में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई है।
2023 से मोहाली में कर रहे हैं मोर्चे का नेतृत्व
गुरचरण सिंह ने शिकायत में बताया कि वह पटियाला जिले के निवासी हैं और 7 जनवरी 2023 से मोहाली में चल रहे कौमी इंसाफ मोर्चे का नेतृत्व कर रहे हैं। यह मोर्चा सजा पूरी कर चुके बंदी सिखों की रिहाई सहित सिखों से जुड़े अन्य मुद्दों को लेकर सरकार से इंसाफ की मांग कर रहा है। उनका आरोप है कि कुछ लोग लगातार मोर्चे की छवि खराब करने का प्रयास कर रहे हैं।
BNS और IT एक्ट के तहत मामला दर्ज
मोहाली साइबर पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 294, 352 और 356(3) तथा आईटी एक्ट की धारा 66 के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस वीडियो के स्रोत, इसे अपलोड करने वाले अकाउंट और इसे आगे प्रसारित करने वालों की पहचान करने में जुटी है। फिलहाल किसी आरोपी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं है।
