सीटू की बीबीएन उद्योगिक क्षेत्र की समन्वय समिति की बैठक
बीबीएन, 8 फरवरी (तारा) : सीटू की बीबीएन इंडस्ट्रियल एरिया की समन्यव समिति की बैठक में 12 फरवरी को पूरे देश में चल रहे राष्ट्रीय अभियान के तहत होने वाली हड़ताल की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि नालागढ़ में होने वाली इस संघर्षपूर्ण कार्रवाई में औद्योगिक क्षेत्र के हजारों मजदूर, औद्योगिक श्रमिक और स्कीम वर्कर्स बड़े पैमाने पर भाग लेंगे और मजदूर-विरोधी नीतियों के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करेंगे।
वक्ताओं ने संयुक्त रूप से केंद्र सरकार की ओर से लागू किए गए चार श्रम संहिताओं का कड़ा विरोध किया।उन्होंने कहा कि कानून मजदूरों के हितों की रक्षा करने के बजाय पूंजीपतियों और बड़े उद्योगपतियों को फायदा पहुँचाने के लिए बनाए गए हैं तथा मजदूरों के दशकों के संघर्ष से हासिल अधिकारों पर सीधा हमला हैं।
राज्य अध्यक्ष विजेंद्र मेहरा ने कहा कि वेज कोड मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी को कमजोर करता है और वास्तविक महंगाई के अनुसार वेतन बढ़ाने की ठोस गारंटी नहीं देता, जिससे ठेका और असंगठित मजदूरों का शोषण और बढ़ेगा। इंडस्ट्रियल रिलेशंस कोड मालिकों को मजदूरों की छंटनी और तालाबंदी का लगभग खुला अधिकार देता है, जिससे नौकरी की सुरक्षा खत्म होगी और बेरोजगारी बढ़ेगी। सोशल सिक्योरिटी कोड पेंशन, ईएसआई और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं को कमजोर करता है, जिससे बीमारी, दुर्घटना और बुढ़ापे में मजदूर असुरक्षित हो जाएंगे। ऑक्युपेशनल सेफ्टी, हेल्थ एंड वर्किंग कंडीशंस कोड फैक्ट्रियों में सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने के बजाय निरीक्षण व्यवस्था को ढीला करता है, जिससे कार्यस्थल पर दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ेगा।
कामगार नेताओं ने यह भी स्पष्ट किया कि नए श्रम कानूनों के कारण यदि कोई मजदूर अपने अधिकारों के लिए लड़ना चाहे, तो लेबर कोर्ट जाने के बाद भी उसे अतिरिक्त कानूनी बाधाओं का सामना करना पड़ेगा, जिससे न्याय पाना और कठिन हो जाएगा।
बैठक की अध्यक्षता बीबीएन कोऑर्डिनेशन कमेटी के कन्वीनर अनिल ने की। उन्होंने सभी यूनियनों, मजदूर साथियों और स्कीम वर्कर्स से जोरदार अपील की कि वे 12 फरवरी की हड़ताल को ऐतिहासिक बनाने के लिए पूरी एकजुटता के साथ संघर्ष में शामिल हों। बैठक में विशेष रूप से उपस्थित जिला महासचिव मोहित वर्मा, जिला उपाध्यक्ष दलजीत सिंह के साथ-साथ विकास, नीरज, प्रमोद और अजय सहित अनेक यूनियन प्रतिनिधि और सक्रिय मजदूर साथी भी मौजूद रहे।
