मेडिकल बिलों के लिए बजट का प्रावधान करे सरकार

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जनवरी 2016 से 31 जनवरी 2022 के बीच सेवानिवृत हुए पेंशनरों को मिले बकाया राशि,

चंडी व पट्टा सीएसटी में मुहैया कराया जाए स्टाफ,

चण्डी -घड़सी इकाई के पेंशनरों की मासिक बैठक

पट्टा मेहलोग,13 फरवरी (तारा) : प्रदेश पेंशनर्स एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन चण्डी -घड़सी इकाई की मासिक बैठक मेडिकल बिलों के लिए बजट का प्रावधान करने की मागं रखी। चण्डी में आयोजित बैठक की अध्यक्षता इकाई के अध्यक्ष पीसी वर्मा ने की। बैठक में मुख्यमंत्री का 70 वर्ष पुर्ण कर चुके पेंशनरों का छटे वेतन आयोग के अनुसार संशोधित पेंशन एरियर का शत-प्रतिशत भुगतान के लिए अभार जताया।

बैठक में चतुर्थ श्रेणी से सेवा निवृत्त हुए कर्मचारियों ने इस बात पर हैरानी जताई कि उन्हे सरकार की अधिसूचना के बावजूद भी ग्रेच्यूटी और लिव इन कैश मैट का भुगतान नहीं हुआ है। इस बात पर भी खेद व्यक्त किया गया कि 17 दिसम्बर को अखिल भारतीय पेंशनर्स दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री ने पेंशनरों को एक महिने के अन्दर सभी चिकित्सा बिलों के भुगतान की जो घोषणा की थी। वह भी पुर्ण रुप से अमल में नहीं हुई है। आज भी पेंशनर्स वर्ग के करोड़ों के चिकित्सा बिलों का भुगतान करना बाकी है।
बैठक में पेंशनरों के देय भतों और अन्य समस्याओं पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक में इस बात पर भी सभी एकमत दिखे कि पेंशनर्स का एक वर्ग जो 1जनवरी 2016 से 31 जनवरी 2022 के मध्य सेवानिवृत्त हुआ है उसके साथ छठे वेतन आयोग की ओर से निर्धारित लिव-इन कैशमैंट ग्रेच्यूटी और कम्यूटेंशन का लाखों रुपये प्रति पेंशनर बनता है। उनका यही सवाल है कि उनके बाद सेवानिवृत्त पेंशनर्स को उनका यह पैसा एकमुश्त मिल चुका है। पैंशनरों के साथ भेदभाव क्यों ? सभी ने यह माना कि सरकार इस वर्ग के साथ उनका उपरोक्त पैसा न देकर उनके साथ अमानवीय और क्रुर व्यवहार कर रही है। इसके अतिरिक्त महंगाई भतो का एरियर, और बाकी महंगाई भत्तों की देय किश्तों का भुगतान न होना इत्यादि पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में प्रस्ताव पारित करके सरकार से मांग की गई कि जल्दी से जल्दी पेंशनरों की जेसीसी गठित करके बातचीत के लिए बुलाया जाएं। बैठक में काफी समय से चल रही स्वास्थ्य सेवाओं सम्बंधी मांग जिसमें सरकार ने दून विधानसभा क्षेत्र के पहाड़ी क्षेत्र में चण्डी और पट्टा में पीएचसी को अपग्रेड करके
सीएचसी तो बना दिया परन्तु न तो चण्डी में और न ही पट्टा में सीएचसी स्तरीय स्टाफ के पद स्वीकृत हुए हैं। जिससे यह संस्थान केवल रैफरल इंस्टीट्यूट बनकर रह गये हैं। बैठक में सरकार से मांग कर दोनों सीएचसी में स्टाफ मुहैया कराया जाए। इससे पूर्व बैठक में पेंशनर ओम प्रकाश, सन्त राम शर्मा व सोहन लाल के निधन पर गहरा दुःख प्रकट किया गया और उनकी आत्मिक शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर प्रार्थना की गई।
इस अवसर पर इकाई के महासचिव हंसराज शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष कृष्ण गोपाल शर्मा, रोशनलाल वर्मा, मैडम रामपति थलयारी, राम चन्द वर्मा, जिला प्रतिनिधि ख्याली राम रघुवंशी, जिला प्रतिनिधि बाबु राम चौहान, बलदेव सिंह इत्यादि पेंशनर्स मौजूद रहे।
फोटो कैप्शन : चंडी में आयोजित बैठक में भाग लेते हुए पेंशनर

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