वायरल वीडियो से सियासी हलचल, कौल सिंह बोले— राजनीति छोड़ अब भक्ति के मार्ग पर
हिमाचल की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम, आठ बार के विधायक कौल सिंह ठाकुर ने लिया संन्यास
एएम नाथ। शिमला : हिमाचल प्रदेश की राजनीति के वरिष्ठ नेता, पूर्व मंत्री और आठ बार विधायक रहे कौल सिंह ठाकुर ने सक्रिय राजनीति से संन्यास लेने का ऐलान कर प्रदेश की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में कौल सिंह ठाकुर अपनी पत्नी और अन्य परिजनों के साथ संत रामपाल का आशीर्वाद लेते नजर आ रहे हैं। वीडियो में वह स्वयं कहते सुनाई देते हैं कि उन्होंने राजनीति से संन्यास ले लिया है और अब संत रामपाल की शरण में आ गए हैं।
वीडियो के दौरान संत रामपाल उन्हें दीक्षा ग्रहण कर भक्ति के मार्ग पर चलने का संदेश देते दिखाई देते हैं। इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में विभिन्न तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। हालांकि, इस संबंध में कौल सिंह ठाकुर की ओर से वीडियो के अतिरिक्त कोई विस्तृत सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है।
करीब चार दशक तक हिमाचल प्रदेश की राजनीति में सक्रिय रहे कौल सिंह ठाकुर कांग्रेस के प्रमुख नेताओं में गिने जाते रहे हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार में मंत्री के रूप में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं और आठ बार विधायक चुने गए। मंडी क्षेत्र सहित पूरे प्रदेश में उनका प्रभावशाली राजनीतिक आधार माना जाता रहा है।
उनके राजनीति से संन्यास लेने के दावे को राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यदि यह निर्णय अंतिम रूप से प्रभावी रहता है, तो इसका असर प्रदेश की कांग्रेस राजनीति और विशेषकर मंडी क्षेत्र के राजनीतिक समीकरणों पर पड़ सकता है।
फिलहाल कांग्रेस की ओर से इस घटनाक्रम पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी नहीं की गई है। ऐसे में वायरल वीडियो में कौल सिंह ठाकुर द्वारा कही गई बातों को ही इस घटनाक्रम का आधार माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में उनके इस फैसले और उसके राजनीतिक प्रभाव को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो सकती है।
