लोहागढ़ हादसा नहीं, हत्या का मामला; सिया गोयल और चेतन चौधरी के खिलाफ पुलिस ने पेश किए CCTV, मोबाइल डेटा, कॉल रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्य
पुणे के केतन अग्रवाल हत्याकांड में पुणे ग्रामीण पुलिस ने वाडगांव मावल कोर्ट में 5,053 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। चार्जशीट में WhatsApp चैट, तस्वीरें, मोबाइल डेटा, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), CCTV फुटेज, गवाहों के बयान और तकनीकी जांच से जुड़े दस्तावेज शामिल किए गए हैं। पुलिस ने करीब 80 से 85 लोगों के बयान दर्ज किए हैं।
पुलिस के अनुसार, तीन गवाह ऐसे हैं जिन्होंने घटना के दौरान सिया गोयल और चेतन चौधरी को देखने की बात कही है। शुरुआत में केतन की मौत को लोहागढ़ किले से गिरने का हादसा माना गया था, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने इसे हत्या का मामला बताया और सिया तथा चेतन पर कथित साजिश का आरोप लगाया।
CCTV फुटेज से बदली जांच की दिशा
पुलिस के मुताबिक, केतन 18 जून को अपनी मंगेतर सिया और दो दोस्तों के साथ लोहागढ़ किले गया था। शुरुआती जानकारी में बताया गया था कि तस्वीर लेते समय पैर फिसलने से वह करीब 400 फीट नीचे खाई में गिर गया।
जांच के दौरान टिकट काउंटर के पास लगे CCTV फुटेज में हुडी पहने एक व्यक्ति केतन और सिया के पीछे जाता दिखाई दिया। पुलिस ने उसकी पहचान चेतन चौधरी के रूप में की है।
पुलिस का दावा है कि चेतन ने घटना वाले दिन अपना मोबाइल फोन काम की जगह पर छोड़ दिया था और सुबह करीब 7 बजे से शाम 5:40 बजे तक इंटरनेट बंद रखा था।
कॉल रिकॉर्ड और सर्च हिस्ट्री भी जांच के दायरे में
जांचकर्ताओं ने सिया और चेतन के मोबाइल डेटा तथा कॉल रिकॉर्ड की भी जांच की। पुलिस के अनुसार, दोनों के बीच हजारों बार बातचीत हुई थी, जिनमें कई लंबी कॉल भी शामिल थीं।
चार्जशीट में सिया की ऑनलाइन सर्च हिस्ट्री का भी उल्लेख किया गया है। पुलिस के मुताबिक, उसने 2025 में लोहागढ़ में हुए एक हादसे, जिसमें एक महिला की मौत हुई थी, से संबंधित जानकारी खोजी थी। इसके अलावा सोनम रघुवंशी हत्याकांड से जुड़ी ऑनलाइन सर्च का भी पुलिस ने चार्जशीट में जिक्र किया है।
14 जून को भी केतन को लोहागढ़ ले जाने का आरोप
चार्जशीट में पुलिस ने आरोप लगाया है कि 18 जून की घटना से पहले 14 जून को भी सिया केतन को लोहागढ़ लेकर गई थी। पुलिस के अनुसार, उस दौरान उसे चट्टान से धक्का देने की कोशिश की गई, लेकिन केतन झाड़ी पकड़कर बच गया।
जांचकर्ताओं का आरोप है कि इसके बाद 18 जून को केतन को दोबारा लोहागढ़ ले जाया गया, जहां उसकी मौत हुई। पुलिस ने सिया और चेतन के बीच कथित संबंध तथा हत्या की कथित योजना को भी जांच का हिस्सा बनाया है।
सिया और चेतन हिरासत में
सिया गोयल और चेतन चौधरी फिलहाल हिरासत में हैं। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान दोनों ने मामले में अपनी भूमिका स्वीकार की है। हालांकि, इन आरोपों और कथित स्वीकारोक्ति का अंतिम कानूनी मूल्यांकन अदालत में साक्ष्यों और बचाव पक्ष की दलीलों के आधार पर होगा।
मामले में अब 5,053 पन्नों की चार्जशीट, CCTV फुटेज, मोबाइल डेटा, CDR, सर्च हिस्ट्री, गवाहों के बयान और अन्य दस्तावेज अदालत की आगे की कार्यवाही का हिस्सा होंगे।
