फगवाड़ा। लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में सोशल मीडिया पर वायरल एक छात्रा से कथित यौन उत्पीड़न के दावे के बाद हुए हिंसक बवाल के करीब 22 घंटे बाद यूनिवर्सिटी की सीनियर मैनेजमेंट सामने आई। प्रो-चांसलर रश्मि मित्तल ने करीब सात मिनट का वीडियो जारी कर घटना पर दुख जताया और कहा कि अगर छात्रों को कोई शिकायत थी तो उन्हें मैनेजमेंट से सीधे संपर्क करना चाहिए था। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी में छात्रों के लिए शिकायत रखने के कई माध्यम उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा कि वह इस घटना से बेहद आहत हैं और सोशल मीडिया पर चल रही सूचनाओं पर बिना पुष्टि के भरोसा नहीं किया जाना चाहिए। रश्मि मित्तल ने कहा कि अगर छात्र मैनेजमेंट के साथ मिलकर मामले की जांच करते तो स्थिति इस स्तर तक नहीं पहुंचती।
10 दिन के लिए बंद LPU, मिड-टर्म परीक्षाएं स्थगित
हिंसक प्रदर्शन के बाद LPU ने 28 सितंबर से 10 दिन के लिए नियमित कक्षाएं निलंबित कर दी हैं। मिड-टर्म परीक्षाएं भी अगले आदेश तक स्थगित कर दी गई हैं। यूनिवर्सिटी ने छात्रों को अपने माता-पिता की सहमति से घर जाने की अनुमति दी है। सोमवार को बड़ी संख्या में छात्र कैंपस से अपने घरों के लिए रवाना हुए।
कैंपस और आसपास मोबाइल इंटरनेट बंद
बवाल के बाद सोमवार को LPU कैंपस और आसपास के क्षेत्र में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं निलंबित कर दी गईं। प्रशासन का उद्देश्य सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट और भड़काऊ सूचनाओं को रोकना बताया गया है। कैंपस में सुरक्षा के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।
महिला आयोग ने मांगी FIR और जांच रिपोर्ट
पंजाब राज्य महिला आयोग ने मामले का स्वत: संज्ञान लेते हुए कपूरथला के DC और SSP से FIR की कॉपी, अब तक की जांच और कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी है। आयोग ने LPU में छात्राओं के हॉस्टल की सुरक्षा व्यवस्था और उठाए गए सुरक्षा कदमों की जानकारी भी मांगी है। रिपोर्ट 30 सितंबर तक मांगी गई है।
CM मान के निर्देश पर DGP ने लिया जायजा
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घटना पर संज्ञान लेते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उनके निर्देश पर पंजाब के DGP गौरव यादव ने LPU पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था और घटनाक्रम का जायजा लिया।
DGP के अनुसार पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के दौरान न्यूनतम बल का इस्तेमाल किया और छात्रों से बातचीत के जरिए मामला सुलझाने का प्रयास किया। हिंसा और तोड़फोड़ की जांच के लिए विशेष जांच टीम बनाई गई है।
रेप के दावे पर FIR, SIT जांच कर रही
छात्रों की मांग के बाद पुलिस ने एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ कथित रेप के आरोप में FIR दर्ज की है और मामले की जांच के लिए SIT गठित की है। पुलिस ने कहा है कि मामले की वैज्ञानिक तरीके से जांच की जाएगी और CCTV फुटेज, फोरेंसिक साक्ष्य तथा फोन डेटा की जांच की जा रही है।
हालांकि, पुलिस की शुरुआती जांच में कथित घटना की पुष्टि नहीं हुई है। जिस कमरे में घटना होने का दावा किया गया था, वहां मौजूद तीन छात्राओं ने भी ऐसी घटना होने से इनकार किया। LPU प्रबंधन ने भी वायरल दावे को गलत और अपुष्ट बताया है। इसलिए कथित यौन उत्पीड़न को फिलहाल जांचाधीन मामला ही माना जा रहा है।
तोड़फोड़, आगजनी और हाईवे जाम से बिगड़े हालात
रविवार को विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। कैंपस में तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं हुईं तथा जालंधर-फगवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर लंबा जाम लग गया। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव की स्थिति बनी और पुलिस वाहनों को भी नुकसान पहुंचा। हाईवे पर यातायात कई घंटे प्रभावित रहा।
पुलिस ने अब कैंपस की सुरक्षा अपने नियंत्रण में ले ली है। मामले की जांच SIT कर रही है और हिंसा, तोड़फोड़ तथा कथित यौन उत्पीड़न—तीनों पहलुओं पर अलग-अलग तथ्यों की जांच की जा रही है।
