फार्मासिस्ट (एलोपैथी) के भरें जाएंगे 18 पद

by

ऊना: निदेशक चिकित्सा सेवाएं हिमाचल प्रदेश द्वारा फार्मासिस्ट (एलोपैथी) के 18 पद बैच बाईस भरे जायेंगे। इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला रोजगार अधिकारी ऊना अनीता गौतम ने बताया कि फार्मासिस्ट पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता साईंस में 12वीं पास के साथ फार्मासिस्ट (एलोपैथी) में डिग्री उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। उन्होंने बताया कि अनारक्षित श्रेणी में 6 पद फरवरी 1999 बैच, अनारक्षित वर्ग की आर्थिक रूप से कमजोर श्रेणी में 2 पद अक्तूबर 2000 बैच, अनारक्षित वर्ग की स्वतंत्रता सेनानी श्रेणी में 1 पद दिसंबर 2003 बैच, ओबीसी श्रेणी में 3 पद दिसंबर 2002 बैच, ओबीसी वर्ग की अंतोदया/बीपीएल श्रेणी में 1 पद दिसंबर 2018 बैच, एससी श्रेणी में 4 पद कई 2004 बैच तथा एसटी श्रेणी में 1 पद दिसंबर 2007 बैच के आधार पर भरे जायेंगे। उन्होंने कहा कि इच्छुक अभ्यार्थियों अपने संबंधित रोजगार कार्यालय में प्रमाण पत्र सहित 23 जुलाई से पहले अपनी उपस्थिति सुनिश्चित करें ताकि अभ्यार्थी का नाम विभाग को भेजा जा सकें। अधिक जानकारी के लिए 01975-226063 पर सम्पर्क कर सकते हैं।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

हिमाचल के सीमांत क्षेत्रों की सड़कों के रखरखाव की जिम्मेदारी संभाले बीआरओ : मुख्यमंत्री सुक्खू

एएम नाथ।  शिमला, 12 अप्रैल । मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने हिमाचल प्रदेश के सीमांत क्षेत्रों में संपर्क सुविधा को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रदेश की कई सामरिक और पर्यटन की दृष्टि से...
article-image
हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

हरोली की निर्णायिक लड़ाई के लिए जुट जाए किसी से डरने की जरूरत नहीं यहां आपका पसीना गिरेगा मुकेश का खून वहेगा: मुकेश अग्रिहोत्री

जयराम ठाकुर की सरकार के छे महीने वचे है और फिर सरकार काग्रेस की होगी पूरे प्रदेश में हवाओं का रूख काग्रेस की और है: अग्रिहोत्री हरोली में माफिया व गुंडाराज्य चलाने वाले और...
article-image
हिमाचल प्रदेश

सोमभद्रा तट पर पहली बार हरोली उत्सव…. वैसाखी से जुड़ा आयोजन बनेगा खास

कलाकारों के ऑडिशन 6 अप्रैल से, 11 अप्रैल को होगा भव्य शुभारंभ रोहित जसवाल।  ऊना, 4 अप्रैल. राज्य स्तरीय हरोली उत्सव-2026 का आयोजन इस वर्ष 11 से 14 अप्रैल तक हरोली-रामपुर पुल के समीप...
article-image
हिमाचल प्रदेश

हिमाचल पहाड़ों का प्रदेश नहीं, बल्कि संभावनाओं और समाधान का केंद्र बन रहा : राज्यपाल

एएम नाथ। धर्मशाला : हिमाचल प्रदेश को सदैव ‘‘ऑल सीज़न-ऑल रीज़न” की भूमि कहा गया है। यहाँ की प्राकृतिक विविधता, कृषि आधारित अर्थव्यवस्था, वैज्ञानिक सोच, तकनीकी नवाचार और परिश्रमी जनशक्ति, देश के सशक्त निर्माण...
Translate »
error: Content is protected !!