मुख्यमंत्री ने चंबा में खोला विकास का पिटारा, अस्पताल भवन सहित 26 परियोजनाएं जनता को समर्पित
स्वास्थ्य, सड़क और आधारभूत ढांचे को मिली मजबूती, चंबा में 333 करोड़ की परियोजनाओं की शुरुआत
एएम नाथ। चंबा : मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने रविवार को चंबा विधानसभा क्षेत्र को 333.25 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की सौगात देते हुए 26 विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इनमें सबसे बड़ी सौगात पंडित जवाहरलाल नेहरू राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल में 158 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 200 बिस्तरों वाले अत्याधुनिक अस्पताल भवन का लोकार्पण रहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों में स्वास्थ्य और आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने 14.11 करोड़ रुपये की लागत से शाहपुर-सिहुंता-चुवाड़ी-चंबा सड़क, 13.65 करोड़ रुपये की परेल-कोहलड़ी सड़क, 11.53 करोड़ रुपये की परेल मार्ग-चंबा-बनीखेत सड़क, 6.85 करोड़ रुपये की लुड्डू-घरमाड़ी सड़क, 5.78 करोड़ रुपये की सराहन-रान सड़क तथा 5.68 करोड़ रुपये की भनेरा-देवीदेहरा-रठियार-मनकोट सड़क के उन्नयन कार्यों का लोकार्पण किया। इसके अलावा करियां-भरियां-कोठी सड़क पर रावी नदी पर 4.61 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित बॉक्स गर्डर पुल भी जनता को समर्पित किया।
उन्होंने 25 करोड़ रुपये की लागत से चंबा के भगत में बनने वाली बहुमंजिला वाहन पार्किंग (प्रथम चरण) का शिलान्यास भी किया। इसके साथ ही द्रबला, सनोथा, नाणु, द्रडा सेरू, घरग्राम, घतरेड़, छांजून, रुंडेगा, बसोधन और मानकोट सहित विभिन्न गांवों के संपर्क मार्गों के निर्माण की आधारशिला रखी गई। साच-फतेहपुर, मंगला-ओहली-भरियां-कपाड़ा-जरीन, चंबा-मलूना-कठना, राजेरा-बैली तथा करियां-बैली सड़कों के निर्माण कार्य भी शुरू किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में मुख्यमंत्री ने सरोल स्थित कुष्ठ अस्पताल परिसर में 3.72 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले जिला औषधि भंडार एवं टीकाकरण भंडार का भी शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं, बेहतर सड़क नेटवर्क और मजबूत आधारभूत ढांचे के माध्यम से प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र का संतुलित विकास सुनिश्चित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से चंबा जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा, आवागमन सुगम बनेगा और लोगों को विकास का प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। उन्होंने अधिकारियों को सभी परियोजनाओं को तय समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश भी दिए।
