दो पूर्व पुलिस कर्मियों को उम्र कैद : तीस साल पुराने फर्जी एनकाउंटर मामले में सीबीआई की विशेष अदालत ने सजा सुनाई

by

अमृतसर। वर्ष 1993 के एक फर्जी एनकाउंटर से जुड़े मामले में सीबीआई की विशेष अदालत ने दो पूर्व पुलिस कर्मियों को उम्र कैद की सजा सुनाई है। पूर्व थानेदार शमशेर सिंह व जगतार सिंह को धारा 302, 120 व 218 के तहत दोषी करार दिया गया था। जिन्हें सोमवार को सजा सुनाई गई। केस दर्ज करने के तीन साल 2002 में सीबीआई ने थाने के तत्कालीन एसएचओ एसआई शमशेर सिंह, एएसआई जागीर सिंह और एएसआई जगतार सिंह व थाने में तैनात सभी मुलाजिमों पर आरोप पत्र दाखिल किया गया। करीब 11 महीने बाद 13 दिसंबर 2002 में आरोपियों पर आरोप तय किए गए। जब यह कार्रवाई हो गई तो इसी बीच केस की सुनवाई पर अदालत में स्टे लग गया। साल 2006 से लेकर 2022 तक मामले की सुनवाई रुकी रही। इसी समय के बीच मामले के दो आरोपियों पूरन सिंह व जागीर सिंह की मौत हो गई। इस केस में कुल 17 गवाहों ने अपने बयान दर्ज करवाए थे। जिसके बाद सभी पक्षों को सुनने के बाद तीस साल बाद अदालत ने आरोपियों को दोषी करार दिया।

ये था पूरा मामला :
बता दें कि थाना सदर तरनतारन पुलिस ने तीस वर्ष पहले दावा किया था कि 15 अप्रैल 1993 को सुबह साढ़े चार बजे जब वह उबोके निवासी हरबंस सिंह को हथियारों की रिकवरी के लिए लेकर जा रहे थे, तो तीन आतंकियों ने पुलिस पर हमला कर दिया। इस दौरान पुलिस ने अपने बचाव की कोशिश की। क्रॉस फायरिंग में हरबंस सिंह व एक अन्य अज्ञात आतंकी की मौत हो गई थी। इस संबंध में अमृतसर के थाना सदर में 302, 307 और 34 आईपीसी, असला एक्ट व टाडा एक्ट की धारा पांच के तहत अज्ञात लोगों पर केस दर्ज किया गया था। हालांकि मृतक हरबंस के भाई परमजीत सिंह को यह सारा मामला संदिग्ध बता अपने मृतक भाई को इंसाफ दिलाने के लिए कानूनी जंग शुरू कर दी। वह इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट तक गए। जिसके बाद सीबीआई ने हरबंस सिंह के भाई परमजीत सिंह की शिकायत पर कार्रवाई शुरू की। सीबीआई की जांच में यह कहानी फर्जी पाई गई। इसके बाद 1999 में केस की पड़ताल के बाद सीबीआई ने पुलिस अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज किया। साथ ही केस की जांच शुरू हो गई।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
पंजाब

किसान आंदोलन के चक्कर में बुरा फंसा अकाली दल: पहले किसान आंदोलन के कारण भी बीजेपी से गंठबंधन पड़ा था तोड़ना

चंडीगढ़ : पंजाब में किसान आंदोलन की वजह से एक बार फिर से शिरोमणि अकाली दल के लिए परेशानी में दाल दिया है। क्योकि पिछले किसान आंदोलन के कारण बीजेपी से शिरोमणि अकाली दल...
article-image
पंजाब

जनता के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा जिले भर में विशेष निगरानी अभियान

त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की खपत में वृद्धि को ध्यान में रखते हुए और जनता के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा जिले भर में विशेष निगरानी अभियान चलाया जा...
Translate »
error: Content is protected !!