राकेश शर्मा, देहरा/तलवाड़ा : प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना (पीएम-अजय) के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन के उद्देश्य से मंगलवार को खंड विकास अधिकारी कार्यालय, देहरा के सभागार में तहसील कल्याण विभाग द्वारा वर्ष 2025-26 के लिए चयनित ग्रामों के संबंध में एक दिवसीय क्लस्टर स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के उद्देश्यों, चयनित ग्रामों के समग्र एवं संतुलित विकास, ग्राम विकास योजनाओं के निर्माण, विभिन्न विभागों की योजनाओं के समन्वय तथा योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। प्रतिभागियों को योजना के दिशा-निर्देशों से अवगत कराते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।
कार्यशाला के दौरान कांगड़ा जिले के देहरा, प्रागपुर तथा सुरानी विकास खंडों के चयनित ग्रामों से संबंधित क्लस्टरों के लिए प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना की कार्ययोजना एवं क्रियान्वयन की रूपरेखा पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
इस अवसर पर संबंधित पंचायत प्रतिनिधियों व पंचायत सचिवों ने भाग लिया। प्रतिभागियों को अजय ऐप के उपयोग एवं उसके माध्यम से योजना की निगरानी एवं प्रगति दर्ज करने की प्रक्रिया की भी जानकारी दी गई। इस दौरान प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी प्रदान किए गए।
कार्यशाला में वक्ताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना का उद्देश्य चयनित गांवों का समग्र, समावेशी एवं सतत विकास सुनिश्चित करना है। इसके लिए सभी विभागों, पंचायत प्रतिनिधियों तथा स्थानीय समुदाय के बीच बेहतर समन्वय एवं सक्रिय जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सभी संबंधित प्रतिनिधियों से योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए समर्पित भाव से कार्य करने का आह्वान किया।
