पटना में फल बांटने के दौरान जुटी करीब 100 लोगों की भीड़, सेब-अमरूद समेत हजारों रुपये के फल लेकर भागे; सहज दुग्गल ने वीडियो जारी कर जताया दुख
पटना। बिहार में बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद के लिए फल बांटने पहुंचे हरियाणा के सिख समाजसेवी सहज दुग्गल को रास्ते में उस समय परेशानी का सामना करना पड़ा, जब फल बांटने के दौरान अचानक बड़ी संख्या में लोग जुट गए और ट्रॉली में रखे फल उठाकर ले गए। इस दौरान उनकी बेटियों के साथ कथित तौर पर धक्का-मुक्की भी हुई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है।
यमुनानगर निवासी सहज दुग्गल पिछले चार दिनों से अपनी टीम ‘हर मैदान फतेह’ के साथ बिहार के बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत सामग्री पहुंचा रहे हैं। टीम की ओर से लोगों को भोजन, दवाइयां और फल समेत जरूरत का सामान वितरित किया जा रहा है।
बच्चों को फल देने के लिए रोकी थी गाड़ी
जानकारी के अनुसार, मंगलवार 15 सितंबर की दोपहर सहज दुग्गल अपनी टीम के साथ पटना के एक बाढ़ प्रभावित गांव की ओर जा रहे थे। वाहन में सेब, अमरूद, पपीता और अनार समेत बड़ी मात्रा में फल रखे थे।
रास्ते में कुछ बच्चे दिखाई दिए तो टीम ने वाहन रोककर उन्हें फल बांटना शुरू कर दिया। इसी दौरान वहां धीरे-धीरे भीड़ बढ़ने लगी और करीब 100 लोग एकत्र हो गए। देखते ही देखते लोगों ने ट्रॉली में रखे फल उठाने शुरू कर दिए। कुछ ही देर में बड़ी मात्रा में फल लोगों के हाथों में चले गए।
घटना का वीडियो सहज दुग्गल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किया। वीडियो में वह लोगों से फल इस तरह नहीं उठाने की अपील करते दिखाई दे रहे हैं।
‘हजारों रुपये के फल थे, सब बर्बाद कर दिया’
वीडियो में सहज दुग्गल घटना को लेकर दुख जताते हुए कहते दिखाई देते हैं कि सेवा के लिए लाए गए हजारों रुपये के फल कुछ लोगों ने उठा लिए और पूरा सामान बर्बाद कर दिया। वह यह भी कहते हैं कि उनकी बेटियों के साथ धक्का-मुक्की की गई।
एक अन्य वीडियो में सहज कुछ लोगों को रोककर उनसे पूछते नजर आते हैं कि इस तरह फल उठाना उन्हें शोभा देता है या नहीं। वह लोगों से संयम बरतने और जरूरतमंदों तक राहत सामग्री पहुंचाने में सहयोग करने की अपील करते हैं।
महिलाएं और बच्चे भी भीड़ में शामिल
सामने आए वीडियो में बड़ी संख्या में लोग ट्रॉली के आसपास नजर आ रहे हैं। इनमें युवक, बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे भी शामिल दिखाई देते हैं। वीडियो में कई लोगों के हाथों में बड़ी मात्रा में फल नजर आ रहे हैं।
अचानक बढ़ी भीड़ के कारण मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। वीडियो में सहज अपनी बेटियों को भीड़ से बचाने के लिए ट्रॉली से नीचे उतरने के लिए कहते नजर आते हैं।
कोरोना काल से समाजसेवा में जुटे हैं सहज दुग्गल
सहज दुग्गल हरियाणा के यमुनानगर के रहने वाले हैं और कोरोना महामारी के समय से सामाजिक सेवा के कार्यों में सक्रिय हैं। उनकी टीम ‘हर मैदान फतेह’ इससे पहले भी प्राकृतिक आपदाओं के दौरान राहत कार्यों में हिस्सा ले चुकी है।
नेपाल में आई बाढ़ के दौरान टीम करीब 10 दिन तक वहां रहकर प्रभावित लोगों को भोजन, दवाइयां और घरेलू जरूरत का सामान उपलब्ध करवाती रही। पंजाब में 2025 में आई बाढ़ के दौरान भी दुग्गल और उनकी टीम ने प्रभावित परिवारों की मदद की थी।
सहज दुग्गल विशेष रूप से अनाथ बच्चों, गरीब परिवारों और जरूरतमंद लोगों की सहायता से जुड़े सामाजिक कार्यों के लिए जाने जाते हैं। बिहार में भी उनकी टीम बाढ़ प्रभावित लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाने के अभियान में जुटी हुई है।
