पुरुषों में बच्चेदानी पर बयान को लेकर बढ़ा विवाद
डॉ. जनक राज ने दुर्लभ जेनेटिक स्थिति PMDS का दिया उदाहरण
एएम नाथ। भरमौर (चम्बा) : भरमौर के विधायक डॉ. जनक राज ने पुरुषों में बच्चेदानी (यूटरस) की संभावना को लेकर दिए गए अपने बयान पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि उनका वक्तव्य पूरी तरह वैज्ञानिक तथ्यों पर आधारित है और इसे गलत तरीके से प्रस्तुत कर विवाद खड़ा किया गया है। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि वह इस मुद्दे पर मई के पहले सप्ताह में करारा राजनीतिक जवाब देंगे।
विधायक ने कहा कि बहुत ही दुर्लभ मामलों में पुरुषों में बच्चेदानी पाई जा सकती है, जो एक जेनेटिक विकार “पर्सिस्टेंट म्यूलेरियन डक्ट सिंड्रोम (PMDS)” के कारण होता है। इस स्थिति में पुरुष के सामान्य प्रजनन अंगों के साथ-साथ गर्भाशय और फैलोपियन ट्यूब जैसे अंग भी विकसित हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि यह कोई सामान्य स्थिति नहीं है और अक्सर इसका पता सर्जरी या विशेष चिकित्सीय जांच के दौरान ही चलता है।
डॉ. जनक राज ने कहा कि उनका उद्देश्य केवल वैज्ञानिक जानकारी साझा करना था, लेकिन कुछ लोगों ने इसे राजनीतिक रंग देकर भ्रम फैलाने का प्रयास किया। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके बयान को संदर्भ से हटाकर पेश किया गया, जिससे अनावश्यक विवाद पैदा हुआ।
उन्होंने आगे कहा कि चिकित्सा विज्ञान लगातार प्रगति कर रहा है और कई दुर्लभ स्थितियों पर शोध जारी है। ऐसे में समाज को भी वैज्ञानिक तथ्यों को समझने की जरूरत है, न कि अफवाहों पर ध्यान देने की।
विधायक ने अपने विरोधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वह जल्द ही इस पूरे मामले पर विस्तृत प्रतिक्रिया देंगे और तथ्यों के साथ जवाब देंगे। उन्होंने अपने समर्थकों से अपील की कि वे भ्रामक प्रचार से बचें और सही जानकारी पर भरोसा रखें।
इस बयान के बाद क्षेत्र में राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और प्रतिक्रियाएं सामने आने की संभावना है।
