एएम नाथ। चम्बा : श्री मणिमहेश यात्रा-2026 पर जाने वाले सभी श्रद्धालुओं के लिए इस वर्ष पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है। उपायुक्त मुकेश रेपस्वाल ने स्पष्ट किया कि बिना पंजीकरण कोई भी श्रद्धालु यात्रा नहीं कर सकेगा। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन पंजीकरण और स्लॉट बुकिंग की सुविधा 1 अगस्त 2026 से आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध होगी, जिसके लिए 50 रुपये का शुल्क निर्धारित किया गया है।
उपायुक्त ने कहा कि पंजीकरण के दौरान प्रत्येक श्रद्धालु को क्यूआर कोड युक्त पंजीकरण पर्ची जारी की जाएगी, जिसमें यात्री का आवश्यक विवरण, आपातकालीन संपर्क नंबर तथा यात्रा संबंधी दिशा-निर्देश अंकित होंगे। इससे निरीक्षण के दौरान सत्यापन प्रक्रिया सरल और पारदर्शी होगी।
उन्होंने बताया कि लाहडू और कलसुंई में पंजीकरण निरीक्षण केंद्र स्थापित किए जाएंगे, जहां प्रत्येक श्रद्धालु के पंजीकरण का सत्यापन अनिवार्य होगा। बिना पंजीकरण यात्रा पर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को ठहरने सहित किसी भी प्रकार की सुविधा उपलब्ध नहीं करवाई जाएगी। पुलिस विभाग को निरीक्षण केंद्रों पर यातायात और भीड़ प्रबंधन की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
बैठक के दौरान ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया का डेमोंस्ट्रेशन भी प्रस्तुत किया गया। उपायुक्त ने अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी भरमौर को निर्देश दिए कि सोशल मीडिया सहित विभिन्न माध्यमों से पंजीकरण प्रक्रिया का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही सभी एसडीएम को यात्रा से संबंधित तैयारियां समय पर पूरी करने और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक में अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी भरमौर विकास शर्मा ने यात्रा तैयारियों की जानकारी दी, जबकि नेट जैन कंपनी के वरिष्ठ प्रबंधक गौरव गुप्ता ने आधिकारिक वेबसाइट और ऑनलाइन पंजीकरण प्रणाली का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया। बैठक में पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी, अतिरिक्त उपायुक्त अमित मैहरा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दिनेश शर्मा, उप पुलिस अधीक्षक बलदेव दत्त सहित विभिन्न अधिकारियों ने भाग लिया।
