हिमाचल प्रदेश स्टेट इलैक्ट्रीसिटी बोर्ड लिमिटेड ने स्मार्ट मीटर के बारे स्पष्ट किया

by

बीबीएन, 25 जनवरी (तारा) :हिमाचल प्रदेश स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड लिमिटेड ने एक बार फिर प्रैस नोट जारी कर दोहराया है कि स्मार्ट मीटर सिर्फ बिजली की खपत मापने का एक डिवाइस है, ठीक वैसे ही जैसे पारंपरिक मीटर होता है, और यह किसी भी तरह से टैरिफ दरों या बिलिंग नीतियों को नहीं बदलता है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर चल रहा विरोध और गुमराह करने वाली बातें सही जानकारी की कमी का नतीजा हैं, जहां तथ्यों को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है और बेवजह तोड़ा-मरोड़ा जा रहा है।

हिमाचल प्रदेश स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड लिमिटेड के सलाहकार अनुराग पराशर ने कहा कि राज्य में स्मार्ट बिजली मीटर लगाने से सब्सिडी यानी 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली की सुविधा पर कोई असर नहीं पड़ेगा, और न ही इससे बिजली के बिलों में कोई बढ़ोतरी होगी।
उन्होंने आगे कहा कि पुराने मीटरों में कभी-कभी बिल मासिक आधार पर औसत रीडिंग पर दिए जाते थे, भले ही उपभोक्ता बिजली का इस्तेमाल न कर रहे हों, लेकिन स्मार्ट मीटर में, वास्तविक खपत को वास्तविक उपयोग के आधार पर वेरिफाई किया जा सकता है और अगर उपभोक्ता बिजली का इस्तेमाल नहीं कर रहा है तो नियमित रूप से कोई औसत बिल नहीं आएगा। स्मार्ट मीटर में खपत का डेटा अपने आप एक सेंट्रल डेटा सेंटर में भेजा जाता है। यह सिस्टम सिर्फ बिजली उपभोक्ताओं को बेहतर ऑनलाइन सेवाएं, सटीक बिलिंग और बेहतर सुविधा देने के लिए शुरू किया जा रहा है।
यह बदलाव सिर्फ डिवाइस बदलने से कहीं ज्यादा है, यह अनुमानित या मैनुअल बिलिंग से रियल-टाइम डेटा आधारित सिस्टम की ओर एक बदलाव है। उन्होंने बताया कि उपभोक्ताओं को अगर कोई गड़बड़ी लगती है, तो वे अपने मौजूदा मीटर के साथ दूसरा स्मार्ट मीटर लगाने की अनुमति देने के आदेश भी जारी किए गए हैं। यह सेटअप उपभोक्ताओं को हर 15 मिनट के अंतराल पर अपनी बिजली की खपत पर नजर रखने में मदद करता है। अगर कोई गड़बड़ी पाई जाती है, तो वे अपने संबंधित बिजली सब-डिवीजन कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
पारदर्शिता, दक्षता और उपभोक्ता-अनुकूल सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं और लोगों से अफवाहों या गलत सूचनाओं पर विश्वास न करने, बल्कि वेरिफाइड और प्रामाणिक जानकारी पर भरोसा करने का आग्रह किया। उन्होंने आगे कहा कि उपभोक्ता अपनी मर्जी से प्रीपेड मीटर लगवा सकते हैं।
अभी जो स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं उनमें महीने के बाद बिल आने की तिथि से भी आगे 15 दिन का नोटिस मिलेगा और 15 दिन के अन्दर उस उपभोक्ता को बिल देय करना होगा। उसके उपरान्त इलैक्ट्रिसिटी एक्ट 2003 की धारा 56 के तहत 15 दिन के बाद ही बिल अदा न करने की दिशा में विद्युत कनैक्शन डिस्कनेक्ट होगा।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
पंजाब , समाचार , हिमाचल प्रदेश

9वें रोजगार मेले में होशियारपुर में 285 को दिए गए नियुक्ति पत्र : नई पीढ़ी अमृत काल को आकार देगी – हरदीप पुरी

होशियारपुर,26 सितम्बर ( ) केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस और आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने डीएवी कॉलेज परिसर में आयोजित रोजगार मेले के 9वें संस्करण के अंतर्गत करवाए गए...
article-image
हिमाचल प्रदेश

रा.व.मा.पा. कोठों के 72 लाख रुपए की लागत से निर्मित होने वाले भवन की रखी आधारशिला : शिक्षा क्षेत्र पर इस वित्त वर्ष में व्यय होंगे 9560 करोड़ रुपए – डॉ. शांडिल

सोलन  :  स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री कर्नल डॉ. धनीराम शांडिल ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा अधोसंरचना को सुदृढ़ करने के साथ-साथ छात्रों को गुणवत्तायुक्त शिक्षा...
article-image
पंजाब , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश

चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे फिर बंद : शालानाला फोरलेन पर भूस्खलन

एएम नाथ।  मंडी / कुल्लू  : चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे मंडी-कुल्लू मार्ग पर रविवार शाम लगभग 6 बजे थलोट से पीछे शालानाला के पास पहाड़ से बड़ा लैंड स्लाइड हो गया। उस जगह पर फोरलेन...
article-image
हिमाचल प्रदेश

हमीरपुर शहर के कई क्षेत्रों में 24 को बंद रहेगी बिजली

हमीरपुर 22 सितंबर। बस स्टैंड हमीरपुर के इलेक्ट्रिकल वाहन चार्जिंग स्टेशन के लिए एचटी लाइन बिछाने के कार्य के चलते 24 सितंबर को बस स्टैंड, नादौन चैक, लोअर बाजार, वार्ड नंबर-4, वार्ड नंबर-8 और...
Translate »
error: Content is protected !!