छह पूर्व कांग्रेस विधायकों की वापसी पर मुख्यमंत्री का दोटूक रुख—‘कांग्रेस उन्हें वापस नहीं लेना चाहती’; चुनाव सुधारों पर बैलेट पेपर के पक्ष में जताई राय
एएम नाथ। शिमला। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कांग्रेस में गुटबाजी को लेकर भाजपा के आरोपों को खारिज करते हुए पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की प्रतिमा का अनावरण एक सम्मानित नेता को श्रद्धांजलि देने का अवसर था और इसे राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्षी दल खुद पांच गुटों में बंटा हुआ है।
शिमला के संजौली हेलीपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान सुक्खू ने कहा कि वीरभद्र सिंह के गृह क्षेत्र सराहन में आयोजित कार्यक्रम उनके योगदान को याद करने के लिए था। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के विकास में वीरभद्र सिंह की भूमिका महत्वपूर्ण रही है और ऐसे कार्यक्रम को कांग्रेस की आंतरिक राजनीति से जोड़ना उचित नहीं है।
छह पूर्व विधायकों की वापसी पर सख्त रुख
कांग्रेस छोड़कर गए छह पूर्व विधायकों की पार्टी में वापसी से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रुख अपनाया। उन्होंने कहा, “कांग्रेस उन्हें वापस नहीं लेना चाहती। चर्चा करने के लिए क्या है? जो लोग छोड़ना चाहते हैं, वे भी जा सकते हैं।”
उनके इस बयान को दलबदल करने वाले पूर्व विधायकों की वापसी की संभावना पर पार्टी के कड़े रुख के रूप में देखा जा रहा है।
बैलेट पेपर से मतदान के पक्ष में सुक्खू
चुनावी सुधारों के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) को लेकर जनता के संदेह दूर करने के लिए बैलेट पेपर से मतदान कराने के पक्ष में अपनी राय रखी। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया में लोगों का भरोसा बनाए रखने की जरूरत पर जोर दिया।
सुक्खू ने यह भी संकेत दिया कि नवंबर में विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि दिसंबर में शिमला, धर्मशाला और मनाली जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की आवाजाही बढ़ जाती है, इसलिए विधानसभा सत्र की समय-सारणी तय करते समय इस पहलू को ध्यान में रखना होगा।
हवाई संपर्क और विकास परियोजनाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने राज्य में विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कांगड़ा हवाई अड्डे के विस्तार और दूरदराज के क्षेत्रों में हेलीकॉप्टर सेवाओं के जरिए संपर्क बेहतर बनाने की योजनाओं पर भी बात की। उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान विकास कार्यों और लोगों की जरूरतों को पूरा करने पर है।
प्रतिमा अनावरण को लेकर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बीच मुख्यमंत्री ने दोहराया कि वीरभद्र सिंह को श्रद्धांजलि देने के कार्यक्रम को दलगत विवादों से ऊपर रखा जाना चाहिए।
