एयर होस्टेस का सपना छोड़ा, चुना हाईवे का रास्ता : हिमाचल की पहली महिला ट्रक ड्राइवर नेहा ठाकुर: पहाड़ों की सड़कों से सपनों की मंजिल तक

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बचपन के जुनून ने दिखाई नई राह

एएम नाथ/ रोहित जसवाल  । शिमला : हिमाचल प्रदेश की पहली महिला ट्रक ड्राइवर नेहा ठाकुर की कहानी इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा में है। मंडी जिले की रहने वाली नेहा ने ग्लैमरस करियर का रास्ता छोड़कर बचपन के जुनून को चुना और स्टीयरिंग थामकर नई मिसाल कायम की। उनके लिए ट्रक केवल रोजी-रोटी का साधन नहीं, बल्कि पहचान और सपनों को पूरा करने का माध्यम है।

पिता के ट्रक से शुरू हुआ सफर

नेहा का बचपन मंडी की पहाड़ियों और घाटियों के बीच बीता। उनके पिता ट्रक चलाते थे और कई बार उसी ट्रक से उन्हें स्कूल छोड़ने जाते थे। ट्रकों की गड़गड़ाहट, बड़े-बड़े टायर और पिता का संघर्ष नेहा के बचपन का हिस्सा बन गए। पिता की मेहनत और काम के प्रति समर्पण ने उन्हें प्रेरित किया।

2022 में जब नेहा ने ट्रक ड्राइविंग को करियर बनाने का फैसला किया, तो उनके पिता ने समाज की परवाह किए बिना पूरा साथ दिया। उनके समर्थन से नेहा को इस चुनौतीपूर्ण पेशे में आगे बढ़ने का हौसला मिला।

एयर होस्टेस का सपना छोड़ा, चुना हाईवे का रास्ता

ग्रेजुएशन के बाद नेहा चंडीगढ़ जाकर एयर होस्टेस बनने की ट्रेनिंग लेने लगीं। वह आसमान की ऊंचाइयों में करियर बनाना चाहती थीं, लेकिन पहाड़ों की सड़कें और ट्रकों से जुड़ा पुराना लगाव उन्हें लगातार अपनी ओर खींचता रहा।

‘द बेटर इंडिया’ की रिपोर्ट के मुताबिक, नेहा ने ग्लैमरस करियर छोड़कर ट्रक ड्राइविंग को अपना जुनून बना लिया। आज वह हिमाचल प्रदेश की पहली महिला ट्रक ड्राइवर के रूप में पहचानी जाती हैं।

खतरनाक पहाड़ी रास्तों पर बेखौफ सफर

हिमाचल प्रदेश की पहाड़ी सड़कों पर ट्रक चलाना आसान नहीं है। संकरी सड़कें, तीखे मोड़, ढलान और बदलता मौसम ड्राइवरों के लिए बड़ी चुनौतियां हैं। इसके बावजूद नेहा इन रास्तों पर पूरे आत्मविश्वास से ट्रक चलाती हैं।

बारिश, ऊबड़-खाबड़ पहाड़, सामान की लोडिंग-अनलोडिंग और हाईवे का रोजमर्रा का सफर उनके वीडियो में दिखाई देता है। एक बार उन्होंने ऐसे कठिन रास्ते पर ट्रक चलाया, जिससे कई अनुभवी ड्राइवर भी बचने की कोशिश करते हैं। उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ और लोगों ने उनके साहस की जमकर तारीफ की।

सादगी और हौसले से सोशल मीडिया पर बनाई पहचान

नेहा ट्रक चलाने के साथ सोशल मीडिया पर अपने सफर की झलकियां भी साझा करती हैं। उनके व्लॉग्स और रील्स में हाईवे का जीवन, पहाड़ी रास्ते, ट्रक की लोडिंग-अनलोडिंग और रोजमर्रा की चुनौतियां दिखाई देती हैं।

नेहा का कंटेंट बनावटी ट्रेंड पर आधारित नहीं है। वह अपनी असली जिंदगी और अनुभवों को सहजता से लोगों तक पहुंचाती हैं। यही वजह है कि उनके वीडियो दर्शकों को पसंद आते हैं और तेजी से वायरल होते हैं।

बेटियों के सपनों को पंख देती कहानी

नेहा की कहानी उन लड़कियों के लिए प्रेरणा है, जो समाज की तय सीमाओं से आगे बढ़कर अपने सपने पूरे करना चाहती हैं। उन्होंने साबित किया है कि किसी पेशे को पुरुषों या महिलाओं के आधार पर नहीं बांटा जा सकता।

एयर होस्टेस बनने की ट्रेनिंग के बाद ट्रक ड्राइवर बनना उनके जीवन का बड़ा मोड़ था। आज वह अपने पिता की विरासत को आगे बढ़ाने के साथ हिमाचल प्रदेश की बेटियों को यह संदेश भी दे रही हैं कि मेहनत, आत्मविश्वास और परिवार के समर्थन से कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है।

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