लखनऊ, 08 सितंबर । उत्तर प्रदेश में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए बड़ी राहत की खबर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की घोषणा के अनुपालन में शासन ने इनके मानदेय में बढ़ोतरी का शासनादेश जारी कर दिया है। मंगलवार को अपर मुख्य सचिव, महिला कल्याण एवं बाल विकास लीना जौहरी ने इस संबंध में शासनादेश जारी किया।
शासनादेश के अनुसार, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के राज्यांश में 4,000 रुपये प्रतिमाह, जबकि सहायिकाओं के राज्यांश में 2,000 रुपये प्रतिमाह की अतिरिक्त वृद्धि की गई है। इस बढ़ोतरी के बाद आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को कुल 12,000 रुपये प्रतिमाह और सहायिकाओं को 6,000 रुपये प्रतिमाह मानदेय मिलेगा।
फिक्स्ड मानदेय और वैरिएबल पीएलआई में बढ़ोतरी
नई व्यवस्था के तहत आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के राज्यांश में 1,500 रुपये अतिरिक्त फिक्स्ड मानदेय तथा 2,500 रुपये अतिरिक्त वैरिएबल पीएलआई मानदेय की वृद्धि की गई है।
इसी तरह सहायिकाओं के राज्यांश में 750 रुपये अतिरिक्त फिक्स्ड मानदेय और 1,250 रुपये अतिरिक्त वैरिएबल पीएलआई मानदेय बढ़ाया गया है।
शासनादेश के मुताबिक वर्तमान में भारत सरकार के मानदेय एवं प्रोत्साहन राशि तथा राज्य सरकार के अतिरिक्त मानदेय को मिलाकर आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को 8,000 रुपये और सहायिकाओं को 4,000 रुपये प्रतिमाह मिल रहे हैं।
सितंबर से प्रभावी होगी बढ़ोतरी, अक्टूबर में होगा भुगतान
सरकार ने स्पष्ट किया है कि बढ़ा हुआ मानदेय सितंबर 2026 से प्रभावी माना जाएगा। सितंबर माह की बढ़ी हुई राशि का भुगतान अक्टूबर 2026 में किया जाएगा।
सरकार ने यह निर्णय आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं के बढ़ते कार्य-दायित्व को देखते हुए लिया है। प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (ECCE), पोषण सेवाओं, डिजिटल माध्यमों के बढ़ते उपयोग और विभिन्न विभागीय योजनाओं के अभिसरण में आंगनवाड़ी कर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका को देखते हुए मानदेय में यह वृद्धि की गई है।
निदेशक को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश
अपर मुख्य सचिव लीना जौहरी ने निदेशक, बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार हर्षिता माथुर को शासनादेश के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
शासनादेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि भविष्य में इस व्यवस्था में किसी भी प्रकार का बदलाव मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश के अनुमोदन के अधीन होगा।
आंगनवाड़ी कर्मियों में खुशी
मानदेय में इस वृद्धि से प्रदेशभर में कार्यरत हजारों आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। लंबे समय से मानदेय में वृद्धि की मांग कर रहे आंगनवाड़ी कर्मियों के लिए सरकार का यह फैसला महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
