डीएम रंधावा खुदकुशी मामला : लालजीत भुल्लर की गिरफ्तारी की मांग, चंडीगढ़ में सीएम आवास का घेराव, पुलिस ने वाटर कैनन से खदेड़ा

by

अमृतसर :   पंजाब वेयरहाउस कॉरपोरेशन के जिला मैनेजर (डीएम) गगनदीप सिंह रंधावा के आत्महत्या मामले सियासी तनाव बढ़ गया है। मामले में आप सरकार के पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सभी विपक्षी दल एकजुट हो गए हैं। रविवार को सभी विपक्षी दलों के नेता व कार्यकर्ता बड़ी संख्या में चंडीगढ़ में प्रदर्शन किया और  चंडीगढ़ स्थित पंजाब सीएम ऑफिस घेराव किया जा गया है। मुख्य तौर पर शिरोमणि अकाली दल और भाजपा के नेता व कार्यकर्ता मुख्यमंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे।

वहीं प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए चंडीगढ़ पुलिस ने मोर्चा संभाला है। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। जैसे ही प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने की कोशिश करने लगे तो पुलिस ने उनपर वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। प्रदर्शनकारियों ने पंजाब सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने कहा कि मंत्री कह रहे हैं कि लालजीत भुल्लर ने इस्तीफा दे दिया है। उन्हें अब तक गिरफ्तार किया जाना चाहिए था। लालजीत सिंह भुल्लर को गिरफ्तार किया जाना चाहिए। वह कानून से ऊपर नहीं है।

मृतक गगनदीप सिंह रंधावा की पत्नी उपिंदर कौर का कहना है कि परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने मेरे पति को बहुत प्रताड़ित किया। मेरे पति को इतना बेबस कर दिया गया कि उन्होंने अपनी जान ले ली। उन्हें कहा गया था कि उनके परिवार, उनके बच्चों को खत्म कर दिया जाएगा और उनके पीछे गैंगस्टर लगा दिए जाएंगे। 13 मार्च को उनके दफ्तर में उन्हें बहुत प्रताड़ित किया गया। शनिवार सुबह, यानी कल, उन्होंने अपनी जान ले ली। मेरे 3 छोटे बच्चे हैं। मेरी सास हैं। हम सभी न्याय की मांग करते हैं। मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी की जाए।  रंधावा की पत्नी ने कहा कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती तब तक पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। मुझे न्याय चाहिए और कुछ नहीं। 13 मार्च को जब वह वापस आए, तो उन्होंने मुझे सब कुछ बता दिया था। उन्होंने अपने विभाग में शिकायत भी की थी। वे बस उन्हें आश्वासन देते रहे, लेकिन कुछ नहीं हुआ। शुरुआत में सरकार के दबाव के चलते FIR दर्ज नहीं की गई थी। यह सब इसलिए किया गया क्योंकि एक टेंडर पास नहीं किया गया था। यह जताया जा रहा था कि मेरे पति जान-बूझकर उसे पास नहीं कर रहे थे। मुझे अपनी जान का डर है; मुझे और मेरे बच्चों को सुरक्षा दी जानी चाहिए। अगर हमें कुछ भी होता है, तो इस सरकार की जिम्मेदारी होगी।

            परिवार से मुलाकात के बाद बाजवा ने कहा कि इस मामले में तुरंत एफआईआर दर्ज की जानी चाहिए थी। उन्होंने पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर, उनके पिता और अन्य सहयोगियों के खिलाफ भी मामला दर्ज करने की मांग की। बाजवा ने कहा कि यह मामला बेहद संवेदनशील है और इसकी जांच पंजाब पुलिस के बजाय केंद्रीय एजेंसी सीबीआई से कराई जानी चाहिए, ताकि सच्चाई सामने आ सके और परिवार को न्याय मिल सके।

 

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
पंजाब

ठोके 6 दोपहिया वाहन : पंजाब पुलिस के कॉन्‍स्‍टेबल ने नशे में धुत होकर : सस्पेंड जांच शुरु

अमृतसर : थाना सदर के अधीन आते बटाला रोड पर पंजाब पुलिस के एक कॉन्‍स्‍टेबल ने शराब के नशे में धुत्त होकर अपनी कार से करीब छह दोपहिया वाहनों को ठोक दिया। इस घटना...
पंजाब

पीडब्लयूडी फील्ड वर्कशाप युनियन के पंजाब का दो दिवसीय अधिवेशन संपन, मखन सिंह बाहिदपूरी को पंजाब का अध्यक्ष व अनिल कुमार को महासचिव चुना

किसानी संघर्ष के सर्मथन का सहित दस अन्य प्रस्ताव पास किए गए गढ़शंकर: लोक निर्माण विभाग के समूह कर्मचारियों के विशाल संगठन पीडब्लयूडी फील्ड वर्कशाप युनियन के पंजाब का दो दिवसीय अधिवेशन संपन हो...
article-image
पंजाब

4,000 करोड़ की कर्ज सीमा की बहाल : पंजाब सरकार को बड़ी राहत

चंडीगढ़:पंजाब सरकार को केंद्र सरकार की ओर से बड़ी राहत मिली है। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने पंजाब की कर्ज सीमा में की गई 4,000 करोड़ रुपये की कटौती को वापस लेते हुए इसे पुनः...
article-image
पंजाब , हिमाचल प्रदेश

5 की मौत – मंडी में कार दुर्घटनाग्रस्त, शादी समारोह से आ रहे थे वापस

रोहित भदसाली मंडी : जिला मंडी में चौहारघाटी के वरधान में एक कार कल शनिवार को दुर्घनाग्रस्त हो गई थी । उक्त दुर्घटना में पांच युवाओं की मौत हो गई है। दुर्घटना का पता...
Translate »
error: Content is protected !!