मोहाली : पंजाब पुलिस ने मोहाली हमले के मामले को सुलझाने का दावा किया है। पंजाब के डीजीपी वी.के. भंवरा ने जानकारी दी कि मोहाली में इंटेलीजेंस मुख्यालय पर हुए हमले को तीसरे दिनों के उपरांत सुलझा लिया गया है। यह वारदात बबर खालसा इंटर नैशनल तथा गैंगस्टर ने मिल कर की है। डी.जी.पी. वीके भंवरा ने दावा किया कि इस हमले में लखवीर सिंह लंडा मुख्य आरोपी है। वह तरनतारन का रहने वाला है। वह पाकिस्तान में बैठे खालिस्तानी हरविन्द्र रिंदा का करीबी है। उन्होंने कहा कि लखवीर लंडा पहले गैंगस्टर था तथा फिर कनाडा चला गया। इस मामले में एक आरोपी निशान सिंह तरनतारन को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस केस में दूसरा आरोपी चढ़त सिंह है। दोनों तरनतारन के हैं। उन्होंने कहा कि इस केद में छह आरोपी शामिल थे। इनमें बलजीत कौर, बलजिन्द्र रैंबो, अनाददीन सोनू, जगदीप तथा कंवर बाठ शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन्हें रखने का काम कंवर बाठ तथा बलजीत कौर ने किया। निशान सिंह ने रिहायश का प्रबंध किया तथा इन लोगों को आरपीजी दी। बलजिन्द्र रैंबो का नाम भी इनमें शामिल है, उसने एके-47 दी। यह सभी तरनतारन के हैं।
यह 7 मई को रवाना हुए तथा 9 मई को वारदात को अंजाम दिया गया। जगदीप कंग ने मोहाली में इनकी मदद की तथा पूरे मामले की देखरेख की। अभ तक कंवर1 बाठ, बलजीत कौर,बलजिंदर, अनंतदीप सिंह, जगदीप सिंह व निशान सिंह ग्रिफ्तार किये जा चुके है। मुहम्मद नसीम आलम तथा मुहम्मद शराफ राज के बारे में जांच जारी है। यह दोनों बिहार से हैं। चढ़त सिंह व दो अन्य अभी गिरफ्तार नहीं हुआ है।
फोटो : डीजीपी वी.के. भंवरा