लहरागागा-जाखल रोड पर गांव चोटियां के पास हादसा, मृतकों में महिलाएं भी शामिल; आरोपी चालक की तलाश में जुटी पुलिस
संगरूर। पंजाब के संगरूर जिले के लहरागागा क्षेत्र में रविवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसे में नौ मनरेगा मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा जाखल रोड पर गांव चोटियां के पास उस समय हुआ, जब करीब 23 महिला और पुरुष मजदूर मनरेगा के तहत सड़क किनारे काम कर रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार बेकाबू कार ने मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई।
जानकारी के अनुसार, रविवार शाम गांव चोटियां के समीप मजदूर अपने काम में जुटे हुए थे। इसी दौरान अचानक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित हो गई और वहां काम कर रहे मजदूरों को कुचलते हुए निकल गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कई मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।
आठ मृतकों की पहचान की जानकारी
हादसे में मृतकों के रूप में कर्मजीत कौर पत्नी जग्गी सिंह, जीवन सिंह पुत्र रामलाल, निकी पत्नी हंसा राम, सर्बजीत कौर पत्नी सोनी सिंह, रणजीत कौर पत्नी जरनैल सिंह, कर्मजीत पत्नी काला खान, रानी कौर पत्नी तरसेम सिंह भीमा और देस राज के नाम सामने आए हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इन आठ लोगों के नाम बताए गए हैं, जबकि नौवीं मृतक की पहचान की पुष्टि की जानी बाकी है।
आरोपी चालक की तलाश में पुलिस
संगरूर के एसपी पलविंदर सिंह चिम्मा ने बताया कि लहरागागा-जाखल रोड पर मनरेगा मजदूरों को तेज रफ्तार कार द्वारा कुचलने की सूचना मिली है। अस्पताल से भी कुछ लोगों की मौत की जानकारी मिली है, जिसकी पुष्टि की जा रही है। उन्होंने कहा कि आरोपी चालक की पहचान करने और उसे गिरफ्तार करने के लिए पुलिस टीमें जुटी हुई हैं।
मजदूरों की सुरक्षा पर उठे सवाल
सड़क किनारे काम कर रहे मजदूरों के साथ हुए इस हादसे ने कार्यस्थल पर सुरक्षा इंतजामों को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सड़क निर्माण या अन्य कार्यों के दौरान वाहनों की आवाजाही से मजदूरों को खतरा बना रहता है। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और हादसे से जुड़े तथ्यों की पुष्टि की जा रही है।
