यात्रा के दौरान शराब ले जाने के नियमों में ढील : एक व्यक्ति 750 एमएल की छह बोतलें या 1000 एमएल की पांच बोतलें और 24 बोतल बियर अपने साथ रख सकता

by

एएम नाथ । शिमला :  हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार ने राज्य में नई आबकारी नीति की घोषणा की है, जो शराब प्रेमियों और पर्यटन उद्योग के लिए महत्वपूर्ण बदलाव लाएगी।

इस नीति के तहत न केवल शराब की कीमतों और मार्जिन में बदलाव किया गया है, बल्कि यात्रा के दौरान शराब ले जाने की अनुमति को भी तीन गुना बढ़ा दिया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य अवैध शराब की बिक्री पर नियंत्रण पाना और राज्य के राजस्व में वृद्धि करना है।

यात्रा के दौरान शराब ले जाने की नई सीमा :  नई आबकारी नीति का सबसे प्रमुख पहलू यात्रा के दौरान शराब ले जाने के नियमों में ढील है। पहले, एक व्यक्ति केवल दो बोतलें ले जा सकता था, लेकिन अब यह सीमा बढ़ाकर छह बोतलें कर दी गई है। नए नियमों के अनुसार, एक व्यक्ति 750 एमएल की छह बोतलें या 1000 एमएल की पांच बोतलें अपने साथ रख सकता है।

बीयर प्रेमियों के लिए भी अच्छी खबर है। अब वे 650 एमएल की 24 बोतलें या 5-5 लीटर के तीन कैन तक ले जा सकेंगे। हालांकि, यह अनुमति केवल हिमाचल प्रदेश में खरीदी गई शराब पर लागू होगी, जिस पर एक्साइज ड्यूटी राज्य में ही चुकाई गई हो।

अवैध शराब पर नियंत्रण: क्यूआर कोड की अनिवार्यता

नकली शराब के कारोबार को समाप्त करने के लिए, सुक्खू सरकार ने तकनीकी उपायों का सहारा लिया है। अब हर शराब की बोतल पर क्यूआर कोड अंकित होगा, जिससे न केवल शराब की ट्रैकिंग आसान होगी, बल्कि ग्राहक इसकी प्रामाणिकता की भी जांच कर सकेंगे। सरकार का मानना है कि इस पारदर्शी व्यवस्था से अवैध बिक्री पर रोक लगेगी और राजस्व में वृद्धि होगी।

देसी शराब की गुणवत्ता पर सख्ती : /सरकार ने देसी शराब की गुणवत्ता और पैकेजिंग को लेकर भी सख्त नियम बनाए हैं। अब देसी शराब केवल उन्हीं बोतलों में भरी जाएगी जिन्हें आबकारी आयुक्त द्वारा मंजूरी दी गई होगी। हर बोतल पर होलोग्राम जैसे सुरक्षा चिह्न लगाना अनिवार्य होगा। सबसे महत्वपूर्ण बदलाव यह है कि देसी शराब की पाउच में बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। हालांकि, पड़ोसी राज्यों की विशेष परिस्थितियों को देखते हुए आयुक्त के पास सीमित अधिकार होंगे, लेकिन प्राथमिकता सुरक्षा मानकों को दी जाएगी।

घरेलू समारोहों के लिए नया कोटा  :   पारिवारिक और सामाजिक आयोजनों के लिए भी सरकार ने स्पष्ट सीमाएं तय की हैं। अब विशेष परमिट के तहत शादियों या अन्य घरेलू समारोहों में 72 बोतल शराब और 78 बीयर परोसने की अनुमति होगी। यह कदम उत्सवों के दौरान अव्यवस्था को रोकने और कानूनी दायरे में शराब की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

 

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

181 शिकायतों और मांगों का : विधानसभा अध्यक्ष पठानिया ने किया समाधान : व्यवस्था परिवर्तन से अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों तक योजनाओं का पहुंचाया जा रहा लाभ–कुलदीप सिंह पठानिया

चुराह विधानसभा क्षेत्र के भंजराडू में ‘सरकार गांव के द्वार कार्यक्रम’ का हुआ आयोजन 115 लोगों की स्वास्थ्य जांच तथा,  14 अपंगता प्रमाण पत्र जारी एएम नाथ।  चंबा,(तीसा) 23 जनवरी : विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप...
हिमाचल प्रदेश

कैटरिंग सेवाओं हेतू 22 सितम्बर तक निविदाएं आमंत्रित

ऊना, 16 सितम्बर – जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा संचालित विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए खानपान की सेवाएं उपलब्ध करवाने के लिए इच्छुक फर्मों से 22 सितम्बर तक निविदाएं आमंत्रित हैं। इस संबंध में...
article-image
हिमाचल प्रदेश

ग्रीष्मोत्सव हिमाचल की समृद्ध लोक-परंपरा एवं सांस्कृतिक विरासत का जीवंत पर्व : कुलदीप सिंह पठानिया

एएम नाथ। शिमला : हिमाचल प्रदेश विधानसभा के माननीय अध्यक्ष आदरणीय श्री कुलदीप सिंह पठानिया जी ने “अंतर्राष्ट्रीय ग्रीष्मोत्सव शिमला” की तीसरी सांस्कृतिक में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। श्री कुलदीप सिंह पठानिया जी...
article-image
Uncategorized , हिमाचल प्रदेश

व्यवस्था परिवर्तन के संकल्प से प्रदेश आत्मनिर्भर बनाने की और अग्रसर : उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया

18 माह के कार्यकाल के दौरान 10  गारंटियों में से पांच गारंटियां पूरी कर निभाया वायदा  ,  चंबा ज़िला के सर्वांगीण विकास को लेकर उठाए जा रहे हैं आवश्यक कदम एएम नाथ। चंबा, 13 सितंबर...
Translate »
error: Content is protected !!