कांगड़ा जिला के शाहपुर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित नव-निर्वाचित जनप्रतिनिधि सम्मान समारोह वर्तमान कांग्रेस सरकार और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को घेरा
कहा, विकास कार्यों पर पूरी तरह विराम लगाकर और संस्थानों पर तालाबंदी करके ‘लोकप्रिय’ होने का दावा करने वाली कांग्रेस सरकार अब पूरी तरह लोनप्रिय बनकर रह गई
एएम नाथ। कांगड़ा/शाहपुर : पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शाहपुर में सुक्खू सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए उसे ‘लोनप्रिय’ करार दिया और कहा कि राज्य में विकास कार्य पूरी तरह ठप हैं। मुख्यमंत्री कुर्सी बचाने के लिए दिल्ली दौड़े रहते हैं। कर्ज का बोझ 1 लाख 20 हजार करोड़ तक पहुंच गया है। विकास कार्यों पर पूरी तरह विराम लगाकर और संस्थानों पर तालाबंदी करके ‘लोकप्रिय’ होने का दावा करने वाली ये कांग्रेस सरकार अब पूरी तरह “लोनप्रिय’ बनकर रह गई है, क्योंकि राज्य की वित्तीय स्थिति लगातार बिगड़ रही है और बेहिसाब कर्ज लिया जा रहा है। पिछली छह सरकारों ने मिलकर भी उतना ऋण नहीं लिया था, जितना ‘व्यवस्था परिवर्तन’ का नारा देने वाली सुक्खू सरकार ने इतने बेहद कम समय में ले लिया है। मेरे कार्यकाल के दौरान पांच वर्षों में मात्र 19,600 करोड़ रुपये का ऋण लिया गया जबकि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में यह कर्ज 69600 करोड़ से बढ़कर 1 लाख 20 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच चुका है।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब पूरे हिमाचल प्रदेश में विकास कार्य ठप्प पड़े हैं, तो आखिर यह सारा पैसा कहां जा रहा है। ऐसे में कांगड़ा के ही वरिष्ठ मंत्री के बेटे पूर्व सीपीएस नीरज भारती की कही बात सच साबित हो रही है कि इनका काम अटैची इकठ्ठा करना ही रह गया है जो तीन दिल्ली भेजते हैं और दो अपने पास रख लेते हैं। ये आरोप हमारे नहीं कांग्रेस के ही लोग लगा रहे हैं। भाजपा शुरू से ही कह रही है कि यहां सरकार मंत्री नहीं मित्र चला रहे हैं। इन्हीं मित्रों के घर भरे जा रहे हैं। हर विभाग में जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है। केंद्र से आये बजट को आपदा राहत में खर्च करने के बजाए सरकार बचाने के लिए खर्च किया जा रहा है।
कांगड़ा जिला के शाहपुर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित नव-निर्वाचित जनप्रतिनिधि सम्मान समारोह एवं कार्यकर्ता सम्मेलन में पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश की वर्तमान कांग्रेस सरकार पर जोरदार हमला बोलते हुए नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों को जहां बधाई दी वहीं ग्रामीण विकास व जनसेवा के लिए समर्पित भाव से कार्य करने का आह्वान भी किया। उन्होंने पंचायत चुनावों के दौरान सुक्खू सरकार द्वारा चुनाव रोकने के प्रयासों का जिक्र करते हुए बताया कि कैसे भाजपा ने सुप्रीम कोर्ट तक लड़ाई लड़ी और लोकतंत्र व जनता की ताकत के सामने मुख्यमंत्री की एक नहीं चली, जिससे पंचायत चुनावों के परिणामों में कांग्रेस सरकार के प्रति प्रदेश के लोगों का रुख पूरी तरह साफ हो गया है।
जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि चुनावों के समय कांग्रेस ने झूठी गारंटियां देकर वोट चोरी की और जब पिछली गारंटियां पूरी नहीं हो पाईं, तो अब लोगों को भ्रमित करने के लिए जिलों के नए गठन जैसी नई गारंटियों की बातें की जा रही हैं। उन्होंने सरकार की नीतियों की नीयत पर भी गंभीर सवाल खड़े करते हुए कहा कि हमारे समय में शुरू की गई हिम केयर और सहारा जैसी योजनाओं की लोकप्रियता से सरकार इतना चिढ़ गई है कि इनको बंद करने के लिए बजट तक नहीं दिया।
नेता प्रतिपक्ष ने दिल्ली दौरों पर तंज कसते हुए कहा कि पंचायत चुनाव हारने के बाद मुख्यमंत्री और उनके साथी लगातार दिल्ली तलब हो रहे हैं, और सरकार की कार्यप्रणाली ऐसी हो गई है कि पोस्टरों और विज्ञापनों में जगह न मिलने से सरकार के अपने ही सहयोगी और वरिष्ठ नेता असहज महसूस कर रहे हैं। स्थिति यह है कि बड़े-बड़े कद्दावर नेताओं और मंत्रियों का नाम तक विज्ञापनों और पोस्टरों से नदारद है। मुख्यमंत्री भाजपा में गुट गिनते रहते हैं जबकि उनके रोहड़ू-रामपुर दौरे के बाद कितने गुट कांग्रेस में खड़े हुए हैं वो उन्हें दिखाई नहीं देते।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व भाजपा सरकार ने जनता की मांग पर जो जनहितकारी संस्थान खोले थे, सुक्खू सरकार ने आते ही उन्हें रातों-रात बंद कर दिया और पहली ही कैबिनेट में विकास की गति को पूरी तरह रोक दिया, जबकि उनकी सरकार बनते ही पहली कैबिनेट में बुजुर्गों के लिए पेंशन की व्यवस्था की गई थी। सरकार काम करने के लिए चुनी जाती है न कि तालाबंदी करने के लिए। ऐसे में इस सरकार को “लॉकप्रिय” के बाद “लोनप्रिय” का भी खिताब दिया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि 2014 से पहले दस वर्षों तक अर्थशास्त्री प्रधानमंत्री होने के बावजूद भारत विश्व अर्थव्यवस्था में 11वें स्थान से आगे नहीं बढ़ सका था, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मजबूत नेतृत्व में भारत ने मात्र 10 वर्षों में ही छलांग लगाकर विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने का गौरव हासिल किया है। कश्मीर का जिक्र करते हुए कहा कि एक समय था जब वहां तिरंगा फहराने पर पाबंदी थी और आतंकियों के जनाजों में भीड़ उमड़ती थी, लेकिन आज मोदी सरकार के मजबूत रुख के कारण कश्मीर में शांति और कानून का राज कायम हुआ है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जनकल्याणकारी नीतियों से प्रभावित होकर भाजपा में शामिल हुए सभी साथियों का स्वागत एवं अभिनंदन किया और उपस्थित कार्यकर्ताओं व जनप्रतिनिधियों को एकजुट होकर काम करने का संदेश देते हुए कहा कि शाहपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा का विधायक होना चाहिए और इसके लिए सभी को कंधे से कंधा मिलाकर काम करना होगा, ताकि जनता की समस्याओं के समाधान के साथ-साथ संगठन और पार्टी के कार्यों को भी पूरी निष्ठा के साथ आगे बढ़ाया जा सके। इस अवसर पर कांगड़ा-चंबा के सांसद डॉ राजीव भारद्वाज, पूर्व मंत्री सरवीन चौधरी, जिलाध्यक्ष सचिन शर्मा, सह प्रभारी संजीव शर्मा, पूर्व विधायक विशाल नैहरिया, जिला परिषद अध्यक्ष सीमा चौधरी, प्रदेश सह मीडिया प्रभारी विश्व चक्षु, मंडलाध्यक्ष रविदत्त और अशोक वशिष्ठ सहित कई वरिष्ठ नेता व भारी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
