विधानसभा में दिया धरना – नौकरियों के नाम पर युवाओं को ठग रही है सरकार, वापस ले गेस्ट टीचर पॉलिसी : जयराम ठाकुर

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स्कूलों को बंद करने के लिए सरकार कर रही है साजिश,  अगर ईडी द्वारा गिरफ्तार खनन व्यवसायी आदमी से संबंध नहीं तो अपनी गाड़ी में क्यों घुमाते हैं सीएम
एएम नाथ। धर्मशाला :
भारतीय जनता पार्टी के विधायक दल ने रोजगार के मुद्दे पर सुक्खू सरकार को खूब घेरा। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा के सभी विधायकों ने विपक्ष के लाउंज से विधान सभा के गेट संख्या एक तक जुलूस निकाला और सरकार के खिलाफ नारे बाजी करते हुए युवाओं को नौकरी देने और गेस्ट टीचर पॉलिसी को वापस लेने की मांग की। जुलूस के बाद विधान सभा के गेट संख्या एक सामने सभी विधायकों ने धरना दिया। नेता प्रतिपक्ष ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि यह सरकार युवा विरोधी सरकार है, युवाओं के साथ खिलवाड़ करने वाली सरकार है। आज प्रदेश के युवा सरकार की नीतियों के खिलाफ सड़कों पर हैं। सरकार द्वारा लाई गई गेस्ट टीचर पॉलिसी दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है। ठूँजा साल वाली पक्की नौकरी की गारंटी देकर सरकार गेस्ट टीचर पॉलिसी लेकर आई  है। जिससे तहत छात्रों को घंटों के हिसाब से पढ़ाने के लिए शिक्षक रखे जाएँगे, ऐसे में छात्रों को पढ़ाने वाले और शिक्षकों के भविष्य के साथ सरकार खिलवाड़ कर रही है। सबसे दुर्भाग्यपूर्ण बात यह है कि सरकार इसे भी मास्टर स्ट्रोक बता रही है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार की इसी नाकामी के चलते सरकारी स्कूलों से अभिभावक किनारा कर रहे हैं और प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बच्चों का एडमिशन 58 फ़ीसदी से गिरकर 32 फ़ीसदी रह गया है। सरकार ने सरकारी स्कूलों में एडमिशन बढ़ाने के लिए कोई प्रयास नहीं किए। जिससे कारण स्कूलों में बच्चों की संख्या गिर रही है और सरकार की स्कूल बंद करने का बहाना मिल गया है। सुक्खू सरकार ने हज़ार से ज़्यादा स्कूल बंद या मर्ज कर दिए हैं। अगर सरकार सरकारी स्कूलों में बच्चों को पढ़ाने के लिए शिक्षक के बजाय गेस्ट टीचर पॉलिसी लाएगी तो अभिभावक कैसे अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में पढ़ने के लिए भेजेंगे।
जयराम ठाकुर ने सरकार से कांग्रेस पार्टी के चुनावी घोषणापत्र को याद करने और उसे लगून करने के किए कहा। हर साल एक लाख लोगों को रोजगार देने के वादे को अमलीजामा पहनाए। इसके साथ ही करुणा मूलक से लेकर अन्य कर्मचारियों केर इशू को हल करे। रुकी हुई भर्तियों के परिणाम निकाले और नई सिरे से भर्तियाँ भी करें। सत्ता में आने के बाद से सरकार द्वारा एक भी भर्ती नहीं निकाली गई है जबकि वादा पहली ही कैबिनेट में एक लाख युवाओं को सरकारी नौकरी देने का हुआ था। सरकार युवाओं के भविष्य के साथ इस तरह से खिलवाड़ नहीं कर सकती है। अगर वादा किया है तो उसे निभाना भी पड़ेगा, अगर गारंटियाँ दी हैं तो उसे पूरी भी करनी पड़ेगी। सदन में और सड़क पर झूठ बोलकर अब सरकार बच नहीं सकती है विपक्ष सरकार को हर जगह बेनक़ाब करती रहेगी।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री यदि कहते हैं कि ईडी द्वारा गिरफ्तार किए गए खनन से जुड़े व्यवसाई  से उनका कोई संबंध नहीं है कोई लेना देना नहीं हैं। इस तरह से झूठ बोलने से काम नहीं चलेगा। मुख्यमंत्री का अगर उनसे कोई लेना-देना नहीं हैं तो वह प्रदेश के लोगों को यह भी बता दें उन्हें अपनी गाड़ी में लेकर क्यों घूमते हैं। अपनी गाड़ी में सचिवालय लेकर क्यों जाते हैं। जो वीडियो पूरे प्रदेश में वायरल है, उससे सरकार ऐसे नहीं मुँह मोड़ सकती है। प्रदेश के लोग सब समझ रहे हैं।
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