बीबीएन, 10 जून (तारा) : भाजपा जिला उपाध्यक्ष गुरमेल चौधरी ने क्षेत्र की जर्जर सड़कों को लेकर प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायक पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि यदि जल्द सड़कों की स्थिति में सुधार नहीं किया गया तो भाजपा जनता के साथ मिलकर बड़ा जन आंदोलन छेड़ने को मजबूर होगी।
जारी बयान में गुरमेल चौधरी ने कहा कि भाजपा लंबे समय से क्षेत्र की सड़कों की बदहाली का मुद्दा उठाती रही है, लेकिन कांग्रेस सरकार और स्थानीय प्रशासन इस ओर कोई गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नई सड़कें बनाना तो दूर, पहले से बनी सड़कों पर आवश्यक पैचवर्क तक नहीं किया जा रहा है, जिससे आम जनता को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्धमान चौक से थाना, ढेला और लोदी माजरा तक, कोटला से हरिपुर व पट्टा मेहलोग तक तथा बरोटीवाला से मंधाला और कालूझंडा तक सड़कें खस्ताहाल बनी हुई हैं। इसके अलावा बद्दी शहर की मुख्य साईं रोड पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे दुर्घटनाओं को न्योता दे रहे हैं। खराब सड़कों के कारण लोगों के वाहन क्षतिग्रस्त हो रहे हैं तथा आवागमन प्रभावित हो रहा है।
गुरमेल चौधरी ने कहा कि नगर निगम और प्रदेश सरकार के पास संसाधनों की कोई कमी नहीं है, लेकिन जनहित के कार्यों को लेकर इच्छाशक्ति का अभाव साफ दिखाई देता है। उन्होंने स्थानीय विधायक पर निशाना साधते हुए कहा कि वे केवल बयानबाजी और श्रेय लेने की राजनीति में व्यस्त हैं, जबकि जनता मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रही है।
भाजपा नेता ने कहा कि हाल ही में हुए पंचायती राज चुनावों में जनता ने कांग्रेस सरकार को स्पष्ट संदेश दे दिया है कि केवल दावे और घोषणाएं पर्याप्त नहीं हैं। सड़क, पानी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं पर सरकार का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है।
उन्होंने कहा कि साईं से रामशहर, रामशहर से थाना धर्मपुर तथा धर्मपुर से बरोटीवाला तक बनने वाली सड़क विश्व बैंक परियोजना के तहत भाजपा सरकार के कार्यकाल में स्वीकृत हुई थी। कांग्रेस सरकार आज उन्हीं परियोजनाओं का श्रेय लेने का प्रयास कर रही है, जबकि धरातल पर विकास कार्य ठप पड़े हैं।
गुरमेल चौधरी ने मांग की कि क्षेत्र की खराब सड़कों पर तत्काल पैचवर्क और मरम्मत कार्य शुरू किया जाए ताकि लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने शीघ्र प्रभावी कदम नहीं उठाए तो भाजपा जनता के साथ मिलकर व्यापक जन आंदोलन शुरू करेगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायक की होगी।
