हाईकोर्ट के आदेशानुसार -60 वर्षों पुराने शिव मंदिर को शुक्रवार के गिरा दिया – मंदिर गिरने की विरोध में सड़क मार्ग पर उतरे ग्रामीण :

by

हमीरपुर :   सुजानपुर से थुरल हाईवे पर कुठेड़ा क्षेत्र में हाईकोर्ट के आदेशानुसार अतिक्रमण की जद में आए वर्षों पुराने शिव मंदिर को शुक्रवार के गिरा दिया गया। एक व्यक्ति की शिकायत के बाद प्रशासन और पुलिस की मौजूदगी में लोक निर्माण विभाग की और से यह कार्रवाई की गई।  मंदिर के साथ ही एक व्यक्ति के मकान के छज्जे को भी तोड़ा गया है। मकान का यह छज्जा भी अतिक्रमण के दायरे में आ रहा था। मंदिर को गिराने के लिए जैसे ही लोक निर्माण विभाग प्रशासन और पुलिस के साथ पहुंचा वैसे ही ग्रामीणों का विरोध शुरू हो गया।

हाईकोर्ट के आदेश पर कार्रवाई :  लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता अभिषेक शर्मा का कहना है कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेश अनुसार अतिक्रमण हटाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति ने शिकायत की थी जिसके आधार पर यह कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि कहीं अन्य जगहों पर भी अतिक्रमण किया गया है तो शिकायत के आधार पर वहां भी कार्रवाई की जाएगी।

मंदिर गिरने की विरोध में सड़क मार्ग पर उतरे ग्रामीण :  मंदिर गिरने की विरोध में ग्रामीण सड़क मार्ग पर उतर आए। इनका कहना था कि यह मंदिर लगभग 60 साल पुराना है और क्षेत्र के लोगों की आस्था का प्रतीक है। पहले यहां पर सिर्फ मूर्तियां ही होती थी, लेकिन लोगों ने आपसी सहयोग से इस मंदिर का निर्माण करवाया था। ग्रामीणों ने यहां तक कहा कि यदि मंदिर को गिराया गया है तो फिर इलाके की पूरी जांच की जाएगी और जिन लोगों ने सरकारी भूमि पर कोई निर्माण किया है उसे भी हटाया जाए। ग्रामीणों का कहना था कि मंदिर को इस तरह से नहीं हटाया जाना चाहिए। आस्था से जुड़े मंदिर को हटाने से पूर्व परिस्थितियों को भागते हुए लोक निर्माण विभाग ने पुलिस विभाग की मदद ली थी।

            ग्रामीणों के आक्रोश को शांत करने के लिए तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे। लोगों के विरोध के बीच अतिक्रमण के दायरे में आए मंदिर को गिरा दिया गया। मिली जानकारी के अनुसार किसी एक व्यक्ति ने सुजानपुर से थुरल हाईवे पर अतिक्रमण के संदर्भ में शिकायत की थी। इसके बाद पाया गया कि कुठेड़ा के पास मंदिर और एक मकान का छज्जा अतिक्रमण के दायरे में आ रहा है। मामले की पूरी जांच करने के बाद शुक्रवार के दिन लोक निर्माण विभाग के अधिकारी तथा कर्मचारी अतिक्रमण को हटाने के लिए पहुंचे। यहां पर प्रशासनिक अधिकारियों को देखकर ग्रामीण भड़क गए और मंदिर को ना गिरने की बात कहने लगे।  ग्रामीणों का यह भी कहना था कि अतिक्रमण कई जगहों पर हुआ है वहां पर तो ऐसी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। क्षेत्र के लोगों के आस्था के प्रतीक इस मंदिर को क्यों गिराया जा रहा है। ग्रामीण लोगों का कहना है कि लगभग 60 साल पुराना यह मंदिर है। उन्होंने कहा कि पहले यहां पर सिर्फ मूर्तियां होती थी, लेकिन लोगों ने मिलकर यहां पर मंदिर का निर्माण किया। उनका कहना था कि मंदिर को नहीं गिरना चाहिए था। महिला दिन जब आरोप लगाया कि क्षेत्र में कई लोगों ने इस तरह के अतिक्रमण कर रखे हैं उनके ऊपर भी कार्रवाई होनी चाहिए।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

स्थानीय संस्कृति को दर्शाती शोभा यात्रा से हुई कांगड़ा वैली कार्निवल की शुरूआत : कृषि मंत्री ने किया न्यूट्री-सीरियल फूड फेस्टिवल का शुभारंभ

एएम नाथ।  धर्मशाला, 28 सितम्बर। उपायुक्त कार्यालय परिसर से पुलिस मैदान धर्मशाला तक शोभा यात्रा के साथ आज कांगड़ा वैली कार्निवल का शुभारंभ हुआ। शोभा यात्रा की अगुआई करते हुए कृषि मंत्री प्रो. चन्द्र...
article-image
हिमाचल प्रदेश

अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव के भव्य आयोजन को कवायद तेज : एडीसी ने लीं सांस्कृतिक कार्यक्रम और वित्तीय संसाधन प्रबंधन के लिए गठित उप समितियों की बैठकें

मंडी, 13 फरवरी। मंडी अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव 2024 के भव्य आयोजन को लेकर जिला प्रशासन ने कवायद तेज कर दी है। महोत्सव की तैयारियों को लेकर गठित उप समितियों की बैठकों का दौर लगातार...
हिमाचल प्रदेश

मैड़ी मेला को लेकर जिला प्रशासन ने जारी की कोविड-19 संबंधित एसओपी

ऊना, 26 फरवरी: डेरा बाबा बड़भाग सिंह में 21 मार्च से 31 मार्च तक आयोजित होने वाले मेला के दौरान मेला क्षेत्र में एक दिन से अधिक दिनांे तक ठहरने वाले यात्रियों की स्वास्थ्य...
article-image
हिमाचल प्रदेश

जिला कल्याण विभाग की ओर से नशा निवारण पर जैम सेशन का आयोजन

एएम नाथ। चम्बा (तीसा) :  जिला कल्याण अधिकारी चमन लाल शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के सौजन्य से जिला कल्याण विभाग चम्बा के द्वारा आज राजकीय महाविद्यालय...
Translate »
error: Content is protected !!