हमीरपुर : उत्तर प्रदेश के मथुरा के बाद हमीरपुर जिले में यमुना नदी में नाव पलटने से 5 लोगों की मौत से पूरे क्षेत्र में मातम छाया हुआ है। पिछले 16 घंटे से एसडीआरएफ के चलाए जा रहे रेस्क्यू आपरेशन में शव मिलने से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। हादसे की सूचना पर प्रशासन के आला अफसर मौके पर डेरा डाले हुए हैं। वहीं, हमीरपुर नाव हादसे का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
भौली गांव के कुतुबपुर डेरा में राजू निषाद की बेटी की शादी मंगलवार को हुई थी। शादी समारोह में कई गांवों से रिश्तेदार परिवार समेत शामिल होने आए थे। बुधवार को दुल्हन की विदाई की रस्में संपन्न कराने के बाद राजू के रिश्तेदारी में आए नौ लोगों ने खरबूजा खाने की जिद की। बताते हैं कि निषाद बिरादरी के लोगों ने गर्मी के सीजन में यमुना नदी की रेत पर खरबूजा और तरबूज की खेती तैयार की थी। शाम गांव का विष्णु निषाद नाव से सभी लोगों को खरबूजा खिलाने ले गया। नाव में बृजरानी (35) पत्नी पप्पू निषाद, घाटमपुर निवासी अर्चना (14) पुत्री सर्वेश, रानी (9) पुत्री हरचरन, आकांक्षा (9) पुत्री रामहित, लव्यांश (5) पुत्र विष्णु, गोरेलाल (6) पुत्र महेश और आदित्य (11) पुत्र महेश समेत नौ लोग सवार थे।
खरबूजा खाने नदी पार गए थे लोग
खराब मौसम के बावजूद नाव यमुना नदी पार पहुंची। जहां रेत में खरबूजे तोड़ने के बाद सभी लोग नाव में बैठकर वापस लौटने लगे, तभी बीच धारा में नाविक की बड़ी लापरवाही से नाव पलट गई। हादसे में वहां चीख पुकार मच गई। विष्णु किसी तरह तैरकर बाहर आ गया। वहीं, मौके पर पहुंचे स्थानीय गोताखोरों ने रिंकू और पारुल को नदी से बाहर निकाल कर अस्पताल पहुंचाया। हादसे की सूचना पाते ही डीएम अभिषेक गोयल, एसपी मृगांक शेखर पाठक, एडीएम फाइनेंस राकेश कुमार, सीओ सदर राजेश कमल, एसडीएम सदर भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
देर रात डीआईजी बांदा राजेश एस, सदर विधायक मनोज प्रजापति, नगर पालिका अथ्यक्ष कुलदीप निषाद भी मौके पर पहुंचे। नदी में गहरे पानी में समाए छह लोगों की तलाश के लिए डीएम के निर्देश पर एसडीआरएफ और फ्लड पीएसी लगाई गई। पूरी रात रेस्क्यू आपरेशन में नदी के 10 किमी के दायरे में एसडीएफ की टीम लगी रही।
सुबह इनके मिले शव : गुरुवार को मनकीकला गांव निवासी बृजरानी (35) पत्नी पप्पू निषाद, घाटमपुर निवासी अर्चना (14) पुत्री सर्वेश, कौतूपुर गांव निवासी रानी (9) पुत्री बच्चन, मनकी गांव निवासी लव्यांश (5) पुत्र पप्पू, आकांक्षा (9) पुत्री रामहेत के शव मिल गए हैं। घाटमपुर कानपुर नगर निवासी गौरे उर्फ आदित्य (12) पुत्र महेश अभी भी लापता है। डीएम ने बताया कि मृतकों के परिजनों को दैवीय आपदा से चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता मुहैया कराई जाएगी।
