आयुष मेला में 110 रोगियों की हुई जांच, योग, प्राणायाम एवं ध्यान का भी करवाया अभ्यास
घुमारवीं, 28 मार्च: राष्ट्रीय आयुष मिशन, भारत सरकार एवं आयुष विभाग हिमाचल प्रदेश के तत्वावधान में जिला आयुष विभाग बिलासपुर द्वारा आयुष ग्राम कार्यक्रम के अंतर्गत आज आयुष्मान आरोग्य मंदिर (आयुष), भगेड़ में एक दिवसीय आयुष मेले का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आयुर्वेद, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा से संबंधित विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा 110 रोगियों की जांच, परामर्श तथा निःशुल्क औषधि वितरण किया गया। इस आयुष मेले का शुभारंभ एसडीएम घुमारवीं गौरव चौधरी ने किया जबकि जिला आयुष अधिकारी बिलासपुर डॉ. सुखविंदर कौर तथा उपमंडलीय चिकित्सा अधिकारी आयुष डॉ. मनीषा रानी गुप्ता विशेषतौर पर मौजूद रहीं।
इस अवसर पर बोलते हुए एसडीएम घुमारवीं गौरव चैधरी ने इस प्रकार के आयोजनों की सराहना करते हुए कहा कि आयुष मेला लोगों को प्राकृतिक एवं पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों से जोड़ने का एक प्रभावी माध्यम है। उन्होंने लोगों से ऐसे आयोजनों का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने का आह्वान किया।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. सुखविंदर कौर ने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन को पारंपरिक जीवनशैली, दिनचर्या, ऋतुचर्या, योग एवं प्राणायाम के प्रति जागरूक करना तथा आयुष चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि आयुष प्रणाली न केवल रोगों के उपचार में सहायक है, बल्कि यह स्वस्थ जीवन जीने की दिशा भी प्रदान करती है।
आयुष मेले में बड़ी संख्या में लोगों ने विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं के लिए विशेषज्ञों से सलाह ली और पारंपरिक उपचार पद्धतियों के प्रति जागरूकता दिखाई।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को योग, प्राणायाम एवं ध्यान का अभ्यास भी करवाया गया तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के महत्व को समझा। चिकित्सा विशेषज्ञों ने बताया कि नियमित योग एवं प्राणायाम से न केवल शारीरिक बल्कि मानसिक स्वास्थ्य भी बेहतर होता है।
इसके अतिरिक्त मेले में औषधीय पौधों की प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसमें विभिन्न जड़ी-बूटियों एवं उनके उपयोगों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को औषधीय पौधों का वितरण भी किया गया ताकि अपने घरों में इनका उपयोग कर स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकें।
